यूपी में बंपर भर्तियों की तैयारी में योगी सरकार, मांगा पूरा ब्यौरा
योगी आदित्यनाथ सरकार ने राज्य लोक सेवा आयोग और अधीनस्थ सेवा चयन आयोग को सक्रिय करने की ओर कदम बढ़ाने के बाद बंपर भर्तियों की तैयारी शुरू कर दी है। मुख्य सचिव राजीव कुमार ने शासन के वरिष्ठ अधिकारियों से मौजूदा रिक्तियों के साथ 30 जून 2019 तक खाली होने वाले पदों का ब्यौरा तलब किया है। 30 जून 2018 तक की रिक्तियों का ब्यौरा 31 अगस्त तक देना है।
मुख्यमंत्री ने पिछले दिनों सपा शासनकाल के दौरान राज्य लोक सेवा आयोग में हुई सभी भर्तियों की सीबीआई जांच का एलान किया था। बाद में आयोग की ठप पड़ी चयन प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए गए थे। इसके अलावा अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के गठन की भी कार्यवाही शुरू हुई है। आयोग में अध्यक्ष व सदस्यों के चयन के लिए आवेदन मांग लिए गए हैं।
मुख्य सचिव ने अपर मुख्य सचिवों, प्रमुख सचिवों व सचिवों को इस संबंध में दिशा निर्देश जारी किया है। मुख्य सचिव ने चयन वर्ष 2017-18 (एक जुलाई 2017 से 30 जून 2018 तक) की अवधि में होने वाली रिक्तियों का ब्यौरा हर हाल में 31 अगस्त तक तथा चयन वर्ष 2018-19 (एक जुलाई 2018 से 30 जून 2019 तक) में सेवानिवृत्त होने वाली रिक्तियों का आंकलन कर ब्यौरा 30 नवंबर तक संबंधित आयोगों को भेजने का निर्देश दिया है।
तीन साल पहले ही मिलना चाहिए रिक्तियों का ब्यौरा
मुख्य सचिव ने बताया कि हर साल सेवानिवृत्ति, पदत्याग आदि कारणों से रिक्तियां होती रहती हैं। समय से रिक्तियां भरने में समय लगता है। इसके लिए रिक्त पदों का ब्यौरा तीन वर्ष पूर्व ही लोक सेवा आयोग को दिए जाते रहने चाहिए।
कार्मिक विभाग इस संबंध में लगातार दिशा निर्देश देता रहता है। इसके बावजूद समय से रिक्तियों की जानकारी आयोगों को न मिलने से भर्ती में देरी होती है, जिससे सरकारी काम प्रभावित होता है। रिक्तियों की सूचना समय से आने से भर्ती की कार्यवाही भी समय से हो सकेगी।
चार लाख से अधिक पद खाली
जानकार बताते हैं कि वर्तमान में करीब तीन लाख से अधिक पद विभिन्न विभागों में खाली हैं। तमाम विभागों में आधे से ज्यादा पद रिक्त हैं। एक लाख से ज्यादा पद पुलिस विभाग में ही रिक्त हैं। जून 2019 तक होने वाली रिक्तियों की संख्या लेने पर यह आंकड़ा चार लाख पार कर सकता है।
जब तक रिक्तियों की जानकारी आएगी, अधीनस्थ सेवा चयन आयोग का गठन हो जाने की संभावना है। आयोग गठित होते ही नई भर्तियां शुरू हो जाएंगी। तब तक समूह ‘ख’ के अराजपत्रित पद तथा समूह ‘ग’ व ‘घ’ के पदों से इंटरव्यू खत्म होने संबंधी नियमावली को मंजूरी भी मिल जाएगी।