उत्तर प्रदेश को आज मिल सकता है नया लोकायुक्त
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सुप्रीम कोर्ट के कड़े रुख और राजभवन के दबाव के बाद राज्य सरकार नए लोकायुक्त की नियुक्ति को लेकर एक बार फिर हरकत में आ गई है।
पुराने कानून के जरिये ही लोकायुक्त के चयन की कवायद में जुटी सरकार ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस डॉ. डीवाई चंद्रचूड़ को पत्र भेजकर चयन समिति की बैठक के लिए समय मांगा था। मंगलवार शाम को पांच बजे मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के आवास पर ये बैठक होगी।
सरकार की ओर से चीफ जस्टिस को भेजे गए पत्र में अनुरोध किया था कि वे अपनी सुविधानुसार चयन समिति की बैठक के लिए तिथि और समय तय करके अवगत करा दें ताकि बैठक बुलाई जा सके।
चीफ जस्टिस डॉ. चंद्रचूड़ को सुप्रीम कोर्ट के सोमवार के आदेश का हवाला देते हुए यह भी सूचित किया गया था कि शीर्ष अदालत ने 16 दिसंबर तक लोकायुक्त की नियुक्ति करने की अपेक्षा की है।
बैठक में लोकायुक्त के नाम पर लगेगी मुहर
शासन के उच्चपदस्थ सूत्रों का कहना है कि सितंबर में हुई चयन समिति की बैठक में नए कानून के लंबित रहते पुराने कानून से चयन करने को लेकर चीफ जस्टिस द्वारा उठाए सवाल पर संविधान विशेषज्ञों से राय मांगी गई थी।
सरकार ने फाली एस. नरीमन एवं सुभाष कश्यप से इस बाबत राय मांगी थी। सूत्रों के अनुसार, संविधान विशेषज्ञों ने राय दी है कि चूंकि अभी नए कानून को राज्यपाल की मंजूरी नहीं मिली है, इसलिए पुराने कानून के प्रावधानों के अनुसार चयन प्रक्रिया पूरी की जा सकती है।
इसके बाद सरकार ने चयन समिति की बैठक बुलाने की पहल करते हुए चीफ जस्टिस से समय मांगा था। पुराने कानून के तहत मुख्यमंत्री, नेता प्रतिपक्ष व चीफ जस्टिस की समिति ही नए लोकायुक्त के नाम का चयन करके नियुक्ति के लिए राज्यपाल को भेजेगी।