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Damoh News: पर्यावरण के प्रति अनोखी दीवानगी, महिला ने घर को बनाया ग्रीन हाउस, 300 से अधिक किस्म के पौधे लगाए
Mon, 05 Jun 2023 12:02 PM IST
अंकिता विश्वकर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दमोह
Published by: अंकिता विश्वकर्मा
Updated Mon, 05 Jun 2023 12:02 PM IST
सार
घर के ग्राउंड फ्लोर से लेकर तीसरी मंजिल तक हरियाली ही हरियाली नजर आती है। यदि इनके घर के सामने से कोई व्यक्ति पहली बार निकलता है, तो वह टकटकी लगाकर जरूर निहारता है।
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महिला ने घर में लगाए 300 से ज्यादा पौधे
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
शहरों में पर्याप्त जगह न होने के बावजूद भी कुछ लोग अपने गार्डनिंग के शौक को पूरा करने में पीछे नहीं रहते, उन्हें जहां जगह मिलती है। उसी जगह में पेड़ पौधों को लगाकर हरा-भरा कर देते हैं। दमोह के श्रीवास्तव कॉलोनी निवासी गृहिणी प्रियंका तिवारी ने पर्यावरण प्रेम के अपने इस शौक को पूरा करने के लिए पूरे घर को ही ग्रीन हाऊस में बदल दिया है।
घर की सीढ़ियों, दीवारों, बालकनी, छत से लेकर खिड़कियों में 300 से अधिक किस्म के पौधे लगे हुए हैं। घर के ग्राउंड फ्लोर से लेकर तीसरी मंजिल तक हरियाली ही हरियाली नजर आती है। यदि इनके घर के सामने से कोई व्यक्ति पहली बार निकलता है, तो वह टकटकी लगाकर जरूर निहारता है। खास बात यह है कि उन्होंने अपने घर में फुलवारी, झूमर, सब्जी के अलावा औषधीय पौधे भी लगाए हैं।
गृहिणी प्रियंका तिवारी ने बताया कि उन्हें बचपन से ही पेड़-पौधों से बहुत प्रेम था। शादी के बाद वह एसपीएम नगर में किराए के मकान में रहती थीं। वहां पर आसपास के घरों के लोग गमलों में पौधे लगाते थे, जिसके चलते उन्होंने भी अपने घर में गमले खरीदकर पौधे लगाने की शुरूआत की। धीरे-धीरे उनका शौक जुनून में बदल गया। उन्होंने बाउंड्रीवॉल के अलावा छत पर भी कई किस्म के पौधे लगाए। इसके बाद 2017 में जब स्वयं का मकान बनवाया। तो घर में जहां भी खाली जगह मिली, वहां पर पौधे लगाए हैं।
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इस कार्य में उनके पति पीएन तिवारी पूरी मदद करते हैं। दोनों सुबह-शाम पेड़ों की देखरेख करते हैं। साथ में पानी देने के अलावा यदि किसी पौधे की पत्तियां सूख रहीं हैं या पौधा मुरझा रहा है तो उसके लिए नियमित रूप से खाद डालते हैं। उनके इस प्रयास को देखते ही उनके बच्चे भी पेड़ पौधों का बहुत ध्यान रखते हैं। उनके घर को देखकर आसपास के लोग भी अब अपने घरों में गार्डनिंग कर रहे हैं।
प्रियंका तिवारी ने बताया कि घर में पेड़ पौधे लगाने से जहां प्रतिदिन शुद्ध आक्सीजन मिलती है, वहीं दूसरी ओर गर्मी के मौसम में उनके घर में काफी ठंडक रहती है। क्योंकि सूर्य की तेज किरणों को छत पर लगे पेड़ पौधे अवशोषित कर लेते हैं। बाहर की तुलना में उनके इस घर का तापमान लगभग चार डिग्री सेल्सियस कम रहता है।
तिवारी ने बताया कि कई लोग कहते है कि हमारे पास पेड़ पौधे लगाने न तो जगह है न समय है। लेकिन ऐसा नहीं है। यदि आप इसे शौक के तौर पर शुरू करेंगे तो फिर बाद में यह आपका जुनून बन जाएगा। पर्यावरण संरक्षण के लिए सभी को इस दिशा में आगे आना चाहिए। ताकि हमारा घर भी हमेशा हरा-भरा बना रहे।
ज्यादातर औषधीय पौधे लगाए
इनके घर में काली मूसली, अश्वगंधा, सतावर, गिलोय, पान, अजवाइन, पुदीना, धनिया, शमी, पीपल, बरगद, नींबू, आम, अमरूद, क्रोवज, जेड प्लांट, नागफनी, पथरचट्टा के अलावा सब्जियों में पालक, मैथी, बैगन, हरी मिर्च सहित अन्य सामान्य किस्म के पौधे लगे हैं। इनमें से कई पौधे तो गमलों के अलावा घर में खाली पड़ी प्लास्टिक की बोतल, डिब्बे में भी लगाए गए हैं।
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घर की सीढ़ियों, दीवारों, बालकनी, छत से लेकर खिड़कियों में 300 से अधिक किस्म के पौधे लगे हुए हैं। घर के ग्राउंड फ्लोर से लेकर तीसरी मंजिल तक हरियाली ही हरियाली नजर आती है। यदि इनके घर के सामने से कोई व्यक्ति पहली बार निकलता है, तो वह टकटकी लगाकर जरूर निहारता है। खास बात यह है कि उन्होंने अपने घर में फुलवारी, झूमर, सब्जी के अलावा औषधीय पौधे भी लगाए हैं।
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गृहिणी प्रियंका तिवारी ने बताया कि उन्हें बचपन से ही पेड़-पौधों से बहुत प्रेम था। शादी के बाद वह एसपीएम नगर में किराए के मकान में रहती थीं। वहां पर आसपास के घरों के लोग गमलों में पौधे लगाते थे, जिसके चलते उन्होंने भी अपने घर में गमले खरीदकर पौधे लगाने की शुरूआत की। धीरे-धीरे उनका शौक जुनून में बदल गया। उन्होंने बाउंड्रीवॉल के अलावा छत पर भी कई किस्म के पौधे लगाए। इसके बाद 2017 में जब स्वयं का मकान बनवाया। तो घर में जहां भी खाली जगह मिली, वहां पर पौधे लगाए हैं।
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इस कार्य में उनके पति पीएन तिवारी पूरी मदद करते हैं। दोनों सुबह-शाम पेड़ों की देखरेख करते हैं। साथ में पानी देने के अलावा यदि किसी पौधे की पत्तियां सूख रहीं हैं या पौधा मुरझा रहा है तो उसके लिए नियमित रूप से खाद डालते हैं। उनके इस प्रयास को देखते ही उनके बच्चे भी पेड़ पौधों का बहुत ध्यान रखते हैं। उनके घर को देखकर आसपास के लोग भी अब अपने घरों में गार्डनिंग कर रहे हैं।
प्रियंका तिवारी ने बताया कि घर में पेड़ पौधे लगाने से जहां प्रतिदिन शुद्ध आक्सीजन मिलती है, वहीं दूसरी ओर गर्मी के मौसम में उनके घर में काफी ठंडक रहती है। क्योंकि सूर्य की तेज किरणों को छत पर लगे पेड़ पौधे अवशोषित कर लेते हैं। बाहर की तुलना में उनके इस घर का तापमान लगभग चार डिग्री सेल्सियस कम रहता है।
तिवारी ने बताया कि कई लोग कहते है कि हमारे पास पेड़ पौधे लगाने न तो जगह है न समय है। लेकिन ऐसा नहीं है। यदि आप इसे शौक के तौर पर शुरू करेंगे तो फिर बाद में यह आपका जुनून बन जाएगा। पर्यावरण संरक्षण के लिए सभी को इस दिशा में आगे आना चाहिए। ताकि हमारा घर भी हमेशा हरा-भरा बना रहे।
ज्यादातर औषधीय पौधे लगाए
इनके घर में काली मूसली, अश्वगंधा, सतावर, गिलोय, पान, अजवाइन, पुदीना, धनिया, शमी, पीपल, बरगद, नींबू, आम, अमरूद, क्रोवज, जेड प्लांट, नागफनी, पथरचट्टा के अलावा सब्जियों में पालक, मैथी, बैगन, हरी मिर्च सहित अन्य सामान्य किस्म के पौधे लगे हैं। इनमें से कई पौधे तो गमलों के अलावा घर में खाली पड़ी प्लास्टिक की बोतल, डिब्बे में भी लगाए गए हैं।
