फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   scholorship given in akhilesh yadav tenure to be investigated.

अखिलेश राज में बांटी गई स्कॉलरशिप की होगी जांच, मोदी सरकार ने दिया आदेश

Fri, 08 Sep 2017 10:43 AM IST
अजीत बिसारिया/अमर उजाला, लखनऊ
अजीत बिसारिया/अमर उजाला, लखनऊ Updated Fri, 08 Sep 2017 10:43 AM IST
विज्ञापन
scholorship given in akhilesh yadav tenure to be investigated.
अखिलेश यादव - फोटो : amar ujala

केंद्र सरकार ने अखिलेश सरकार के कार्यकाल में अनुसूचित जाति के छात्रों को बांटे गए 7 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा के वजीफे की जांच का आदेश दिया है। भारत के नियंत्रक-महालेखापरीक्षक (कैग) की एक टीम ने बृहस्पतिवार को शासन के अफसरों और समाज कल्याण निदेशालय के अधिकारियों से 15 दिन में हर जिले का रिकॉर्ड मांगा है।

विज्ञापन


केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय वर्ष 2012-13 से 2016-17 तक बांटी गई छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति का ऑडिट करने का फैसला किया है। प्रदेश में दो लाख रुपये तक सलाना आमदनी वाले परिवारों के विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति देने के साथ-साथ उनकी शुल्क की भरपाई का प्रावधान है। पिछली सपा सरकार के कार्यकाल में इसके तहत अनुसूचित जाति के छात्रों को 7045 करोड़ रुपये की राशि वितरित की थी।
विज्ञापन


अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के नाम पर छात्रवृत्ति एवं शुल्क की प्रतिपूर्ति में बड़े घपलों की शिकायतें अक्सर ही होती रही हैं। तमाम संस्थानों के मामले में ये शिकायतें सही मिलीं। पाया गया कि पीजीडीएम (पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन मैनेजमेंट)जैसे ज्यादा फीस वाले कोर्सेज में बड़ी संख्या में फर्जी छात्र दिखाकर संस्थानों और अफसरों ने योजना के तहत दी गई राशि हड़प ली।
विज्ञापन
विज्ञापन


केंद्र सरकार सख्त : कैग ने सभी जिलों का रिकॉर्ड मांगा
7045 करोड़ रुपये हुए थे खर्च
3305 करोड़ राज्य सरकार का खर्च
3740 करोड़ केंद्र ने किया व्यय

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed