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विभाग का दावा : यूपी में एक भी शिक्षकविहीन विद्यालय नहीं

Fri, 09 Apr 2021 12:25 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: पंकज श्रीवास्‍तव Updated Fri, 09 Apr 2021 12:25 PM IST
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State is not a single teacherless school
स्कूल - फोटो : पीटीआई
बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों में करीब दो दशक बाद पहली बार ऐसा हुआ जब एक भी विद्यालय शिक्षक विहीन नहीं है। विभाग का दावा है कि आगामी समय में होने वाली पांच हजार नई नियुक्तियों के बाद प्रदेश में एकल विद्यालय (केवल एक शिक्षक वाले स्कूल) भी नहीं बचेंगे।
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प्रदेश में 1 लाख 58 हजार से अधिक परिषदीय स्कूलों में 2020 तक 13 प्रतिशत ऐसे स्कूल थे जहां एक भी शिक्षक कार्यरत नहीं थे। वहीं 40 प्रतिशत स्कूल ऐसे थे जहां पर केवल एक ही शिक्षक कार्यरत थे। 30 प्रतिशत स्कूल ऐसे थे जहां 2 शिक्षक और 3 या इससे अधिक शिक्षक वाले मात्र 17 प्रतिशत स्कूल थे। 69  हजार सहायक अध्यापक शिक्षकों की भर्ती में बीते वर्ष दो चरणों में करीब 63 हजार 900 से अधिक नवचयनित शिक्षकों को नियुकि दी गई।
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विभाग ने नियुक्ति में शिक्षक विहीन और एकल विद्यालयों को प्राथमिकता में रखा। उसके बाद इस वर्ष 22 हजार शिक्षकों के अंतर्जनपदीय तबादलों में भी विभाग ने हर जिले में शिक्षक विहीन एवं एकल विद्यालय में ही नियुक्ति दी। उसका नतीजा यह रहा कि अब प्रदेश में एक भी शिक्षक विहीन विद्यालय नहीं है। जबकि एकल विद्यालय मात्र 5 प्रतिशत बचे है। 2 शिक्षक वाले 47 प्रतिशत और तीन व तीन से अधिक शिक्षक वाले 48 प्रतिशत विद्यालय है।
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विभाग ने 69 हजार सहायक अध्यापक भर्ती में विभिन्न कारणों से रिक्त बचे 5100 पदों पर प्रतीक्षा सूची से भर्ती करने का प्रस्ताव शासन को भेजा है। शासन की मंजूरी के बाद निदेशालय इन शिक्षकों को एकल विद्यालय में नियुक्त करने की योजना बनाई है ताकि प्रदेश में एक शिक्षक वाला भी एक भी विद्यालय नहीं बचे।

आरटीई का मानक लगभग पूरा
विभाग के अधिकारी ने बताया कि आरटीई के तहत प्राथमिक विद्यालय में 30 विद्यार्थियों पर एक शिक्षक की नियुक्ति का प्रावधान है। जबकि उच्च प्राथमिक विद्यालय में 35 विद्यार्थियों पर एक शिक्षक की नियुक्ति का प्रावधान है। प्रदेश में परिषदीय शिक्षकों, शिक्षा मित्रों और अनुदेशकों की संख्या के आधार पर अधिकांश स्कूलों में आरटीई के मानक के अनुसार शिक्षक तैनात हो गए हैं। उन्होंने बताया कि परिषदीय स्कूलों में इस समय कुल 4 लाख 66 हजार 602 शिक्षक क ार्यरत है।

प्राथमिक स्कूलों में शिक्षक - 242602
उच्च प्राथमिक स्कूलों में शिक्षक - 51235
कम्पोजिट विद्यालय (कक्षा एक से आठ तक के स्कूल) में शिक्षक - 172747

इनका कहना है
हमारा लक्ष्य है कि पांच प्रतिशत एकल विद्यालयों में भी जल्द ही एक-एक और शिक्षक नियुक्त कर दिया जाए। यह एक आदर्श स्थिति होगी जब प्रत्येक स्कूल में कम से कम दो शिक्षक होंगे।
रेणुका कुमार, अपर मुख्य सचिव बेसिक शिक्षा 
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