{"_id":"67f6a0e1310b42e23f0a6893","slug":"indore-news-p-sainath-exposes-the-harsh-truth-behind-farmer-suicides-and-failing-governance-2025-04-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Indore News: किसान मर रहा मतलब इंसानियत खत्म हो रही, यह बड़े संकट की शुरुआत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Indore News: किसान मर रहा मतलब इंसानियत खत्म हो रही, यह बड़े संकट की शुरुआत
Wed, 09 Apr 2025 10:01 PM IST
अर्जुन रिछारिया
अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
Published by: अर्जुन रिछारिया
Updated Wed, 09 Apr 2025 10:01 PM IST
सार
Indore News: वरिष्ठ पत्रकार पी. साईनाथ ने इंदौर प्रेस क्लब के मीडिया कॉन्क्लेव में किसानों की आत्महत्या, सरकारी नीतियों की विफलता और समाज में बढ़ रही असमानता पर करारा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि जब किसान मरता है, तो दरअसल इंसानियत मरती है।
विज्ञापन
कार्यक्रम को संबोधित करते पी साईनाथ
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
विस्तार
देश में किसान आत्महत्या कर रहा है मतलब इंसानियत खत्म होती जा रही है। दुनिया की बड़ी से बड़ी अर्थव्यवस्था का आधार सबसे छोटा किसान होता है। यदि वह संकट में है तो बहुत जल्द वह देश संकट में आ जाएगा। यह बातें वरिष्ठ पत्रकार पी साईनाथ ने इंदौर प्रेस क्लब द्वारा आयोजित मीडिया कॉन्क्लेव समापन सत्र में कही। स्व. राजेंद्र माथुर स्मृति व्याख्यान सत्र में साईनाथ ने पत्रकारिता, समाज और किसानों से जुड़े पहलुओं को छुआ।
Indore इंदौर के ट्रैफिक थाने में लगी आग, जब्त किए 100 से ज्यादा वाहन जलकर खाक
केंद्रीय व्यवस्था गरीब का शोषण करती है
उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया आज केंद्रीय व्यवस्था की तरफ जा रही है। दुनिया में दस से 20 लोगों के पास इस दुनिया की संपत्ति का अधिकांश हिस्सा है और पूरी दुनिया के करोड़ों लोग गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन कर रहे हैं।
विज्ञापन
किसान से आज कोई शादी नहीं करता
उन्होंने कहा महाराष्ट्र में हर साल एक से दो लाख शादियां कैंसिल हो जाती हैं क्योंकि किसान पैसा इकट्ठा नहीं कर पाता है। यदि आप किसान हैं तो कोई आपसे शादी नहीं करेगा। भारत में अधिकतर किसान अपनी खेती से जीवन यापन भी नहीं कर पाते हैं। आज सरकारों के द्वारा आंगनबाड़ी जैसी जरूरी सुविधाओं का फंड लाड़ली बहना योजना में दिया जा रहा है। देश की बड़ी कंपनियां आज आंगनबाड़ी को गोद ले रही हैं और सरकार अपनी मूलभूत जिम्मेदारियों से भाग रही है। हम सभी को देश और दुनिया में चल रहे इन बदलावों पर विचार करना चाहिए और सच के लिए आवाज उठाना चाहिए।
विज्ञापन
Indore इंदौर के ट्रैफिक थाने में लगी आग, जब्त किए 100 से ज्यादा वाहन जलकर खाक
विज्ञापन
केंद्रीय व्यवस्था गरीब का शोषण करती है
उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया आज केंद्रीय व्यवस्था की तरफ जा रही है। दुनिया में दस से 20 लोगों के पास इस दुनिया की संपत्ति का अधिकांश हिस्सा है और पूरी दुनिया के करोड़ों लोग गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन कर रहे हैं।
विज्ञापन
किसान से आज कोई शादी नहीं करता
उन्होंने कहा महाराष्ट्र में हर साल एक से दो लाख शादियां कैंसिल हो जाती हैं क्योंकि किसान पैसा इकट्ठा नहीं कर पाता है। यदि आप किसान हैं तो कोई आपसे शादी नहीं करेगा। भारत में अधिकतर किसान अपनी खेती से जीवन यापन भी नहीं कर पाते हैं। आज सरकारों के द्वारा आंगनबाड़ी जैसी जरूरी सुविधाओं का फंड लाड़ली बहना योजना में दिया जा रहा है। देश की बड़ी कंपनियां आज आंगनबाड़ी को गोद ले रही हैं और सरकार अपनी मूलभूत जिम्मेदारियों से भाग रही है। हम सभी को देश और दुनिया में चल रहे इन बदलावों पर विचार करना चाहिए और सच के लिए आवाज उठाना चाहिए।
