जिंदा जलाकर मारा गया था खनन माफिया का विरोध करने वाला पत्रकार
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अवैध खनन के खिलाफ आवाज मुखर करने वाले पत्रकार संदीप कोठारी को जिंदा जलाकर मारा गया था। यह खुलासा पोस्टमार्टम की रिपोर्ट से हुआ है। पहले माना जा रहा था कि संदीप को हत्या किए जाने के बाद जलाया गया।
संदीप को 19 जून को मध्यप्रदेश के बालाघाट जिला मुख्यालय से 40 किलोमीटर दूर कटंगी क्षेत्र से अगवा किया गया था और बाद में उसका जला हुआ शव महाराष्ट्र के वर्धा जिले में रेलवे लाइन के पास से मिला था।
संदीप का शव मिलने के बाद से उसकी हत्या को लेकर कई सवाल उठ रहे थे लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलासा हुआ कि उसे जिंदा जलाया गया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट वर्धा सेंट्रल अस्पताल ने तैयार की है। संदीप का पोस्टमार्टम भी यहीं पर हुआ था।
फेफड़ों में मिले कार्बन के कण
रिपोर्ट के मुताबिक, संदीप को जिंदा जलाया गया क्योंकि पोस्टमार्टम के दौरान उसके फेफड़ों से कार्बन के कण मिले। फेफड़ों में कार्बन के कण मिलने का मतलब होता है कि जलाए जाने से पहले व्यक्ति जिंदा था।
बालाघाट के पुलिस अधीक्षक गौरव तिवारी ने शनिवार को बताया कि यह सही है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से कुछ नए तथ्य सामने आए हैं। वर्धा अस्पताल से पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने में देरी है।
नए तथ्यों के आधार पर मामले की जांच की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 40 वर्षीय पत्रकार की मौत की दो वजहों का जिक्र किया है, जिसमें आंशिक रूप से दम घुटना एवं दूसरा 92 फीसदी जल जाना है।
