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जबलपुर ATM लूट: दो भाइयों ने की थी लूट, 11 दिन में खर्च कर पाए सिर्फ 2,000 रुपये; 32 लाख 98 हजार रुपये बरामद
Wed, 23 Feb 2022 07:21 PM IST
अंकिता विश्वकर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
Published by: अंकिता विश्वकर्मा
Updated Wed, 23 Feb 2022 07:21 PM IST
सार
जबलपुर में महाराष्ट्र बैंक के एटीएम से पैसे लूटने वाले दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों के पास से लूट के 32 लाख 98 हजार रुपये भी बरामद किए हैं।
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जबलपुर एटीएम लूटकांड के दो आरोपी गिरफ्तार
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
जबलपुर के तिलहरी गोराबाजार में बैंक ऑफ महाराष्ट्र के एटीएम से कैश वैन लूट का खुलासा हो गया है। पुलिस ने वाराणसी के गंगापुर क्षेत्र से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से 32 लाख 98 हजार रुपये भी बरामद हुए हैं। दोनों आरोपी सगे भाई हैं और 11 फरवरी को लूट के बाद से 11 दिन में सिर्फ 2 हजार रुपये ही खर्च कर सके।
प्राप्त जानकारी के अनुसार आरोपियों के चाचा जबलपुर में रहते हैं। उनके पास ही रहकर दोनों जबलपुर में पढ़ाई करते थे। दोनों आरोपियों के नाम मनोज कुमार पाल और सुनील कुमार पाल हैं। मनोज ने जबलपुर में कॉलेज की पढ़ाई की है। इसी तरह सुनील कुमार पाल ने सदर क्षेत्र में ही 12वीं तक पढ़ाई की थी। चाचा ने दूसरी शादी कर ली थी। इसके बाद दोनों बच्चों को अलग कर दिया था। दोनों गुजरात जाकर काम करने लगे थे। वहीं, चाचा ने गांव की जमीन में से एक-एक एकड़ जमीन दोनों को दे दी थी।
लूट की वारदात को अंजाम देने के लिए आरोपियों ने कुछ दिन पहले ही सदर में सेवानिवृत जेलर एसके दवे के घर में किराए से मकान लिया था। वहीं पर रहकर दोनों ने एटीएम में रैकी की। इसके बाद 11 फरवरी को तिलहरी स्थित महाराष्ट्र बैंक के एटीएम में कैश डालने पहुंचे कैश वैन के गार्ड राजबहादुर और मैनजर पर फायरिंग करते हुए रुपयों से भरा बैग लूटा और फरार हो गए। लूट की वारदात में आरोपियों को रोकने के दौरान एटीएम गार्ड को गोली लगी थी। इससे उसकी मौत हो गई थी। लूट और हत्याकांड की वारदात में शामिल आरोपियों को पता लगाने के लिए पुलिस की कई टीमें लगी हुई थी।
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बायपास पर छिपा दिए थे पैसे
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपियों ने कैश पेटी बायपास पर छिपा दी थी। इसके बाद ऑटो से अपने कमरों में लौट आए थे। चेहरा छिपाने के लिए बाल कटवा लिए थे। अगले दिन दोनों भाई अपना सामान और कैश पेटी निकालकर मोटर साइकिल से ही उत्तर प्रदेश के लिए रवाना हो गए। रास्ते में लगे सीसीटीवी कैमरों और उनके संबंध में मिले सुराग से पुलिस आरोपियों के गृह ग्राम तक पहुंची और उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
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प्राप्त जानकारी के अनुसार आरोपियों के चाचा जबलपुर में रहते हैं। उनके पास ही रहकर दोनों जबलपुर में पढ़ाई करते थे। दोनों आरोपियों के नाम मनोज कुमार पाल और सुनील कुमार पाल हैं। मनोज ने जबलपुर में कॉलेज की पढ़ाई की है। इसी तरह सुनील कुमार पाल ने सदर क्षेत्र में ही 12वीं तक पढ़ाई की थी। चाचा ने दूसरी शादी कर ली थी। इसके बाद दोनों बच्चों को अलग कर दिया था। दोनों गुजरात जाकर काम करने लगे थे। वहीं, चाचा ने गांव की जमीन में से एक-एक एकड़ जमीन दोनों को दे दी थी।
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लूट की वारदात को अंजाम देने के लिए आरोपियों ने कुछ दिन पहले ही सदर में सेवानिवृत जेलर एसके दवे के घर में किराए से मकान लिया था। वहीं पर रहकर दोनों ने एटीएम में रैकी की। इसके बाद 11 फरवरी को तिलहरी स्थित महाराष्ट्र बैंक के एटीएम में कैश डालने पहुंचे कैश वैन के गार्ड राजबहादुर और मैनजर पर फायरिंग करते हुए रुपयों से भरा बैग लूटा और फरार हो गए। लूट की वारदात में आरोपियों को रोकने के दौरान एटीएम गार्ड को गोली लगी थी। इससे उसकी मौत हो गई थी। लूट और हत्याकांड की वारदात में शामिल आरोपियों को पता लगाने के लिए पुलिस की कई टीमें लगी हुई थी।
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बायपास पर छिपा दिए थे पैसे
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपियों ने कैश पेटी बायपास पर छिपा दी थी। इसके बाद ऑटो से अपने कमरों में लौट आए थे। चेहरा छिपाने के लिए बाल कटवा लिए थे। अगले दिन दोनों भाई अपना सामान और कैश पेटी निकालकर मोटर साइकिल से ही उत्तर प्रदेश के लिए रवाना हो गए। रास्ते में लगे सीसीटीवी कैमरों और उनके संबंध में मिले सुराग से पुलिस आरोपियों के गृह ग्राम तक पहुंची और उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
