MP Election: प्रियंका के रोड शो से कांग्रेसी नेता क्यों हैं नाखुश, विजयवर्गीय बोले- मुझे भी है इस बात पर हैरत
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विस्तार
कांग्रेस पार्टी की स्टार प्रचारक और पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी बुधवार को इंदौर में थीं। प्रियंका ने शहर की सबसे हॉट सीट क्षेत्र क्रमांक एक में रोड शो किया। कांग्रेस प्रत्याशी संजय शुक्ला के समर्थन में हुआ ये रोड शो बहुत जल्दी ख़त्म हो गया। महज 45 मिनट चले इस रोड शो को लेकर स्थानीय कांग्रेसी कार्यकर्ता नाखुश नजर आ रहे हैं। उनका कहना है कि इस सीट से कांग्रेस के संजय शुक्ला विधायक हैं, उन्होंने क्षेत्र में अच्छा काम किया है। गिनाते-गिनाते रात कम पड़ जाए। अगर कार्यकर्ताओं के साथ बड़े नेता भी क्षेत्र में ज्यादा नजर आएंगे, तो जीत में आसानी होगी। स्टार प्रचारकों से हमारी मांग है कि रोड शो में ज्यादा समय दें ताकि क्षेत्र में माहौल बन सके और कांग्रेस पार्टी को चुनाव में ज्यादा फायदा मिल सके।
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने बुधवार शाम 5.30 बजे विधानसभा क्षेत्र क्रंमांक एक स्थित टिगरिया रोड स्थित गणेश तिराहा से रोड शो शुरू किया। 3.50 किमी के हिस्से में हुए रोड शो में करीब 120 मंचों से प्रियंका का स्वागत हुआ। जिस वाहन में प्रियंका सवार थीं उसमें कांग्रेस प्रत्याशी संजय शुक्ला के साथ उनकी पत्नी अंजली शुक्ला भी साथ थीं। जिस वाहन पर प्रियंका सवार थीं उसी वाहन से उन्होंने नुक्कड़ सभा को संबोधित किया। प्रियंका ने कहा कि आप लोगों ने इतना प्यार दिया उसके लिए बहुत धन्यवाद। साथ ही सभी लोगों को दीपावली की शुभकामनाए दीं। प्रियंका ने कहा कि विधानसभा क्षेत्र क्रमांक एक के कांग्रेस प्रत्याशी संजय शुक्ला गुंडागर्दी के खिलाफ लड़ रहे हैं। आप गुडागर्दी से मुक्ति चाहते हैं, तो कांग्रेस प्रत्याशी को विजय बनाएं।
कैलाश विजयवर्गीय ने बताया प्लॉप शो
भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने प्रियंका गांधी के रोड शो पर निशाना साधते हुए कहा कि मैं उनके बारे में कोई कमेंट नहीं करूंगा, पर एकदम फ्लॉप शो था। जितनी जनता नहीं थी उसमें, उससे ज्यादा पुलिस थी। और उनके व्यवहार के बारे में कोई टिप्पणी नहीं करूंगा। लोग उन्हें देखने आते हैं, लेकिन यहां एक नंबर की जनता उन्हें देखने भी नहीं आई, इसका मुझे आश्चर्य हुआ। विजयवर्गीय ने कहा कि उन्होंने हनुमान जी को कभी माना नहीं, राम चरित्र मानस को कभी माना नहीं, अब उनको चुनाव जीतने के लिए हनुमानजी याद आ रहे हैं। हनुमानजी अच्छी तरीके से जानते हैं कि असली कौन है, और नकली कौन है, ये चुनावी हिंदू हैं।
इसलिए चर्चित है इंदौर एक विधानसभा सीट
इंदौर की क्षेत्र क्रमांक एक विधानसभा क्षेत्र शहर की सबसे चर्चित सीटों में से है। भाजपा ने यहां से शहर के कद्दावर नेता और पार्टी महासचिव कैलाश विजयवर्गीय को मैदान में उतारा है। जबकि कांग्रेस ने वर्तमान विधायक संजय शुक्ला पर फिर विश्वास जताया है। कैलाश विजयवर्गीय के चुनावी मैदान में उतरने के बाद से ही इस सीट पर मुकाबला रोचक हो गया है। विजवर्गीय खुद क्षेत्र में नुक्कड़ सभा से लेकर घर-घर प्रचार करते हुए नजर आ रहे हैं। जबकि शुक्ला भी मैदान में डटे हुए हैं। उनके समर्थन में कई स्टार प्रचारक क्षेत्र में छोटी सभाएं और रोड़ शो कर रहे हैं।
भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय के लिए विधानसभा क्षेत्र नंबर-1 जीतना इतना आसान नहीं है। पिछले 10 सालों से प्रदेश की राजनीति से कैलाश विजयवर्गीय दूर हैं। दूसरी तरफ, वर्तमान में कांग्रेस विधायक संजय शुक्ला विधायक हैं। वे ब्राह्मण समाज से आते हैं। ब्राह्मण वोट की विधानसभा क्षेत्र नंबर-1 में बड़ी भूमिका है। माना जा रहा है कि जातीय समीकरण साधना भी विजयवर्गीय के लिए एक बड़ी चुनौती साबित होगी। हालांकि, जैसे ही विजयवर्गीय की उम्मीदवारी घोषित हुए वैसे ही वे विधानसभा एक में सक्रिय हो गए।
विजयवर्गीय कह चुके हैं कि यह चुनाव मैं नहीं यहां के कार्यकर्ता लड़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह एक लाख वोट से मुझे जिताएंगे। उन्हें पार्टी ने कई जिम्मेदारियां दे रखी हैं। उन्हें मध्यप्रदेश की करीब 90 सीटों पर दौरा करना है। हाल ही में कैलाश ने कार्यकर्ताओं से कहा था कि मेरी भूमिका पिछले 10 साल से केंद्र में है। मैं चुनाव लड़ाने के काम करता हूं, चुनाव लड़ने का नहीं लेकिन पार्टी ने जिम्मेदारी दी है। पार्टी का सिपाही हूं तो पार्टी के आदेश का पालन करूंगा। लेकिन, अब गली-मोहल्ले में वोट मांगने की आदत नहीं है। अब तो हम बड़े नेता हो गए हैं।
कैलाश विजयवर्गीय के इस बयान पर कांग्रेस प्रत्याशी संजय शुक्ला ने भी प्रतिक्रिया दी थी। शुक्ला ने कहा था कि कैलाश जी मुझे हलुआ नेता समझते हैं। इसलिए मेरे सामने चुनाव लड़ने आए हैं। वे हेलीकॉप्टर नेता हैं। जनता हेलीकॉप्टर की तरह ही उड़ा देगी। मैं इस देश के नंबर वन नेता कैलाश को एक लाख वोट से चुनाव हराऊंगा।
दिग्गज नेताओं को प्रियंका के पास नहीं मिली जगह
रोड शो में प्रियंका गांधी के साथ जीप में कांग्रेस प्रत्याशी संजय शुक्ला, पार्षद विनितिका यादव और शिवम यादव सवार थे। इनके अलावा जीप पर चढ़ने का प्रयास शहर अध्यक्ष सुरीजत सिंह चड्ढा, कार्यवाहक अध्यक्ष गोलू अग्निहोत्री, वरिष्ठ नेता शोभा ओझा आदि बड़े नेताओं ने किया। लेकिन सुरक्षाकर्मियों ने इन नेताओं को जीप पर नहीं चढ़ने नही दिया। इस पर यह नेता पैदल-पैदल चलने लगे।
शुरुआती दौर में पांच नंबर से कांग्रेस प्रत्याशी सत्यनारायण पटेल जीप पर सवार हुए, लेकिन थोड़ी दूर चलने पर प्रियंका गांधी ने उन्हें गाड़ी से नीचे उतारकर काफिले को जल्दी आगे बढ़ाने का कहा, क्योंकि उन्हें देरी हो रही थी। राऊ से प्रत्याशी जीतू पटवारी रोड शो शुरू होने के बाद पहुंचे और आधे रास्ते से गाड़ी पर सवार होने के साथ आखिरी तक मौजूद रहे। इधर, प्रत्याशी शुक्ला की पत्नी अंजली शुक्ला महिलाओं के घेरे में पैदल-पैदल रोड शो के आधे मार्ग तक चलीं, लेकिन बाद में वे भी गाड़ी पर सवार हो गईं। मालूम हो कि प्रियंका गांधी का एक नंबर में रोड शो और सभा के लिए समय एक घंटे से ज्यादा का समय तय किया गया था, लेकिन उन्हें पहुंचने में देरी हो गई। इसलिए वे रोड शो के समापन पर ज्यादा नहीं बोलीं और दो मिनट में अपनी बात रखकर रवाना हो गईं।
