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Indore News: भाजपा कार्यालय पर नाराज कार्यकर्ताओं ने की नारेबाजी, बाहरी नेता को प्रत्याशी बनाने से हैं नाराज, विजयवर्गीय बोले- ये तरीका ठीक नहीं
Sun, 19 Jun 2022 01:22 PM IST
चंद्रप्रकाश शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: चंद्रप्रकाश शर्मा
Updated Sun, 19 Jun 2022 01:22 PM IST
सार
पार्षद प्रत्याशी तय करने के बाद से भाजपा में शुरू हुआ विरोध का सिलसिला लगातार जारी है। रविवार को भी कुछ भाजपा कार्यकर्ता पार्टी कार्यालय पहुंचे और बाहरी को वार्ड से टिकट देने का विरोध किया। इस दौरान जमकर नारेबाजी की।
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भाजपा कार्यालय में नारेबाजी करते कार्यकर्ता
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
भाजपा में टिकट वितरण के बाद से मचा हुआ बवाल कम नहीं हो रहा है। पार्टी के खिलाफ आवाजें उठ रही हैं। कई वार्ड ऐसे हैं जहां गाइडलाइन का पालन नहीं किए जाने की बात सामने आ रही है तो कुछ वार्ड में आपराधिक रिकॉर्ड वाले लोगों को टिकट देने के आरोप लग रहे हैं। रविवार को इसी तरह का विरोध सामने आया जिसमें नाराज कार्यकर्ताओं ने भाजपा कार्यालय पर जमकर नारेबाजी की।
दरअसल रविवार को भाजपा भाजपा कार्यालय पर वार्ड 36 और 54 के कार्यकर्ता पहुंचे। उनका कहना था कि भाजपा ने वार्डों में बाहरी प्रत्याशियों को मौका दिया है। जिन लोगों ने वार्ड में मेहनत की, पार्टी का काम किया उनकी उपेक्षा की गई। इस दौरान जमकर नारेबाजी हुई। बता दें कि रविवार सुबह भाजपा कार्यालय पर भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय प्रेस वार्ता के लिए पहुंचे थे। जैसे ही वे आए तो कार्यकर्ताओं ने विरोध किया। इस पर विजयवर्गीय नाराज हुए। उन्होंने कहा कि मैं 1983 में चुनाव लड़ा तो पार्टी ने खुद टिकट दिया, इस बार 85 वार्डों के लिए 900 पार्षद उम्मीदवारों के आवेदन आए हैं। जिन्हें टिकट नहीं मिला है, उनमें से अधिकांश असंतुष्टों को मना लिया गया है। बाकी को भी मना लेंगे। विधानसभा 5 के वार्ड 54 से उम्मीदवार महेश बंसवाल को टिकिट मिलने के विरोध में भाजपा कार्यकर्ता और रहवासियों ने कार्यालय पर प्रदर्शन और नारेबाजी की। वे यहां स्थानीय वार्डवासी को उम्मीदवार बनाए जाने की मांग कर रहे थे। इसे देख भाजपा महासिचव कैलाश विजयवर्गीय ने नाराजगी जताई। कहा- नारेबाजी का ये तरीका ठीक नहीं।
इंदौर में हो रहे घटनाक्रम के बाद से अब भाजपाई बगावत के मूड़ में है। कई वार्डों में निर्दलीय उम्मीदवार मैदान में हैं, जो भाजपा का ही नुकसान करेंगे। भाजपा अब इन बागियों को मनाने में जुट गई है। 22 तारीख को नामवापसी का आखिरी दिन है। इससे पहले भाजपा मान मनौव्वल में जुटेगी क्योंकि वार्डों का गणित बिगड़ने से महापौर प्रत्याशी पर भी असर पड़ सकता है और परिषद पर भी। इसलिए सत्ता और संगठन अब नाराज कार्यकर्ताओं को मनाने में जुटी है।
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दरअसल रविवार को भाजपा भाजपा कार्यालय पर वार्ड 36 और 54 के कार्यकर्ता पहुंचे। उनका कहना था कि भाजपा ने वार्डों में बाहरी प्रत्याशियों को मौका दिया है। जिन लोगों ने वार्ड में मेहनत की, पार्टी का काम किया उनकी उपेक्षा की गई। इस दौरान जमकर नारेबाजी हुई। बता दें कि रविवार सुबह भाजपा कार्यालय पर भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय प्रेस वार्ता के लिए पहुंचे थे। जैसे ही वे आए तो कार्यकर्ताओं ने विरोध किया। इस पर विजयवर्गीय नाराज हुए। उन्होंने कहा कि मैं 1983 में चुनाव लड़ा तो पार्टी ने खुद टिकट दिया, इस बार 85 वार्डों के लिए 900 पार्षद उम्मीदवारों के आवेदन आए हैं। जिन्हें टिकट नहीं मिला है, उनमें से अधिकांश असंतुष्टों को मना लिया गया है। बाकी को भी मना लेंगे। विधानसभा 5 के वार्ड 54 से उम्मीदवार महेश बंसवाल को टिकिट मिलने के विरोध में भाजपा कार्यकर्ता और रहवासियों ने कार्यालय पर प्रदर्शन और नारेबाजी की। वे यहां स्थानीय वार्डवासी को उम्मीदवार बनाए जाने की मांग कर रहे थे। इसे देख भाजपा महासिचव कैलाश विजयवर्गीय ने नाराजगी जताई। कहा- नारेबाजी का ये तरीका ठीक नहीं।
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इंदौर में हो रहे घटनाक्रम के बाद से अब भाजपाई बगावत के मूड़ में है। कई वार्डों में निर्दलीय उम्मीदवार मैदान में हैं, जो भाजपा का ही नुकसान करेंगे। भाजपा अब इन बागियों को मनाने में जुट गई है। 22 तारीख को नामवापसी का आखिरी दिन है। इससे पहले भाजपा मान मनौव्वल में जुटेगी क्योंकि वार्डों का गणित बिगड़ने से महापौर प्रत्याशी पर भी असर पड़ सकता है और परिषद पर भी। इसलिए सत्ता और संगठन अब नाराज कार्यकर्ताओं को मनाने में जुटी है।
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