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Sankashti chaturthi 2023: खजराना गणेश मंदिर में तिल चतुर्थी मेला शुरू, पांच दिन में बनाए सवा लाख लड्डू
Tue, 10 Jan 2023 12:55 PM IST
अर्जुन रिछारिया
अमर उजाला इंदौर
अमर उजाला इंदौर
Published by: अर्जुन रिछारिया
Updated Tue, 10 Jan 2023 12:55 PM IST
सार
1735 में खजराना गणेश मंदिर की स्थापना भी तिल चतुर्थी के मौके पर ही हई थी। उस वक्त देवी अहिल्याबाई होलकर ने इस मंदिर की नींव रखी थी। खजराना गणेश मंदिर परिसर में लगने वाले तिल चतुर्थी मेले में हर साल लाखों श्रद्धालु आते हैं।
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इंदौर के खजराना गणेश मंदिर
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
इंदौर के खजराना गणेश मंदिर में नववर्ष के बाद आयोजित तिल चतुर्थी मेला शुरू हो गया है। मेला 10 जनवरी से 12 जनवरी तक चलेगा। आज खजराना गणेश मंदिर में अभिषेक, ध्वज, पूजन और महाआरती के दर्शन के लिए भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। तीन दिवसीय तिल चतुर्थी महापर्व पर कलेक्टर, अध्यक्ष गणेश मंदिर प्रबंध समिति खजराना इलैया राजा टी एवं नगर निगम आयुक्त, प्रशासक गणपति मंदिर खजराना प्रतिभा पाल के द्वारा अभिषेक, ध्वज पूजन, महाआरती कर मेले का शुभारंभ किया। पूजन प्रवासी भारतीय सम्मेलन को देखते हुए तीन घंटे पहले सुबह सात बजे किया।
दो करोड़ के स्वर्ण आभूषणों से खजराना गणेश का श्रृंगार
गणेश मंदिर में तिल चतुर्थी के उपलक्ष्य में भगवान गणेश का दो करोड़ की लागत से स्वर्ण आभूषणों से श्रृंगार किया गया। श्रृंगार में स्वर्ण मुकुट, स्वर्ण चंद्रिका, स्वर्ण छत्र, स्वर्ण तिलक आदि आभूषणों से किया गया। खास बात ये है कि 1735 में खजराना गणेश मंदिर की स्थापना भी तिल चतुर्थी के मौके पर ही हई थी। उस वक्त देवी अहिल्याबाई होलकर ने इस मंदिर की नींव रखी थी। खजराना गणेश मंदिर परिसर में लगने वाले तिल चतुर्थी मेले में हर साल लाखों श्रद्धालु आते हैं। पुजारी अशोक भट्ट ने बताया कि कोरोना से पहले इस मेले के दौरान 2019 में 7 से 8 लाख श्रद्धालुओं ने भगवान के दर्शन किए थे। इस साल भी लगभग इतनी ही भीड़ आने की संभावना है। साथ ही कहा कि इतनी भीड़ होने के बावजूद भी 45 मिनट के भीतर ही दर्शन करवा दिए जाएंगे। अधिक भीड़ होने के कारण 4-4 की कतार में खजराना गणेश के चलित दर्शन होंगे। मेला और मंदिर परिसर में पुलिस बल भी तैनात रहेगा। इसके अलावा समिति के 60 से अधिक कर्मचारी दर्शन व्यवस्था संभाल रहे हैं। यही नहीं, पार्किंग को लेकर भी विशेष व्यवस्था की गई है।
सवा लाख तिल-गुड़ के लड्डुओं का निर्माण
इसके लिए भक्त मंडल द्वारा सवा लाख तिल-गुड़ के लड्डुओं का निर्माण हुआ। निर्माण 40 रसोइयों का दल आठ भट्टियों पर कर रहा है। लड्डू के निर्माण में पांच दिन का लगा। इसका भोग आज तिल चतुर्थी पर लगाया जाएगा। इसका वितरण भक्तों में होगा।
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दो करोड़ के स्वर्ण आभूषणों से खजराना गणेश का श्रृंगार
गणेश मंदिर में तिल चतुर्थी के उपलक्ष्य में भगवान गणेश का दो करोड़ की लागत से स्वर्ण आभूषणों से श्रृंगार किया गया। श्रृंगार में स्वर्ण मुकुट, स्वर्ण चंद्रिका, स्वर्ण छत्र, स्वर्ण तिलक आदि आभूषणों से किया गया। खास बात ये है कि 1735 में खजराना गणेश मंदिर की स्थापना भी तिल चतुर्थी के मौके पर ही हई थी। उस वक्त देवी अहिल्याबाई होलकर ने इस मंदिर की नींव रखी थी। खजराना गणेश मंदिर परिसर में लगने वाले तिल चतुर्थी मेले में हर साल लाखों श्रद्धालु आते हैं। पुजारी अशोक भट्ट ने बताया कि कोरोना से पहले इस मेले के दौरान 2019 में 7 से 8 लाख श्रद्धालुओं ने भगवान के दर्शन किए थे। इस साल भी लगभग इतनी ही भीड़ आने की संभावना है। साथ ही कहा कि इतनी भीड़ होने के बावजूद भी 45 मिनट के भीतर ही दर्शन करवा दिए जाएंगे। अधिक भीड़ होने के कारण 4-4 की कतार में खजराना गणेश के चलित दर्शन होंगे। मेला और मंदिर परिसर में पुलिस बल भी तैनात रहेगा। इसके अलावा समिति के 60 से अधिक कर्मचारी दर्शन व्यवस्था संभाल रहे हैं। यही नहीं, पार्किंग को लेकर भी विशेष व्यवस्था की गई है।
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सवा लाख तिल-गुड़ के लड्डुओं का निर्माण
इसके लिए भक्त मंडल द्वारा सवा लाख तिल-गुड़ के लड्डुओं का निर्माण हुआ। निर्माण 40 रसोइयों का दल आठ भट्टियों पर कर रहा है। लड्डू के निर्माण में पांच दिन का लगा। इसका भोग आज तिल चतुर्थी पर लगाया जाएगा। इसका वितरण भक्तों में होगा।
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