मप्र से विदा ले रहे राज्यपाल के काफिले के सामने आग लगाकर कूदा युवक
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मध्यप्रदेश के व्यापमं घोटाले में कार्रवाई की मांग को लेकर एनसीपी के एक कार्यकर्ता ने बुधवार को राजभवन के सामने खुद को आग लगाने के बाद निवर्तमान राज्यपाल रामनरेश यादव की कार के सामने कूदने की कोशिश की।
यह सनसनीखेज घटना बुधवार शाम उस वक्त हुई, जब यादव लखनऊ रवाना होने के लिए अपने काफिले के साथ मुख्य द्वार से बाहर निकल रहे थे। सुरक्षाकर्मियों ने आग लगाने वाले एनसीपी कार्यकर्ता को गिरफ्तार कर लिया है।
गौरतलब है कि राज्यपाल रामनरेश यादव पिछले कुछ दिनों से बीमार थे और एक निजी अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती थे। आज उनके कार्यकाल का अंतिम दिन था और उन्हें विदाई देने के लिए राजभवन में गार्ड ऑफ ऑनर देने का पूरा इंतजाम था।
निवर्तमान राज्यपाल को दिया जा रहा था गार्ड ऑफ ऑनर तभी हुआ वाकया
वह शाम को साढ़े चार बजे के करीब एम्बुलेंस से राजभवन पहुंचे और गार्ड ऑफ ऑनर के बाद अपने काफिले के साथ हवाई अड्डे के लिए रवाना होने लगे। तभी एनसीपी के कार्यकर्ता मनोज त्रिपाठी ने खुद को आग लगा ली।
यह देखकर राजभवन पर तैनात सुरक्षाकर्मियों के हाथ पांव फूल गए। जैसे तैसे कपड़े फाड़कर आग पर काबू किया गया और त्रिपाठी को गिरफ्तार कर लिया गया। इस मौके पर जय लोक पार्टी के कुछ कार्यकर्ता भी मौजूद थे। ये सभी व्यापमं मामले में यादव के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे।
हंगामे के बीच ही रामनरेश यादव ने ली विदाई
बता दें कि वन रक्षक भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी के आरोप में यादव के खिलाफ एसटीएफ ने एफआईआर की थी। उन पर आजमगढ़ के दो लोगों की सिफारिश करने का आरोप था। लेकिन संवैधानिक पद पर होने के कारण उन्हें हाईकोर्ट से राहत मिल गई थी और एफआईआर से उनका नाम हटा दिया गया था।
लेकिन विवादों में घिरने के बावजूद राज्यपाल पद पर यादव ने अपना कार्यकाल पूरा किया। हालांकि वह यूपीए सरकार द्वारा नियुक्त किए गए थे। उनकी जगह पर गुजरात के राज्यपाल ओपी कोहली को मध्यप्रदेश का चार्ज सौंपा गया है। कोहली बृहस्पतिवार को गवर्नर पद की शपथ लेंगे।
