फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Bhopal News ›   Female inspector dismissed for sending false complaints using others' names and addresses.

भोपाल: दूसरे के नाम-पते से झूठी शिकायतें भेजने वाली महिला इंस्पेक्टर बबीता कठेरिया बर्खास्त, ये रची थी साजिश

Fri, 30 Oct 2026 11:04 PM IST
भोपाल ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: भोपाल ब्यूरो Updated Fri, 30 Oct 2026 11:04 PM IST
सार

भोपाल जीआरपी में पदस्थ कार्यवाहक निरीक्षक बबीता कठेरिया को फर्जी नाम और पते से शिकायतें भेजने तथा वरिष्ठ अधिकारियों को गुमराह करने के आरोप में बर्खास्त कर दिया गया। विभागीय जांच में तीनों आरोप सही पाए गए। शिकायतों के जरिए इटारसी और भोपाल के थाना प्रभारियों को हटवाने की कोशिश का आरोप था।

विज्ञापन
Female inspector dismissed for sending false complaints using others' names and addresses.
Crime demo - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पुलिस की वर्दी पहनकर अनुशासन और नियमों का पालन कराने की जिम्मेदारी निभाने वाली एक महिला निरीक्षक खुद ही विभागीय अनुशासनहीनता के मामले में दोषी पाई गईं। जीआरपी में पदस्थ कार्यवाहक निरीक्षक बबीता कठेरिया को दूसरे लोगों के नाम और पते का इस्तेमाल कर झूठी शिकायतें भेजने तथा वरिष्ठ अधिकारियों को गुमराह करने के आरोप में सेवा से बर्खास्त कर दिया गया। विभागीय जांच में उन पर लगे तीनों आरोप सही पाए गए। आरोप है कि उन्होंने इटारसी और भोपाल जीआरपी थाना प्रभारियों के खिलाफ अलग-अलग नामों से शिकायतें भेजकर उन्हें पद से हटवाने और खुद वहां पदस्थ होने की कोशिश की थी। पुराने सेवा रिकॉर्ड और पहले दी गई सजा के बावजूद व्यवहार में सुधार नहीं होने को भी बर्खास्तगी का आधार बनाया गया है।
विज्ञापन


अलग-अलग नामों से भेजी थीं शिकायतें
विभागीय जांच के अनुसार, बबीता कठेरिया ने इटारसी जीआरपी थाना प्रभारी संजय चौकसे के खिलाफ दो शिकायतें भेजी थीं। पहली शिकायत 26 अगस्त 2025 को पवन कुमार गुप्ता के नाम से और दूसरी छह सितंबर 2025 को श्यामलाल मीणा के नाम से भेजी गई थी। दोनों शिकायतें भोपाल रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-एक स्थित डाकघर से भेजे जाने की बात जांच में सामने आई। इसी तरह, भोपाल जीआरपी थाना प्रभारी जहीर खान के खिलाफ 28 अगस्त 2025 को रामलाल सिंह के नाम से शिकायत भेजने का आरोप भी लगा था। इन शिकायतों के जरिए दोनों थाना प्रभारियों के खिलाफ कार्रवाई कराने की कोशिश की गई थी।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- कलयुग की सावित्री: करवाचौथ पर पति की जान बचाने के लिए व्रत में जहरीले सांप से भिड़ी पत्नी, पटक-पटककर ले ली जान
विज्ञापन
विज्ञापन


एक जैसी लिखावट से खुला फर्जी शिकायतों का मामला
विभागीय जांच में सामने आया कि अलग-अलग व्यक्तियों के नाम से भेजी गई शिकायतों की लिखावट एक जैसी थी। जांच में शिकायतकर्ताओं के नाम और पते का गलत इस्तेमाल किए जाने की बात भी सामने आई। विभाग का आरोप था कि इन शिकायतों के माध्यम से वरिष्ठ अधिकारियों को गुमराह कर इटारसी और भोपाल के थाना प्रभारियों को हटवाने तथा उन पदों पर खुद की नियुक्ति कराने की कोशिश की गई। जांच में इसे पुलिस विभाग के नियमों और अनुशासन के विरुद्ध गंभीर कदाचार माना गया। 


विभागीय आदेश के मुताबिक, बबीता कठेरिया को पूर्व में भी कई बार दंडित किया जा चुका था, लेकिन उनके आचरण में सुधार नहीं हुआ। विभाग ने माना कि ऐसे कर्मचारी को सेवा में बनाए रखने से पुलिस बल के अनुशासन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। इसके बाद उन्हें सेवा से बर्खास्त करने का आदेश जारी किया गया।


अनुशासनहीन कर्मचारी नहीं रख सकते
पुलिस की वर्दी पहनने का मतलब यह नहीं है कि कोई भी अपनी मर्जी से काम करे। अनुशासनहीन कर्मचारी को नौकरी में बनाए रखने से पूरे पुलिस बल पर बुरा असर पड़ता है।
- राजाबाबू सिंह, एडीजी रेल

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed