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Lucknow News: शव का अंतिम संस्कार करने से किया इन्कार, दो घंटे बाद माने
Mon, 21 Oct 2024 03:35 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Mon, 21 Oct 2024 03:35 AM IST
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रायबरेली में ऊंचाहार कस्बा स्थित घर में बेटे की अर्थी पर पुष्प चढ़ाकर अंतिम विदाई देते परिजन।
ऊंचाहार (रायबरेली)। सराफा कारोबारी शोभित कौशल के शव का रविवार को पोस्टमार्टम हुआ। पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचा तो कोहराम मच गया। इस दौरान परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से इन्कार कर दिया। परिजन घटना का गांव में ही खुलासा करने व हत्यारोपियों के खिलाफ अब तक हुई कार्रवाई की जानकारी मांग रहे थे। साथ ही आरोपियों के घरवालों को भी सजा दिलाने की मांग पर अड़े थे।
इसके बाद अपर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार सिन्हा व एसडीएम सिद्धार्थ चौधरी कारोबारी के घर पहुंचे और घटनाक्रम की जानकारी परिजनों को दी। साथ ही मामले को फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाने व आरोपियों को सजा दिलाने, निष्पक्ष जांच कर घटना से जुड़े अन्य लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने का लिखित आश्वासन दिया और उसे पढ़कर भी सुनाया। इसपर दो घंटे बाद परिजन शव का अंतिम संस्कार करने के लिए राजी हुए।
पूर्व कोतवाली प्रभारी से ज्यादा आक्रोशित थे व्यापारी
तत्कालीन कोतवाली प्रभारी अनिल कुमार सिंह की कार्यशैली को लेकर व्यापारियों में पहले से ही नाराजगी थी। दो माह में नगर के व्यापारियों के साथ हुई चोरी की घटनाओं के मुकदमे दर्ज नहीं किए थे। मामले में लापरवाही बरत रहे थे। गनीमत थी कि घटना के पहले ही पूर्व कोतवाली प्रभारी का डीह थाना स्थानांतरण हो गया। इसी वजह से व्यापारियों ने शनिवार को हाईवे जाम किया था। जाम हटाने में नवागंतुक कोतवाली संजय कुमार को मशक्कत करनी पड़ी थी।
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इसके बाद अपर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार सिन्हा व एसडीएम सिद्धार्थ चौधरी कारोबारी के घर पहुंचे और घटनाक्रम की जानकारी परिजनों को दी। साथ ही मामले को फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाने व आरोपियों को सजा दिलाने, निष्पक्ष जांच कर घटना से जुड़े अन्य लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने का लिखित आश्वासन दिया और उसे पढ़कर भी सुनाया। इसपर दो घंटे बाद परिजन शव का अंतिम संस्कार करने के लिए राजी हुए।
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पूर्व कोतवाली प्रभारी से ज्यादा आक्रोशित थे व्यापारी
तत्कालीन कोतवाली प्रभारी अनिल कुमार सिंह की कार्यशैली को लेकर व्यापारियों में पहले से ही नाराजगी थी। दो माह में नगर के व्यापारियों के साथ हुई चोरी की घटनाओं के मुकदमे दर्ज नहीं किए थे। मामले में लापरवाही बरत रहे थे। गनीमत थी कि घटना के पहले ही पूर्व कोतवाली प्रभारी का डीह थाना स्थानांतरण हो गया। इसी वजह से व्यापारियों ने शनिवार को हाईवे जाम किया था। जाम हटाने में नवागंतुक कोतवाली संजय कुमार को मशक्कत करनी पड़ी थी।
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