मां को शक,कहीं गर्भवती तो नहीं थी सारा!
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पूर्व मंत्री अमरमणि त्रिपाठी की बहू सारा की मौत के मामले में फीरोजाबाद पुलिस ने 59 सवालों के साथ जांच शुरू कर दी।
बृहस्पतिवार दोपहर फीरोजाबाद महिला थाना की प्रभारी मिथिलेश सेंगर और क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर अतर सिंह ने गोमतीनगर के विरामखंड स्थित सारा के घर में करीब डेढ़ घंटे तक उसकी मां सीमा सिंह के बयान दर्ज किए।
इस दौरान सीमा सिंह ने अमनमणि पर हत्या का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि अमनमणि उनकी बेटी को घुमाने के बहाने ले गया और निर्दयता से हत्या कर दी।
गर्भवती तो नहीं थी सारा!
सीमा सिंह ने बृहस्पतिवार को फीरोजाबाद पुलिस के सामने सारा के गर्भवती होने की आशंका जताई है। सीमा ने बताया कि सारा ने अपनी मौत से करीब दो महीने पहले बच्चों के बारे में जानकारी ली थी।
वह जानना चाहती थी कि बच्चे कैसे पाले जाते हैं। सीमा उसके इस सवाल से थोड़ा विचलित हुईं। उन्होंने सारा से कहा कि जब तक लाइफ सेटल न हो जाए दो से तीन मत होना। सीमा को शक है कि सारा ने अमनमणि को अपने गर्भवती होने की जानकारी दी होगी।
इसके बाद उसने सारा को रास्ते से हटाने की साजिश रच डाली हो। उन्होंने कहा कि अगर सारा गर्भवती थी तो यह एक नहीं दोहरी हत्या का मामला है।
शादी का प्रमाणपत्र जलाने की कोशिश की थी
सीमा सिंह ने बताया कि उन्होंने सारा को हर कीमत पर शादी का प्रमाणपत्र अपने पास सुरक्षित रखने की सलाह दी थी। अमनमणि के पिता व परिवार के सदस्य इस शादी से सहमत नहीं थे।
अमनमणि भी सारा को अपनी पत्नी मानने से इन्कार करते हुए उसे छोड़ भी सकता है। ऐसे में यह प्रमाणपत्र ही एकमात्र कानूनी दस्तावेज साबित होगा।
अमनमणि ने एक बार सारा से प्रमाणपत्र छीनकर इसे जलाने की कोशिश भी की। सीमा सिंह का कहना है कि अमनमणि अपनी शादी के साक्ष्य मिटाना चाहता होगा।
प्रमाणपत्र में सारा की फोटो वाला थोड़ा सा हिस्सा जला हुआ है। अमनमणि और सारा ने 27 जुलाई 2013 को अलीगंज के महावीरगंज स्थित आर्य समाज मंदिर में शादी की थी।