फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Jabalpur News ›   People upset due to closure of approach road Jabalpur High Court Says Report the problem to concerned officer

Jabalpur High Court: एप्रोच मार्ग बंद होने से लोग घरों में कैद, HC ने कहा संबंधित अधिकारी को बताएं परेशानी

Tue, 04 Jul 2023 07:40 PM IST
अरविंद कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर Published by: अरविंद कुमार Updated Tue, 04 Jul 2023 07:40 PM IST
सार

Jabalpur High Court: मध्यप्रदेश के जबलपुर शहर में बन रहे ओवर ब्रिज के निर्माण कार्य के लिए एप्रोच रोड बंद किए जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई थी। याचिका में कहा गया था, एप्रोच रोड बंद होने के कारण लोग घर में कैद रहने को मजबूर हैं।

विज्ञापन
People upset due to closure of approach road Jabalpur High Court Says Report the problem to concerned officer
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट, जबलपुर - फोटो : Social Media

विस्तार

जबलपुर में ओवर ब्रिज निर्माण कार्य के लिए एप्रोच रोड बंद किए जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई थी। मामले में हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रवि विजय कुमार मलिमठ तथा जस्टिस विशाल मिश्रा की युगलपीठ ने संबंधित सभी विभाग के अधिकारियों को परेशानी के संबंध में अभ्यावेदन पेश करने के निर्देश दिए हैं। युगलपीठ ने अभ्यावेदन पर कार्रवाई नहीं होने पर दोबारा याचिका दायर करने की स्वतंत्रता प्रदान की है।

विज्ञापन


याचिकाकर्ता अधिवक्ता धीरज सिंह ठाकुर की तरफ से दायर की गई याचिका में कहा गया था कि एनसीसी कंपनी द्वारा शहर में ओवर ब्रिज का निर्माण किया जा रहा है। राइट टाउन, गेट नंबर 4, लिंग रोड, मदन महन क्षेत्र में स्थित कॉलोनियों तक पहुंचने वाले एप्रोच मार्ग को ओवर ब्रिज निर्माण के लिए बंद कर दिया गया है। एप्रोच मार्ग बंद होने के कारण लोग घरों में कैद होने को मजबूर हैं। आवश्यक कार्य होने पर मेन रोड में पहुंचने के लिए लोगों को बहुत लंबा चक्कर लगाना पड़ता है, जिसके कारण उनका समय बरबाद होता है। नियम अनुसार, निर्माण कार्य के दौरान संबंधित कंपनी को लोगों की आवाजाही के लिए वैकल्पिक मार्ग बनाना चाहिए था।
विज्ञापन


याचिका में सचिव नगरीय प्रशासन विभाग, संभागायुक्त, जिला कलेक्टर, निगमायुक्त, चेयरमैन जबलपुर स्मॉर्ट सिटी प्रोजेक्ट तथा संबंधित ठेकेदार कंपनी को अनावेदक बनाया गया था। युगलपीठ ने सुनवाई के दौरान पाया कि याचिका में अन्य संबंधित विभागों को अनावेदक नहीं बनाया गया है। नागरिकों की परेशानी के संबंध में संबंधित विभागों को अवगत नहीं करवाया गया है। युगलपीठ ने आदेश के साथ याचिका का निराकरण कर दिया। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता ने अपना पक्ष स्वयं रखा।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed