फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Indore News ›   Mahakumbh traffic jam: Even train booking for Prayagraj is not working, it is not easy to enter the coaches.

Mahakumbh traffic jam: प्रयागराज के लिए रेल की बुकिंग भी नहीं आ रही काम,बोगियों में घुसना ही नहीं आसान

Tue, 11 Feb 2025 12:50 PM IST
अभिषेक चेंडके न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Published by: अभिषेक चेंडके Updated Tue, 11 Feb 2025 12:50 PM IST
सार

प्रयागराज तक जाने के लिए लोग किसी भी तरह की मुश्किल सहने के लिए तैयार है। सतना स्टेशन से प्रयागराज की तरफ गुजरने वाली ट्रेनों के डिब्बों में भीड़ और लोग शौचालय में अटैची बैग रखकर सफर करते नजर आए।

विज्ञापन
Mahakumbh traffic jam: Even train booking for Prayagraj is not working, it is not easy to enter the coaches.
प्रयागराज जाने वाली ट्रेनों के हाल। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

महाकुंभ में जाकर स्नान करने के लिए ट्रेन, बस बुकिंग की तैयारियां भी अब धरी की धरी नजर आ रही है। प्रयागराज जाने वाली ट्रेन में भले ही यात्रियों की सीट रिजर्व हो, लेकिन रेल की बोगी में लगेज के साथ घुसना ही किसी युद्ध से कम नहीं है। प्रयागराज जाने वाली ट्रेनों के हर बोगियों के भीड़ ही भीड़ है, चाहे वह स्लीपर हो या फर्स्ट एसी क्लास, गेट खुले होने पर यात्री हर कपार्टमेंट में घुस रहे है। इंदौर से जाने वाली ट्रेनें भी स्टेशनों पर फैली अव्यवस्था के कारण प्रभावित हुई है।

विज्ञापन

 

विकेंड होने के महाकुंभ की तरफ जाने वाले रास्तों पर ट्रैफिक अरेस्ट जैसे हालत नजर आए। मंगलवार सुबह तक प्रयागराज से जुड़ी दूसरे प्रदेशों की सीमा पर ट्रैफिक जाम लगा रहा। इस कारण कुंभ में जाने वाले यात्रियों का दबाव रेलवे स्टेशनों पर दिखाई दिया। मध्य प्रदेश के रीवा, कटनी, सतना रेलवे स्टेशनों पर भीड़ को नियंत्रित करना आसान नहीं था।

विज्ञापन

 

कन्फर्म टिकट होने के बावजूद नहीं मिली सीट

प्रयागराज जाने के लिए कई दिनों पहले ट्रेन की कन्फर्म टिकट करा चुके यात्रियों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ा। बोगी तक पहुंच पाने में नाकाम रहे यात्रियों को अपनी यात्रा तक टालना पड़ी। सतना से प्रयागराज जाने के लिए रेलवे स्टेशन पर आए प्रकाश सोनी की जिस बोगी में रिर्जव सीट थी। वहां तक वे पहुंच ही नहीं पाए,क्योकि बोगी के गेट ही ट्रेन के भीतर से बंद कर दिए गए। उन्हें अपनी यात्रा निरस्त करना पड़ी।

विज्ञापन
विज्ञापन

 

शौचालयों में लगेज रखकर कर रहे सफर

 

प्रयागराज तक जाने के लिए लोग किसी भी तरह की मुश्किल सहने के लिए तैयार है। सतना स्टेशन से प्रयागराज की तरफ गुजरने वाली ट्रेनों के डिब्बों में भीड़ और लोग शौचालय में अटैची बैग रखकर सफर करते नजर आए। भीड़ का दबाव बढ़ने के कारण स्टेशनों की व्यवस्थाएं भी चरमरा गई थी। न स्टाॅलों पर नाश्ता मिल रहा था और न ही पानी का इंतजाम था। लोग भूखे प्यास ट्रेनों में सफर कर रहे थे।

 

जंगल के रास्ते से पहुंचे प्रयागराज बायपास तक

इंदौर निवासी शर्मा परिवार ने इंदौर से रीवा तक वंदे भारत ट्रेन से सफर किया। इसके बाद रीवा से उन्होंने टैक्सी कार बुक की थी। ड्रायवर उन्हें लेकर चलने को तो राजी हुआ, लेकिन उसके लिए वह चित्रकुट के घने जंगल के रास्ते से होकर प्रयागराज बाइपास तक ले गया।



इसके बाद परिवार के जैसे-तैसे संगम घाट में नहाकर वापस लौटे। उनका कहना था कि देर रात में घने जंगल में दस किलोमीटर का सफर कभी नहीं भूला जा सकता है। अाते समय भी उसी रास्ते से हमें आना पड़ा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed