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UP Nikay Chunav: पचास फीसदी भी वोट न मिले, बन गए थे विजेता, सबसे अधिक मत प्रतिशत गाजियाबाद के महापौर पद को
Tue, 18 Apr 2023 10:52 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 18 Apr 2023 10:52 AM IST
सार
इस बार आयोग लगातार कह रहा है कि मतदान जरूर करें। उधर चूंकि इस चुनाव को लोकसभा चुनाव 2024 का रिहर्सल माना जा रहा है, ऐसे में यह भी देखना होगा कि मतदाताओं का रुख क्या है? पिछली बार कम मतदान प्रतिशत का असर यह रहा था कि महापौर पद पर जीतने वालों को भी 50 प्रतिशत वोट नहीं मिल पाए थे।
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निकाय चुनाव
- फोटो : फाइल फोटो
विस्तार
चुनाव का प्रतिशत बढ़ाने के लिए लेकर निर्वाचन आयोग लगातार जागरूकता अभियान चला रहा है। इस समय भी लोगों से ज्यादा से ज्यादा मतदान करने की बात कही जा रही है। पिछले चुनाव में महापौर पद का एक भी प्रत्याशी ऐसा नहीं था, जिसे 50 प्रतिशत वोट मिले हों।
सबसे ज्यादा मत गाजियाबाद के महापौर पद के विजेता को मिले थे। उन्हें 49.86 मत प्राप्त हुए थे। इस बार ज्यादा मतदान के लिए कई तरह के प्रयास किए जा रहे हैं। चुनावी मैदान तैयार हो चुका है। पहले चरण का नामांकन भी पूरा हो चुका है।
अब सभी उम्मीदवार अपने-अपने पक्ष में माहौल तैयार करने के लिए क्षेत्र में निकल चुके हैं। सबसे अहम यह कि कितने प्रतिशत वोटर इस चुनाव में मतदान करते हैं। यदि पिछले चुनाव की बात करें तो पहले चरण में 52.58 प्रतिशत मतदान हुआ। दूसरे चरण में मतदान प्रतिशत गिर गया, तो लगातार मत प्रतिशत बढ़ाने का आह्वान हुआ। इसका असर यह रहा कि तीसरे चरण में मतदान प्रतिशत बढ़ गया।
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इस बार आयोग लगातार कह रहा है कि मतदान जरूर करें। उधर चूंकि इस चुनाव को लोकसभा चुनाव 2024 का रिहर्सल माना जा रहा है, ऐसे में यह भी देखना होगा कि मतदाताओं का रुख क्या है? पिछली बार कम मतदान प्रतिशत का असर यह रहा था कि महापौर पद पर जीतने वालों को भी 50 प्रतिशत वोट नहीं मिल पाए थे।
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सबसे ज्यादा मत गाजियाबाद के महापौर पद के विजेता को मिले थे। उन्हें 49.86 मत प्राप्त हुए थे। इस बार ज्यादा मतदान के लिए कई तरह के प्रयास किए जा रहे हैं। चुनावी मैदान तैयार हो चुका है। पहले चरण का नामांकन भी पूरा हो चुका है।
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अब सभी उम्मीदवार अपने-अपने पक्ष में माहौल तैयार करने के लिए क्षेत्र में निकल चुके हैं। सबसे अहम यह कि कितने प्रतिशत वोटर इस चुनाव में मतदान करते हैं। यदि पिछले चुनाव की बात करें तो पहले चरण में 52.58 प्रतिशत मतदान हुआ। दूसरे चरण में मतदान प्रतिशत गिर गया, तो लगातार मत प्रतिशत बढ़ाने का आह्वान हुआ। इसका असर यह रहा कि तीसरे चरण में मतदान प्रतिशत बढ़ गया।
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इस बार आयोग लगातार कह रहा है कि मतदान जरूर करें। उधर चूंकि इस चुनाव को लोकसभा चुनाव 2024 का रिहर्सल माना जा रहा है, ऐसे में यह भी देखना होगा कि मतदाताओं का रुख क्या है? पिछली बार कम मतदान प्रतिशत का असर यह रहा था कि महापौर पद पर जीतने वालों को भी 50 प्रतिशत वोट नहीं मिल पाए थे।
वर्ष 2017 का मतदान प्रतिशत
पहला चरण - 52.85
दूसरा चरण - 48.65
तीसरा चरण - 58.65
कुल औसत मतदान- 53.38
दूसरा चरण - 48.65
तीसरा चरण - 58.65
कुल औसत मतदान- 53.38
निगम मतदान प्रतिशत विजेता मत प्रतिशत द्वितीय मत प्रतिशत तृतीय मत प्रतिशत
आगरा 40.20 भाजपा 42.20 बसपा 28.18 सपा 9.77
अलीगढ़ 49.61 बसपा 41.40 भाजपा 38.09 कांग्रेस 8.51
अयोध्या 50 भाजपा 44.89 सपा 41.27 बसपा 6.07
बरेली 44.84 भाजपा 40.73 सपा 36.99 कांग्रेस 6.23
फिरोजाबाद 56.16 भाजपा 34.99 एआईएमआईएम 19.99 सपा 16.24
गोरखपुर 35.40 भाजपा 47.72 सपा 22.92 बसपा 11.21
गाजियाबाद 41.73 भाजपा 49.86 कांग्रेस 21 बसपा 13.58
झांसी 52.19 भाजपा 35.29 बसपा 27.79 कांग्रेस 13.58
कानपुर 44.14 भाजपा 42.10 कांग्रेस 30.94 सपा 13.6
लखनऊ 38.64 भाजपा 41.94 सपा 27.34 कांग्रेस 12.9
मथुरा 40.18 भाजपा 41.34 कांग्रेस 32.47 बसपा 13.10
मुरादाबाद 42.66 भाजपा 35.65 कांग्रेस 27.66 सपा 17.97
मेरठ 47.95 बसपा 43.61 भाजपा 38.12 सपा 8.76
प्रयागराज 30.32 भाजपा 40.30 सपा 20.84 कांग्रेस 19.82
सहारनुपर 61.32 भाजपा 36.55 बसपा 35.95 कांग्रेस 20.89
वाराणसी 41.64 भाजपा 42.53 कांग्रेस 25.08 सपा 21.97
आगरा 40.20 भाजपा 42.20 बसपा 28.18 सपा 9.77
अलीगढ़ 49.61 बसपा 41.40 भाजपा 38.09 कांग्रेस 8.51
अयोध्या 50 भाजपा 44.89 सपा 41.27 बसपा 6.07
बरेली 44.84 भाजपा 40.73 सपा 36.99 कांग्रेस 6.23
फिरोजाबाद 56.16 भाजपा 34.99 एआईएमआईएम 19.99 सपा 16.24
गोरखपुर 35.40 भाजपा 47.72 सपा 22.92 बसपा 11.21
गाजियाबाद 41.73 भाजपा 49.86 कांग्रेस 21 बसपा 13.58
झांसी 52.19 भाजपा 35.29 बसपा 27.79 कांग्रेस 13.58
कानपुर 44.14 भाजपा 42.10 कांग्रेस 30.94 सपा 13.6
लखनऊ 38.64 भाजपा 41.94 सपा 27.34 कांग्रेस 12.9
मथुरा 40.18 भाजपा 41.34 कांग्रेस 32.47 बसपा 13.10
मुरादाबाद 42.66 भाजपा 35.65 कांग्रेस 27.66 सपा 17.97
मेरठ 47.95 बसपा 43.61 भाजपा 38.12 सपा 8.76
प्रयागराज 30.32 भाजपा 40.30 सपा 20.84 कांग्रेस 19.82
सहारनुपर 61.32 भाजपा 36.55 बसपा 35.95 कांग्रेस 20.89
वाराणसी 41.64 भाजपा 42.53 कांग्रेस 25.08 सपा 21.97