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मध्यप्रदेश: कांग्रेस मंत्री या विधायक को नहीं लड़ाएगी लोकसभा चुनाव 2019
Thu, 17 Jan 2019 11:41 AM IST
अनिल पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: अनिल पांडेय
Updated Thu, 17 Jan 2019 11:41 AM IST
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Congress
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कांग्रेस पार्टी आगामी लोकसभा चुनाव में किसी मंत्री या विधायक को चुनाव नहीं लड़ाएगी। कांग्रेस का शीर्ष नेतृत्व इस बारे में मंथन कर रहा है। मध्यप्रदेश विधानसभा में कांग्रेस के पास पूर्ण बहुमत नहीं है। इस तथ्य को इसका कारण माना जा रहा है।
अगर कांग्रेस पार्टी किसी मंत्री या विधायक को लोकसभा चुनाव में मैदान में उतारती है और वह जीत जाता है तो उस उम्मीदवार को विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा देना पड़ेगा। राजनीतिक हलकों में यह चर्चा है कि ऐसी स्थिति में कांग्रेस को यह आंशका है कि वह उस विधानसभा सीट को दोबारा जीत पाएगी या नहीं।
वर्तमान में विधानसभा में कांग्रेस के 114 विधायक हैं। सरकार के लिए जादुई आंकड़ा 116 सीटें हैं। यानि जादुई आंकड़ें से दो सीट कम कांग्रेस 4 निर्दलीयों, बसपा के 2 विधायकों और सपा के एक विधायक के सहयोग से सरकार बना पाई है। इस परिस्थिति के मद्देनजर पार्टी यह विचार कर रही है कि किसी भी विधायक या मंत्री को चुनाव नहीं लड़ाया जाए, जिससे उसकी दिक्कतें बढ़ें।
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वहीं कांग्रेस पार्टी विधानसभा की तर्ज पर लोकसभा में भी युवाओं और महिलाओं को टिकट देने पर भी विचार कर रही है। विधानसभा चुनाव में पार्टी ने कई सीटों पर नए और युवा चेहरों को मौका दिया था। इनमें से बहुत से उम्मीदवार चुनाव में विजयी रहे। राज्य में चुनाव नतीजों जो विश्लेषण आलाकमान के पास दिल्ली भेजा गया है, उसमें इस बात का जिक्र किया गया है।
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अगर कांग्रेस पार्टी किसी मंत्री या विधायक को लोकसभा चुनाव में मैदान में उतारती है और वह जीत जाता है तो उस उम्मीदवार को विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा देना पड़ेगा। राजनीतिक हलकों में यह चर्चा है कि ऐसी स्थिति में कांग्रेस को यह आंशका है कि वह उस विधानसभा सीट को दोबारा जीत पाएगी या नहीं।
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वर्तमान में विधानसभा में कांग्रेस के 114 विधायक हैं। सरकार के लिए जादुई आंकड़ा 116 सीटें हैं। यानि जादुई आंकड़ें से दो सीट कम कांग्रेस 4 निर्दलीयों, बसपा के 2 विधायकों और सपा के एक विधायक के सहयोग से सरकार बना पाई है। इस परिस्थिति के मद्देनजर पार्टी यह विचार कर रही है कि किसी भी विधायक या मंत्री को चुनाव नहीं लड़ाया जाए, जिससे उसकी दिक्कतें बढ़ें।
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वहीं कांग्रेस पार्टी विधानसभा की तर्ज पर लोकसभा में भी युवाओं और महिलाओं को टिकट देने पर भी विचार कर रही है। विधानसभा चुनाव में पार्टी ने कई सीटों पर नए और युवा चेहरों को मौका दिया था। इनमें से बहुत से उम्मीदवार चुनाव में विजयी रहे। राज्य में चुनाव नतीजों जो विश्लेषण आलाकमान के पास दिल्ली भेजा गया है, उसमें इस बात का जिक्र किया गया है।
