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MP News: गुना जिले के गांवों में शराब उगल रहा हैंडपंप, जानें इसके पीछे की कहानी
Tue, 11 Oct 2022 10:53 PM IST
दिनेश शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुना
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Tue, 11 Oct 2022 10:53 PM IST
सार
गुना जिले में चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां के दो गांवों के हैंडपंप शराब उगलते मिले हैं। पुलिस ने जब इनके नीचे खुदाई की तो शराब से भरी टंकियां मिली हैं। अवैध शराब कारोबारियों का ये कारनामा देखकर पुलिस भी चौंक गई।
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पुलिस ने दबिश देकर शराब पकड़ी है।
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
अगर आपको कहा जाए कि हैंडपंप से पानी की जगह शराब आ रही है तो क्या आप यकीन करेंगे?, मध्य प्रदेश के गुना जिले के गांवों में ऐसा हो रहा है। दरअसल ये अवैध शराब बनाने वालों का करतूत है। पुलिस ने जब गुना जिले के दो गांवों में दबिश दी तो मामले का खुलासा हुआ। पुलिस ने आठ लोगों पर मामला दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार गुना जिले के चांचौड़ा इलाके के भानपुरा गांव और राघौगढ़ इलाके के साकोन्या गांव में दबिश दी थी। पुलिस को इस बात की भनक लगी थी कि इन दोनों गांवों में अवैध शराब बनाई जा रही है। पुलिस ने जब शक के आधार पर गांव में एकांत में लगे हैंडपंप को चलाया तो उसमें से शराब निकलने लगी। जब पुलिस ने उसके नीचे खुदाई की शराब से भरी टंकियां मिली हैं। ये टंकियां जमीन में करीब सात फीट तक धंसी हुई थीं। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने बड़ी मात्रा में शराब नष्ट की है।
पुलिस ने बताया कि टंकियों में शराब भरकर पहले जमीन में गाड़ दी जाती थी, फिर उस पर हैंडपंप लगाकर मिट्टी भर दी जाती थी ताकि हैंडपंप ही नजर आए। इन्हीं हैंडपंपों से आरोपी शराब बेचते थे। सूचना के बाद पुलिस ने सोमवार को अवैध शराब के 2 ठिकानों पर छापा मारा। इस दौरान हजारों लीटर कच्ची शराब जब्त भी की गई। हालांकि आरोपी भाग निकले। पुलिस ने आठ आरोपियों की पहचान कर ली है। दो थानों में 8 केस दर्ज किए गए हैं।
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बताया गया कि जंगल किनारे वाले इन गांवों में अवैध शराब का कारोबार फलफूल रहा है। चांचौड़ा इलाके के भानपुरा गांव में अधिकतर कंजर समुदाय के लोग रहते हैं। गांव का लगभग हर परिवार कच्ची शराब बनाने का काम करता है। इन्होंने जगह-जगह कच्ची शराब की भटि्टयां लगा रखी हैं। इसी तरह राघौगढ़ इलाके के साकोन्या गांव में भी बड़ी मात्रा में कच्ची शराब बनाई जाती है। दोनों गांव जंगली इलाके में हैं इसी का फायदा अपराधी उठाते हैं। जब भी पुलिस पहुंचती है, ये जंगल में छिपकर फरार हो जाते हैं।
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जानकारी के अनुसार गुना जिले के चांचौड़ा इलाके के भानपुरा गांव और राघौगढ़ इलाके के साकोन्या गांव में दबिश दी थी। पुलिस को इस बात की भनक लगी थी कि इन दोनों गांवों में अवैध शराब बनाई जा रही है। पुलिस ने जब शक के आधार पर गांव में एकांत में लगे हैंडपंप को चलाया तो उसमें से शराब निकलने लगी। जब पुलिस ने उसके नीचे खुदाई की शराब से भरी टंकियां मिली हैं। ये टंकियां जमीन में करीब सात फीट तक धंसी हुई थीं। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने बड़ी मात्रा में शराब नष्ट की है।
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पुलिस ने बताया कि टंकियों में शराब भरकर पहले जमीन में गाड़ दी जाती थी, फिर उस पर हैंडपंप लगाकर मिट्टी भर दी जाती थी ताकि हैंडपंप ही नजर आए। इन्हीं हैंडपंपों से आरोपी शराब बेचते थे। सूचना के बाद पुलिस ने सोमवार को अवैध शराब के 2 ठिकानों पर छापा मारा। इस दौरान हजारों लीटर कच्ची शराब जब्त भी की गई। हालांकि आरोपी भाग निकले। पुलिस ने आठ आरोपियों की पहचान कर ली है। दो थानों में 8 केस दर्ज किए गए हैं।
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बताया गया कि जंगल किनारे वाले इन गांवों में अवैध शराब का कारोबार फलफूल रहा है। चांचौड़ा इलाके के भानपुरा गांव में अधिकतर कंजर समुदाय के लोग रहते हैं। गांव का लगभग हर परिवार कच्ची शराब बनाने का काम करता है। इन्होंने जगह-जगह कच्ची शराब की भटि्टयां लगा रखी हैं। इसी तरह राघौगढ़ इलाके के साकोन्या गांव में भी बड़ी मात्रा में कच्ची शराब बनाई जाती है। दोनों गांव जंगली इलाके में हैं इसी का फायदा अपराधी उठाते हैं। जब भी पुलिस पहुंचती है, ये जंगल में छिपकर फरार हो जाते हैं।
