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Bhopal: विधानसभा परिसर में धरने पर बैठे कांग्रेस विधायक,बोले-शक्कर कारखाने पर सवाल पूछने का अधिकार छीना जा रहा
Mon, 20 Jul 2026 04:25 PM IST
Sandeep Kumar Tiwari
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
Published by: Sandeep Kumar Tiwari
Updated Mon, 20 Jul 2026 04:25 PM IST
सार
कैलारस शक्कर कारखाने से जुड़े प्रश्नों को बार-बार निरस्त किए जाने के विरोध में कांग्रेस विधायक पंकज उपाध्याय विधानसभा परिसर में गांधी प्रतिमा के पास धरने पर बैठ गए। उन्होंने इसे विधायक के संवैधानिक अधिकारों का हनन बताया, जबकि कांग्रेस के अन्य विधायकों ने भी उनके धरने का समर्थन किया।
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धरने पर बैठे कांग्रेस विधायक
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
भोपाल में विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन कांग्रेस विधायक पंकज उपाध्याय ने विधानसभा परिसर स्थित गांधी प्रतिमा के पास धरना देकर विधानसभा सचिवालय की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि कैलारस शक्कर कारखाने से जुड़े उनके प्रश्नों को बार-बार निरस्त किया जा रहा है, जिससे उनके संवैधानिक और विधायी अधिकारों का हनन हो रहा है।
पांच बार लगाया सवाल, हर बार निरस्त कर दिया
जौरा विधायक पंकज उपाध्याय ने कहा कि उन्होंने कैलारस शक्कर कारखाने से जुड़े मुद्दे पर दिसंबर 2025, मार्च-अप्रैल 2026 और जुलाई 2026 के सत्र सहित अब तक पांच बार प्रश्न लगाए, लेकिन चार बार उन्हें निरस्त कर दिया गया। उनका आरोप है कि विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और प्रमुख सचिव अरविंद शर्मा से कई बार सवाल निरस्त करने का कारण पूछा, लेकिन कोई जवाब नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि सोमवार को भी प्रमुख सचिव से कारण पूछा, लेकिन जवाब नहीं मिला। इसी के विरोध में उन्हें गांधी प्रतिमा के पास धरने पर बैठना पड़ा। उन्होंने कहा कि जब तक उनके प्रश्नों का उत्तर नहीं मिलेगा, तब तक उनका विरोध जारी रहेगा।
यह विधायक के अधिकारों का हनन
पंकज उपाध्याय ने कहा कि विधानसभा में प्रश्न पूछना एक विधायक का संवैधानिक और विशेषाधिकार है। यदि जनहित से जुड़े प्रश्नों को बिना कारण बार-बार निरस्त किया जाएगा तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के विपरीत है।
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यह भी पढ़ें-भोपाल में 27% ओबीसी आरक्षण को लेकर विधानसभा घेराव, रंगमहल चौराहे पर पुलिस ने रोका, वाटर कैनन चलाई
कांग्रेस विधायकों ने दिया समर्थन
धरने के दौरान कांग्रेस के कई विधायक मौके पर पहुंचे और पंकज उपाध्याय का समर्थन किया। पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने कहा कि कैलारस शक्कर कारखाने का मुद्दा बेहद महत्वपूर्ण है। उनके क्षेत्र में भी शक्कर कारखाने से जुड़ा मामला है। उन्होंने कहा कि यदि विधायकों से प्रश्न पूछने का अधिकार भी छीन लिया जाएगा तो यह गंभीर विषय है। ऐसे हालात रहे तो विपक्ष को आगे और कड़े कदम उठाने पड़ेंगे।
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पांच बार लगाया सवाल, हर बार निरस्त कर दिया
जौरा विधायक पंकज उपाध्याय ने कहा कि उन्होंने कैलारस शक्कर कारखाने से जुड़े मुद्दे पर दिसंबर 2025, मार्च-अप्रैल 2026 और जुलाई 2026 के सत्र सहित अब तक पांच बार प्रश्न लगाए, लेकिन चार बार उन्हें निरस्त कर दिया गया। उनका आरोप है कि विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और प्रमुख सचिव अरविंद शर्मा से कई बार सवाल निरस्त करने का कारण पूछा, लेकिन कोई जवाब नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि सोमवार को भी प्रमुख सचिव से कारण पूछा, लेकिन जवाब नहीं मिला। इसी के विरोध में उन्हें गांधी प्रतिमा के पास धरने पर बैठना पड़ा। उन्होंने कहा कि जब तक उनके प्रश्नों का उत्तर नहीं मिलेगा, तब तक उनका विरोध जारी रहेगा।
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यह विधायक के अधिकारों का हनन
पंकज उपाध्याय ने कहा कि विधानसभा में प्रश्न पूछना एक विधायक का संवैधानिक और विशेषाधिकार है। यदि जनहित से जुड़े प्रश्नों को बिना कारण बार-बार निरस्त किया जाएगा तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के विपरीत है।
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कांग्रेस विधायकों ने दिया समर्थन
धरने के दौरान कांग्रेस के कई विधायक मौके पर पहुंचे और पंकज उपाध्याय का समर्थन किया। पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह ने कहा कि कैलारस शक्कर कारखाने का मुद्दा बेहद महत्वपूर्ण है। उनके क्षेत्र में भी शक्कर कारखाने से जुड़ा मामला है। उन्होंने कहा कि यदि विधायकों से प्रश्न पूछने का अधिकार भी छीन लिया जाएगा तो यह गंभीर विषय है। ऐसे हालात रहे तो विपक्ष को आगे और कड़े कदम उठाने पड़ेंगे।
