{"_id":"6514367679db4b4e3c0a5583","slug":"mp-news-started-aiming-at-the-age-of-15-aashi-from-bhopal-won-two-more-medals-in-the-asian-games-2023-09-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"MP News: 15 साल की उम्र में लगाने लगी थी निशाने, भोपाल की आशी ने एशियन गेम्स में दिलाए दो और पदक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
MP News: 15 साल की उम्र में लगाने लगी थी निशाने, भोपाल की आशी ने एशियन गेम्स में दिलाए दो और पदक
Wed, 27 Sep 2023 07:34 PM IST
दिनेश शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Wed, 27 Sep 2023 07:34 PM IST
सार
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल की आशी चौकसी ने एशियन गेम्स में बड़ी सफलता हासिल की है। लगातार चौथे दिन मध्य प्रदेश की बेटियां चमकी हैं।
विज्ञापन
आशी चौकसी
- फोटो : instagram
विस्तार
चीन के होंग्जु में खेले जा रहे एशियन गेम्स 2023 के चौथे दिन भोपाल की आशी चौकसे ने एक रजत और एक कांस्य पदक अपने नाम किया है। आशी ने ‘3-पी 50 मीटर’ सिंगल्स में कांस्य पदक जीता है। इससे पहले टीम इवेंट में रजत पदक जीता था। रविवार को एशियन गेम्स के पहले दिन आशी ने 10 मीटर एयर रायफल टीम इवेंट में भी रजत पदक जीता था।
आशी की उपलब्धि का जश्न भोपाल में उनके घर पर भी मना। अवधपुरी स्थित उनके घर पर पिता पद्मकांत चौकसे और मां वंदना चौकसे को बधाइयों का तांता लग गया। पूरी कॉलोनी ही आशी की सफलता का जश्न मनाती नजर आई। आशी ने बुधवार सुबह 3-पी 50 मीटर रायफल शूटिंग के टीम इवेंट में रजत पदक जीता था। 3-पी स्पर्धा में शूटर को तीन पोजिशन (खड़े होकर, बैठकर और पेट के बल लेटकर) में निशाने लगाने होते हैं। आशी ने सिफ्त कौर सामना और मानिनी कौशिक के साथ सटीक निशाने लगाए और 1764 अंक हासिल किए। बहुत कम मार्जिन से स्वर्ण पदक से वंचित रह गई। उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। सिंगल्स इवेंट में आशी ने कांस्य पदक जीतने में सफलता हासिल की। इसमें भारत की ही सिफ्त ने स्वर्म जीता है। एशियन गेम्स के पहले दिन आशी ने 10 मीटर एयर रायफल के टीम इवेंट में रमिता और मेहुली के साथ मिलकर रजत पदक जीता था। आशी ने अब तक दो रजत और एक कांस्य पदक अपने नाम किया है।
15 साल की उम्र में जुड़ी अकादमी से
आशी चौकसे इससे पहले भी देश के लिए स्वर्ण दक जीत चुकी है। आशी स्टेट शूटिंग अकादमी की छात्रा हैं। वह यहां डे-बोर्डिंग में है। बीपीईएस सेकंड ईयर की पढ़ाई कर रहीं आशी ने 15 साल की उम्र में अकादमी ज्वाइन की थी। नेशनल स्तर पर 64वीं शूटिंग नेशनल चैंपियनशिप में तीन रजत और एक स्वर्ण पदक अपने नाम कर चुकी हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आशी ने आईएसएसएफ जूनियर वर्ल्ड कप जर्मनी में दो कांस्य पदक जीते थे। साउथ कोरिया में हुए आईएसएसएफ वर्ल्ड कप में एक कांस्य और अजरबेजान में एक स्वर्ण पदक अपने नाम किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
आशी की उपलब्धि का जश्न भोपाल में उनके घर पर भी मना। अवधपुरी स्थित उनके घर पर पिता पद्मकांत चौकसे और मां वंदना चौकसे को बधाइयों का तांता लग गया। पूरी कॉलोनी ही आशी की सफलता का जश्न मनाती नजर आई। आशी ने बुधवार सुबह 3-पी 50 मीटर रायफल शूटिंग के टीम इवेंट में रजत पदक जीता था। 3-पी स्पर्धा में शूटर को तीन पोजिशन (खड़े होकर, बैठकर और पेट के बल लेटकर) में निशाने लगाने होते हैं। आशी ने सिफ्त कौर सामना और मानिनी कौशिक के साथ सटीक निशाने लगाए और 1764 अंक हासिल किए। बहुत कम मार्जिन से स्वर्ण पदक से वंचित रह गई। उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। सिंगल्स इवेंट में आशी ने कांस्य पदक जीतने में सफलता हासिल की। इसमें भारत की ही सिफ्त ने स्वर्म जीता है। एशियन गेम्स के पहले दिन आशी ने 10 मीटर एयर रायफल के टीम इवेंट में रमिता और मेहुली के साथ मिलकर रजत पदक जीता था। आशी ने अब तक दो रजत और एक कांस्य पदक अपने नाम किया है।
विज्ञापन
15 साल की उम्र में जुड़ी अकादमी से
आशी चौकसे इससे पहले भी देश के लिए स्वर्ण दक जीत चुकी है। आशी स्टेट शूटिंग अकादमी की छात्रा हैं। वह यहां डे-बोर्डिंग में है। बीपीईएस सेकंड ईयर की पढ़ाई कर रहीं आशी ने 15 साल की उम्र में अकादमी ज्वाइन की थी। नेशनल स्तर पर 64वीं शूटिंग नेशनल चैंपियनशिप में तीन रजत और एक स्वर्ण पदक अपने नाम कर चुकी हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आशी ने आईएसएसएफ जूनियर वर्ल्ड कप जर्मनी में दो कांस्य पदक जीते थे। साउथ कोरिया में हुए आईएसएसएफ वर्ल्ड कप में एक कांस्य और अजरबेजान में एक स्वर्ण पदक अपने नाम किया था।
विज्ञापन
