फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Jabalpur News ›   A disabled priest gave life to two people despite being brain dead

Jabalpur News: ब्रेनडेड दिव्यांग पुजारी ने दिया दो व्यक्तियों को नया जीवन, हार्ट और लीवर किया दान

Fri, 24 Jan 2025 06:37 PM IST
जबलपुर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर Published by: जबलपुर ब्यूरो Updated Fri, 24 Jan 2025 06:37 PM IST
सार

सड़क दुर्घटना में ब्रेन डेड हुए पुजारी बलिराम कुशवाह ने हार्ट और लीवर दान कर दो लोगों को नया जीवन दिया। जिला प्रशासन, डॉक्टरों और पुलिस ने ग्रीन कॉरिडोर बनाकर अंग भोपाल और इंदौर पहुंचाए। पुजारी की यह पहल अंगदान के प्रति जागरूकता का प्रेरक उदाहरण है। 

विज्ञापन
A disabled priest gave life to two people despite being brain dead
जबलपुर में ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

दिव्यांग पुजारी ने ब्रेन डेड होने के बावजूद दो व्यक्तियों को जीवनदान देकर मिसाल कायम की। पुजारी ने हार्ट और लीवर का दान किया, जिसे भोपाल और इंदौर भिजवाने के लिए दो अलग-अलग ग्रीन कॉरिडोर बनाए गए। जिला प्रशासन, डॉक्टरों और पुलिस की समन्वित टीम ने यह प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी की। अंगों को डुमना विमानतल और तिलवारा स्थित हेलीपैड से हवाई मार्ग द्वारा रवाना किया गया।

विज्ञापन

विज्ञापन

गौरतलब है कि मूलतः सागर निवासी 61 वर्षीय बलिराम कुशवाह जबलपुर के सूरतलाई ग्राम स्थित हनुमान मंदिर के पुजारी थे। दो दिन पहले सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल होने के बाद उन्हें नेताजी सुभाष चंद्र बोस मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती किया गया था। ब्रेन डेड होने से पहले उन्होंने अपने परिजनों और परिचितों से अंग दान की इच्छा व्यक्त की थी। उनकी इच्छा का सम्मान करते हुए परिजनों ने ब्रेन डेड घोषित होने के बाद अंग दान की सहमति दी।

विज्ञापन
विज्ञापन

A disabled priest gave life to two people despite being brain dead
दिव्यांग पुजारी ने अपने अंगदान किए हैं। - फोटो : सोशल मीडिया

मेडिकल कॉलेज के अधीक्षक डॉ. अरविंद शर्मा ने बताया कि भोपाल एम्स और इंदौर के चोइथराम हॉस्पिटल से आई डॉक्टरों की टीम ने ऑपरेशन किया। डॉ. आशीष सेठी के मार्गदर्शन में सुबह 9:30 बजे हार्ट निकाला गया। इसे डुमना विमानतल ले जाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया। विमान से हार्ट को भोपाल एम्स में भर्ती मरीज के लिए रवाना किया गया।

करीब 15 मिनट बाद लीवर निकाला गया, जिसे तिलवारा स्थित हेलीपैड तक ग्रीन कॉरिडोर के माध्यम से पहुंचाया गया। वहां से चौपर द्वारा इसे इंदौर भेजा गया। पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने बताया कि समय पर अंगों को पहुंचाने के लिए 300 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई। पुलिसकर्मी सुबह 6 बजे से 10 बजे तक पूरी मुस्तैदी से तैनात रहे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed