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Indore: मानसून ऑडिट- नालों की सफाई पर जोर, खतरनाक मकान और जल निकासी व्यवस्था में कमजोर

Fri, 17 May 2024 02:25 PM IST
अभिषेक चेंडके न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर Published by: अभिषेक चेंडके Updated Fri, 17 May 2024 02:25 PM IST
सार

शहर मेें मानसून से पहले नाला सफाई, पेचवर्क पर तो जोर दिया जा रहा है, लेकिन खतरनाक मकान, खतरनाक पेेड़ नहीं हटाए जा रहे है। ये बारिश में हादसों की वजह बनते है। स्मार्ट वाॅटर लाइन की सफाई पर भी ध्यान नहीं दिया जा रहा है।

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Indore: Monsoon audit- Emphasis on cleaning drains, dangerous houses and weak drainage system.
नाला सफाई -शहर में 30 से ज्यादा छोटे-बड़े नाले है। बड़े नालों की सफाई पर तो ध्यान दिया जा रहा है, ल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

नाला सफाई

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-शहर में 30 से ज्यादा छोटे-बड़े नाले है। बड़े नालों की सफाई पर तो ध्यान दिया जा रहा है, लेेकिन छोटे नाले साफ नहीं हो पाए अब तक।

-बड़े नालों से जो गाद निकाली जा रही है। उन्हें किनारों पर ही रखा जा रहा है। तेज बारिश आने पर वे फिर नदी में बह जाएगी।

Indore: Monsoon audit- Emphasis on cleaning drains, dangerous houses and weak drainage system.
बारिश से पहले सड़कों पर डामरीकरण। - फोटो : अमर उजाला

सड़कों पर गड्ढे

-बायपास की सर्विस रोड की मरम्मत का जिम्मा नगर निगम का है, लेकिन अभी कई हिस्सों में सर्विस रोड पर गडढे हैै।

-नगर निगम ने कुछ मार्गों पर पेचवर्क शुरू किया है। बारिश में सबसे ज्यादा परेशानी गड्ढों के कारण रिंंग रोड पर अाती है।

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Indore: Monsoon audit- Emphasis on cleaning drains, dangerous houses and weak drainage system.
खतरनाक पेड़ भी बारिश में बनते है हादसों की वजह। - फोटो : अमर उजाला

जलजमाव

-शहर की 40 प्रतिशत बड़ी सडकों पर स्टार्म वाॅटर लाइन नहीं है। इस कारण बारिश के दिनों में पानी सड़कों पर बहता है।

-विजय नगर बीआरटीएस, एमआर-10 ब्रिज, पलासिया चौराहा पर जलजमाव की समस्या का स्थाई हल नगर निगम नहीं निकाल पाया।

खतरनाक मकान

-नगर निगम द्वारा तैयार की गई खतरनाक मकानों की सूूची मेें 175 से ज्यादा खतरनाक मकान है। बारिश से पहले उन्हें नहीं हटाया गया।

-वर्षाकाल से पहले निगम खतरनाक मकानों को हटाने का नोटिस देकर औपचारिकता निभाता है। कुछ मकानों के खतरनाक हिस्सों को तोड़ा जाता है।

खतरनाक पेड़

-शहर में पुुराने और खतरनाक पेड़ बारिश के दौरान हादसों की वजह बनते हैै। छह साल पहले पेड की चपेट में आने से रामबाग में दो युवतियों की मौत हो गई थी।

- रामबाग मार्ग, जेल रोड, महूनाका मार्ग पर पेड़ों की खतरनाक शाखाएं सड़क पर है। जिनके टूटकर गिरने से हादसा हो सकता है। इनकी शाखाएं टूटने से बिजली भी बार-बार गुल हो जाती है।

नलों में गंदा पानी

-वर्षाकाल के दौरान ज्यादातर क्षेत्रों में नलों मेें गंदा पानी आता है। पिछले साल सबसे ज्यादा इसकी शिकायत रही।

-इंदौर में ज्यादातर क्षेत्रों में ड्रेनेज अौर नर्मदा जल लाइन पास-पास है। नर्मदा लाइनों में कई बार ड्रेनेज लााइन का पानी मिल जाता है।

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