फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Bhopal News ›   A gang cheat people by creating fake FB accounts in name of high profile people and officers was caught

MP: हाईप्रोफाइल लोगों और अफसरों के नाम से फर्जी एफबी अकाउंट बनाकर ठगी करने वाला गिरोह पकड़ाया, आरोपी 12वीं पास

Tue, 10 Jun 2025 11:06 PM IST
उदित दीक्षित न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: उदित दीक्षित Updated Tue, 10 Jun 2025 11:06 PM IST
सार

एडीसीपी क्राइम ब्रांच शैलेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि राजस्थान के अलवर से 12वीं पास युवक को गिरफ्तार किया गया है। यह पीओएस एजेंट और मोबाइल मरम्मत की दुकान चलाता है। एक नाबालिग भी पकड़ा गया है जो कक्षा पांचवीं तक पढ़ा है। यह गिरोह सिम कार्ड के जरिए फर्जीवाड़ा करता था।

विज्ञापन
A gang cheat people by creating fake FB accounts in name of high profile people and officers was caught
पुलिस गिरफ्त में आरोपी। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

भोपाल क्राइम ब्रांच ने राजस्थान के एक ऐसे शातिर ठग गिरोह के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के फोटो लगाकर फर्जी फेसबुक आईडी बनाते हैं और उनके कांट्रेक्ट लिस्ट में जुड़े लोगों को मैसेज भेजकर संपर्क करते हैं। इसके बाद कभी मजबूरी बताकर पैसों की मांग तो कभी ट्रांसफर, पोस्टिंग कराने का झांसा देकर पैसे की वसूली करते हैं। इस गिरोह के कुछ सदस्य फरार हैं। पुलिस उनकी गिरफ्तारी के प्रयास  रही है। 

विज्ञापन


एडीसीपी क्राइम ब्रांच शैलेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि राजस्थान के अलवर से 12 वीं पास बीरबल प्रजापत को गिरफ्तार किया गया है। यह पीओएस एजेंट और मोबाइल मरम्मत की दुकान चलाता है। एक नाबालिग भी पकड़ा गया है। नाबालिग खेती करता है और कक्षा पांचवीं तक पढ़ा है। यह गिरोह सिम कार्ड के जरिए फर्जीवाड़ा करता था। 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: झुककर निकली सोनम... चेहरा तक नहीं देख पाया कोई; गाड़ी से उतरते ही लगी सवालों की झड़ी
विज्ञापन
विज्ञापन


एडीसीपी चौहान ने बताया कि भोपाल के हबीबगंज थाना क्षेत्र में रहने वाले एक वरिष्ठ व्यक्ति ने शिकायत की थी कि उनके फेसबुक पर फर्जी प्रोफाइल तैयार की गई है। मामला गंभीर होने के कारण तत्कार प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की गई। साइबर टीम ने जांच में पाया कि यह गिरोह राजस्थान में सक्रिय है। इसके बाद टीम अलवर भेजी गई थी। यह गिरोह पकड़े गए नाबालिग के नाम से सिम को एक्टिवेट कराया और पीओएस एजेंट बीरबल प्रजापत के जरिए सिम को एक्टिवेट कराया गया। इसके बाद उक्त सिम को 300 रुपये में साइबर ठग गिरोह को बेची गई। इसी सिम के जरिए फर्जी फेसबुक प्रोफाइल बनाकर चलाई जा रही थी। 

चौहान ने बताया कि अभी नाबालिग सहित दो आरोपी पकड़े गए हैं, लेकिन मुख्य आरोपी अभी भी पुलिस की पहुंच से दूर हैं। मुख्य आरोपियों की धरपकड़ के लिए स्थानीय पुलिस के साथ भी संपर्क बना हुआ है। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के बाद पता चलेगा कि साइबर ठगी करने वाले गिरोह में कितने लोग शामिल हैं और कहां-कहां से यह अपना गिरोह संचालित कर रहे थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed