तीसरी मंजिल से गिरकर विवाहिता की मौत, भाई ने पति पर लगाए गंभीर आरोप
प्रभारी निरीक्षक के मुताबिक शुक्रवार देर रात सीएचसी में तैनात वार्ड ब्वॉय की पत्नी दीपमाला (38) ने घर की तीसरी मंजिल से कूदकर जान दे दी। सीएचसी में बने आवास में घनश्याम पत्नी दीपमाला और बेटे अंश के साथ रहता है। बड़ा बेटा आयुष ताऊ के साथ आलमबाग में रहता है। भाई मनोज कुमार के मुताबिक, घनश्याम शराब का आदी था जो पत्नी पर शक करता था।
इसको लेकर अक्सर दोनों में मारपीट होती थी। शुक्रवार रात आठ बजे घनश्याम नशे में घर पहुंचा और पत्नी से एक हजार रुपये मांगे। उसने रुपये देने से इंकार किया। इस पर घनश्याम गुस्से से आग बबूला होकर पिटाई करने लगा। यह देख बेटा अंश बीचबचाव करने पहुंचा तो उसकी पिटाई कर कमरे में बंद कर दिया। इसी बीच दीपमाला जान बचाने को तीसरी मंजिल पर जा छिपी।
पीछे से घनश्याम भी छत पर पहुंच गया। वहां भी उसने पत्नी को पीटा। आरोप है इसी बीच घनश्याम ने दीपमाला को धक्का देकर नीचे गिरा दिया। जिससे उसका दाहिना पैर कई जगह से टूट गया शरीर में गंभीर चोट आने से मौत हो गई। चीख सुनकर पड़ोसी और ड्यूटी पर तैनात डॉ. कसफु द्दीन मौके पर पहुंचे।
पुलिस के मुताबिक पत्नी ने गुस्से में की आत्महत्या
उन्होंने अधीक्षक डॉ. केडी मिश्र और पुलिस को सूचना दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में ले लिया। खबर पाते ही मायके वाले भी पहुंच गए। उधर, पुलिस के मुताबिक, पति घनश्याम के पैसे निकालने पर पत्नी से झगड़ा हुआ और पत्नी ने गुस्से में आकर तीसरे मंजिल से कूदकर जान दे दी। भाई की तहरीर पर पुलिस जांच पड़ताल में जुट गई है। इंस्पेक्टर का कहना है कि हत्या के आरोप पर दर्ज मुकदमे को लेकर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
पति पर दर्ज हुआ था दहेज उत्पीड़न का केस
भाई मनोज कुमार के अनुसार पहले भी रुपये की मांग को लेकर पति सहित परिवार के अन्य लोग मृतका को मारते पीटते थे। जिससे आहत होकर 2007 में उसने पति घनश्याम, ननद माधुरी, देवर सुनील और प्रेम के विरुद्ध न्यायालय में वाद दाखिल किया था। इसमें आपसी समझौते पर बाद में केस वापस ले लिया गया था।