फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Madhya Pradesh High Court order: Only 14 percent OBC reservation should be given in MPPSC-2020, next hearing on June 22

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट का आदेश: MPPSC-2020 में सिर्फ 14 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण दिया जाए, अगली सुनवाई 22 जून को

Mon, 02 May 2022 06:58 PM IST
दिनेश शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर Published by: दिनेश शर्मा Updated Mon, 02 May 2022 06:58 PM IST
सार

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने साफ किया है कि MPPSC-2020 में सिर्फ 14 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण दिया जाए। प्रदेश सरकार द्वारा 27 प्रतिशत आरक्षण को लेकर दायर याचिका पर ये आदेश दिया है। 

विज्ञापन
Madhya Pradesh High Court order: Only 14 percent OBC reservation should be given in MPPSC-2020, next hearing on June 22
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग-2020 में ओबीसी वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण दिए जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी। हाईकोर्ट जस्टिस शील नागू व जस्टिस एम एस भट्टी की युगलपीठ ने सोमवार को पारित आदेश में कहा है कि एमपीपीएससी 2020 की प्रारंभिक व मुख्य परीक्षा में ओबीसी वर्ग को सिर्फ 14 प्रतिशत आरक्षण दिया जाए।
विज्ञापन


बता दें कि ग्वालियर निवासी सत्येन्द्र सिंह भदौरिया की तरफ से प्रदेश सरकार द्वारा ओबीसी वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण दिए जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिकाएं दायर की गई थीं। याचिकाओं की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने कई भर्तियों में ओबीसी वर्ग को सिर्फ 14 प्रतिशत आरक्षण देने के अंतरित आदेश पारित किए हैं। हाईकोर्ट द्वारा पारित आदेश को वापस लेने के लिए सरकार द्वारा आवेदन भी प्रस्तुत किया गया था, जिसे हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया था। याचिका में कहा गया था कि एमपीपीएससी 2020 में ओबीसी वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण दिया जा रहा है। जिसके कारण कुल आरक्षण का प्रतिशत 50 से अधिक हो जाएगा, जो सर्वोच्च न्यायालय द्वारा इंद्रा साहनी तथा मराठा आरक्षण के संबंध में पारित आदेश के खिलाफ है।
विज्ञापन


याचिका की सुनवाई 27 अप्रैल को ओबीसी आरक्षण के संबंध में दायर अन्य याचिकाओं के साथ की गई थी। सुनवाई के दौरान सरकार की तरफ से महाधिवक्ता ने याचिका का विरोध करते हुए युगलपीठ को बताया था कि प्रारंभिक परीक्षा हो गई है और मुख्य परीक्षा संचालित हो रही है। ऐसी स्थिति में याचिकाकर्ता किसी प्रकार की राहत को अधिकार नहीं है। याचिकाकर्ता के अधिवक्त आदित्य संघी ने बताया कि युगलपीठ ने याचिका की सुनवाई के बाद फैसला सुरक्षित रखने के निर्देश जारी किए थे। युगलपीठ ने सोमवार को पारित आदेश में एमपीपीएससी 2020 की प्रारंभिक व मुख्य परीक्षा में ओबीसी वर्ग को सिर्फ 14 प्रतिशत आरक्षण देने के आदेश पारित किए हैं। अब एमपीपीएससी को प्रारंभिक व मुख्य परीक्षा की चयन सूची पुनः जारी करनी होगी, जिसका लाभ प्रदेश के सैकड़ों सामान्य वर्ग के छात्रों को मिलेगा। याचिका पर अगली सुनवाई ओबीसी आरक्षण से संबंधित सभी याचिकाओं के साथ 22 जून को निर्धारित की गई है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed