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प्रसादम विवाद: बागेश्वर पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री बोले- ‘ये सनातन के खिलाफ साजिश, दोषियों को फांसी हो’
Sat, 21 Sep 2024 05:42 PM IST
शबाहत हुसैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छतरपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, छतरपुर
Published by: शबाहत हुसैन
Updated Sat, 21 Sep 2024 05:42 PM IST
सार
Tirupati Mandir Prasad Animal Fat: तिरुपति बालाजी में चर्बी के तेल के लड्डू का प्रसाद बांटे जाने पर विवाद बढ़ता जा रहा है। अब इस मामले में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने एक वीडियो जारी कर कहा कि दोषियों को फांसी होनी चाहिए।
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धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
तिरुपति बालाजी में चर्बी युक्त प्रसाद बांटे जाने और मछली का तेल इस्तेमाल किए जाने के संबंध में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने दोषियों के खिलाफ फांसी जैसे दंड दिए जाने की मांग की है। बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने एक वीडियो बयान जारी कर कहा कि यह अत्यंत चिंतनीय है। सनातन धर्म के खिलाफ सोची समझी साजिश रची जा रही है। इसलिए इन साजिशों का पर्दाफाश हो और सनातन धर्म से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।
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क्या है मामला
दरअसल आंध्र प्रदेश के विश्व प्रसिद्ध मंदिर तिरुपति बालाजी के लड्डुओं के घी में कथित तौर पर मछली के तेल और जानवरों की चर्बी मिले के बाद बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। राज्य के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने प्रसादम के लड्डुओं में मिलावट का दावा किया था। जिसके बाद पूरे देश श्रृद्धालु प्रसादम को लेकर चिंता व्यक्त करने लगे थे। केंद्र सरकार ही नहीं नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी इसे लेकर चिंता जाहिर की है।
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साधु संत नाराज
बता दें कि श्री वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर के प्रसाद (लड्डू) तैयार करने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले घी में पशु चर्बी मिलाए जाने के मामले पूरे देश के संत आक्रोशित हैं। काशी विद्वत् परिषद से लेकर राम मंदिर के पुजारी तक ने इस पर कड़ी नाराजगी जाहिर की है। संतों ने कहा कि यह सनातन धर्म को मानने वालों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ है।
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