UP News: यूपी के वित्त मंत्री बोले- पेंशनर्स की समस्याओं का समय पर निस्तारण करेगी सरकार
यूपी के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने पेंशन निदेशालय के नए भवन का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि कर्मियों और ट्रेजरी को निर्देश दिए गए हैं कि बुजुर्गों की सेवा को कर्तव्य समझें। समस्याओं के निस्तारण में कोई गलती न हो।
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पेंशनर्स को बिना परेशानी समय से पेंशन के भुगतान व उन्हें को दी जाने वाली सेवाओं को और अधिक सुविधाजनक बनाने के लिए पेंशन निदेशालय के नवीन भवन का शुभारंभ किया गया है। बुधवार को उत्तर प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने इंदिरा नगर लखनऊ में वित्तीय प्रबंध प्रशिक्षण एवं शोध संस्थान परिसर में पेंशन निदेशालय के नवीन भवन का उद्घाटन किया। इस अवसर पर वित्त मंत्री ने कहा कि पेंशनर्स की पेंशन समय से निस्तारित की जाए, ये हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए। कोई भी वजह हो, लेकिन पेंशनर्स को किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने निदेशालय में कार्यरत कर्मियों को संबोधित करते हुए कहा कि हमें बुजुर्गों की सेवा का अवसर मिला है। ये पेंशनर्स हमारे बीच के ही लोग हैं। उनकी सेवा करना आपका कर्तव्य है। वित्त मंत्री ने सभी ट्रेजरी को संबोधित करते हुए कहा कि हमें ऐसा मैकैनिज्म बनाना होगा कि पेंशनर्स या उनके आश्रितों को दी जाने वाली पेंशन में किसी तरह की त्रुटि न हो। उन्हें निर्धारित राशि समय पर मिले, इसकी व्यवस्था करनी होगी। इसके गलत निस्तारण पर बाद में रिकवरी जैसी चीजों से हमें बचना होगा।
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मालूम हो कि राजकीय सेवकों के पेंशन प्रकरणों का निस्तारण महालेखाकार कार्यालय के स्थान पर उत्तर प्रदेश राज्य से ही कराए जाने के लिए पेंशन निदेशालय की 2 जून 1988 को स्थापना की गई थी। अभी तक यह निदेशालय इंदिरा भवन के आठवें तल पर क्रियाशील था, लेकिन आवश्यक पत्रावलियों, अभिलेखों के अभिरक्षण के लिए पर्याप्त स्थान न होने के कारण इसे वित्तीय प्रबंध प्रशिक्षण एवं शोध संस्थान परिसर में स्थानांतरित किया गया है। इस प्रशासनिक भवन का जीर्णोद्धार लोक निर्माण विभाग द्वारा एक करोड़ की लागत से कराया गया है।
वर्तमान में समूह क श्रेणी के अधिकारियों, विभिन्न आयोगों के सदस्यों एवं खादी बोर्ड सहित कृषि विश्वविद्यालयों एवं प्राविधिक कॉलेज के कार्मिकों की पेंशन प्रकरण का निस्तारण निदेशालय स्तर से किया जा रहा है। साथ ही राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली से आच्छादित कार्मिकों की सेवारत मृत्यु के प्रकरणों में इनके आश्रितों को उनके विकल्प के आधार पर पारिवारिक पेंशन भी स्वीकृत किए जाने की व्यवस्था है। अब तक लगभग 81 हजार से अधिक कार्मिकों के पेंशन प्रकरणों का निस्तारण पेंशन निदेशालय के स्तर से किया जा चुका है। वर्तमान समय में ई पेंशन सिस्टम के माध्यम से ऑनलाइन पेंशन प्राधिकार पत्र निर्गत करने की कार्रवाई की जा रही है।