{"_id":"5ccd19aabdec22070970eafe","slug":"lokayukta-raid-on-indore-development-authority-sub-engineer-gajanan-patidar-in-madhya-pradesh","type":"story","status":"publish","title_hn":"इंदौर विकास प्राधिकरण के सब इंजीनियर के नौ ठिकानों पर छापा, 25 लाख नकदी और दो किलो सोना बरामद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इंदौर विकास प्राधिकरण के सब इंजीनियर के नौ ठिकानों पर छापा, 25 लाख नकदी और दो किलो सोना बरामद
Sat, 04 May 2019 03:12 PM IST
Priyesh Mishra
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: Priyesh Mishra
Updated Sat, 04 May 2019 03:12 PM IST
विज्ञापन
लोकायुक्त पुलिस
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंदौर विकास प्राधिकरण के सब इंजीनियर गजानन पाटीदार के घर सहित नौ स्थानों पर शनिवार सुबह लोकायुक्त की टीम ने छापा मारा। इस दौरान पाटीदार के घर से बड़ी मात्रा में नकदी, सोना, चांदी, कार और संपत्ति के दस्तावेज बरामद किए गए हैं। छापे में मिले नकदी, गहनों और दस्तावेजों को सीज कर दिया गया है। छापेमारी अब भी जारी है।
लोकायुक्त पुलिस के एक आला अधिकारी ने बताया कि इंदौर विकास प्राधिकरण (आईडीए) के सब इंजीनियर गजानन पाटीदार के खिलाफ शिकायत मिली थी कि उन्होंने भ्रष्ट तरीकों से अकूत संपत्ति अर्जित की है। इस शिकायत पर पाटीदार और उनके नजदीकी रिश्तेदारों के कुल नौ ठिकानों पर छापे मारे गये। इनमें इंदौर के आठ और पड़ोसी खरगोन जिले का एक ठिकाना शामिल है।
उन्होंने बताया कि पाटीदार के इंदौर के स्कीम नम्बर 78 स्थित घर में लगभग 25 लाख रुपये की नकदी, करीब दो किलोग्राम के स्वर्णाभूषण, चांदी के लगभग तीन किलोग्राम वजनी जेवरात और अन्य कीमती सामान मिला है। इसके अलावा, शहर के विजय नगर क्षेत्र और अन्य स्थानों पर उनकी कई अचल संपत्तियों के बारे में सुराग मिले हैं जिनकी तसदीक की जा रही है।
विज्ञापन
अधिकारी ने बताया कि पाटीदार बतौर अनुरेखक (ट्रेसर) आईडीए की सरकारी सेवा में वर्ष 1987 में शामिल हुए थे। वर्ष 1997 में उन्हें सब इंजीनियर के रूप में पदोन्नत कर दिया गया था।
उन्होंने बताया, "पाटीदार का भाई रमेशचंद्र भवन निर्माण ठेकेदार है। हमें संदेह है कि भवन निर्माण के कारोबार में दोनों भाइयों के बीच भागीदारी है और पाटीदार ने सरकारी प्रभाव का दुरुपयोग करते हुए अपने भाई को ठेके दिलाने में मदद की है।" सब इंजीनियर के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। मामले की विस्तृत जांच और सरकारी कारिंदे की बेहिसाब संपत्ति का मूल्यांकन जारी है।
विज्ञापन
लोकायुक्त पुलिस के एक आला अधिकारी ने बताया कि इंदौर विकास प्राधिकरण (आईडीए) के सब इंजीनियर गजानन पाटीदार के खिलाफ शिकायत मिली थी कि उन्होंने भ्रष्ट तरीकों से अकूत संपत्ति अर्जित की है। इस शिकायत पर पाटीदार और उनके नजदीकी रिश्तेदारों के कुल नौ ठिकानों पर छापे मारे गये। इनमें इंदौर के आठ और पड़ोसी खरगोन जिले का एक ठिकाना शामिल है।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि पाटीदार के इंदौर के स्कीम नम्बर 78 स्थित घर में लगभग 25 लाख रुपये की नकदी, करीब दो किलोग्राम के स्वर्णाभूषण, चांदी के लगभग तीन किलोग्राम वजनी जेवरात और अन्य कीमती सामान मिला है। इसके अलावा, शहर के विजय नगर क्षेत्र और अन्य स्थानों पर उनकी कई अचल संपत्तियों के बारे में सुराग मिले हैं जिनकी तसदीक की जा रही है।
विज्ञापन
अधिकारी ने बताया कि पाटीदार बतौर अनुरेखक (ट्रेसर) आईडीए की सरकारी सेवा में वर्ष 1987 में शामिल हुए थे। वर्ष 1997 में उन्हें सब इंजीनियर के रूप में पदोन्नत कर दिया गया था।
उन्होंने बताया, "पाटीदार का भाई रमेशचंद्र भवन निर्माण ठेकेदार है। हमें संदेह है कि भवन निर्माण के कारोबार में दोनों भाइयों के बीच भागीदारी है और पाटीदार ने सरकारी प्रभाव का दुरुपयोग करते हुए अपने भाई को ठेके दिलाने में मदद की है।" सब इंजीनियर के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। मामले की विस्तृत जांच और सरकारी कारिंदे की बेहिसाब संपत्ति का मूल्यांकन जारी है।
Madhya Pradesh: Lokayukta raid on Indore Development Authority Sub Engineer Gajanan Patidar. Huge amount of cash,gold, silver, cars and property documents seized. Raids underway at 9 locations pic.twitter.com/xsVMYHAqGr
— ANI (@ANI) May 4, 2019
