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शोधार्थियों को नहीं आवंटित किया गया छात्रावास
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छात्रावास में ताला, भटक रहे शोधार्थी
लविवि ने शोधार्थियों को नहीं आवंटित किया छात्रावास
लखनऊ विश्वविद्यालय के शोधार्थियों को शोध से ज्यादा सिर छिपाने के लिए आसरा तलाशने की फिक्र है। लविवि ने शोधार्थियों को छात्रावास का आवंटन हीं नहीं किया। शोधार्थियों के लिए निर्धारित बीरबल साहनी छात्रावास खाली पड़ा हुआ है, लेकिन लगातार तीसरे साल इसका आवंटन नहीं किया गया। छात्रावास न मिलने से विद्यार्थी इधर-उधर भटक रहे हैं।
लविवि प्रशासन ने वार्षिक मरम्मत के नाम पर शोधार्थियों से छात्रावास खाली कराया था। इसके बाद से इसका आवंटन ही नहीं किया गया।
लविवि का शैक्षिक सत्र शुरू हुए दो महीने से ज्यादा समय बीत चुका है, लेकिन शोधार्थियों को छात्रावास आवंटित नहीं किया जा रहा है।
विश्वविद्यालय में इस समय कुल 16 छात्रावास हैं। इनमें से 10 ब्वॉयज और छह गर्ल्स हॉस्टल हैं। ब्वॉयज हॉस्टल में कुल 1369 जबकि गर्ल्स हॉस्टल में 1210 सीटें हैं। सिंगल बेड वाले हॉस्टल की फीस इस समय 6400 रुपये और डबल बेड वाले हॉस्टल की फीस 5800 रुपये है। इतनी कम फीस में स्टूडेंट्स को बाहर कमरा नहीं मिल सकता। इसलिए दूर-दराज के स्टूडेंट हॉस्टल आवंटित कराने के लिए परेशान रहते हैं। विवि प्रशासन ने इसकी अनदेखी करते हुए पूरा छात्रावास खाली रखा हुआ है और विद्यार्थी छात्रावास आवंटित कराने के लिए परेशान घूम रहे हैं। छात्रों का आरोप है कि हर छात्रावास में भी कुछ कमरे खाली रखे गए हैं।
मरम्मत के लिए खाली कराया
बीरबल साहनी छात्रावास को मरम्मत के लिए खाली कराया गया था। इसका आवंटन नहीं किया जा सका था। नये दाखिले होने पर इसके आवंटन पर विचार किया जाएगा।
प्रो. एनके पांडेय
प्रवक्ता, लविवि
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लविवि ने शोधार्थियों को नहीं आवंटित किया छात्रावास
लखनऊ विश्वविद्यालय के शोधार्थियों को शोध से ज्यादा सिर छिपाने के लिए आसरा तलाशने की फिक्र है। लविवि ने शोधार्थियों को छात्रावास का आवंटन हीं नहीं किया। शोधार्थियों के लिए निर्धारित बीरबल साहनी छात्रावास खाली पड़ा हुआ है, लेकिन लगातार तीसरे साल इसका आवंटन नहीं किया गया। छात्रावास न मिलने से विद्यार्थी इधर-उधर भटक रहे हैं।
लविवि प्रशासन ने वार्षिक मरम्मत के नाम पर शोधार्थियों से छात्रावास खाली कराया था। इसके बाद से इसका आवंटन ही नहीं किया गया।
लविवि का शैक्षिक सत्र शुरू हुए दो महीने से ज्यादा समय बीत चुका है, लेकिन शोधार्थियों को छात्रावास आवंटित नहीं किया जा रहा है।
विश्वविद्यालय में इस समय कुल 16 छात्रावास हैं। इनमें से 10 ब्वॉयज और छह गर्ल्स हॉस्टल हैं। ब्वॉयज हॉस्टल में कुल 1369 जबकि गर्ल्स हॉस्टल में 1210 सीटें हैं। सिंगल बेड वाले हॉस्टल की फीस इस समय 6400 रुपये और डबल बेड वाले हॉस्टल की फीस 5800 रुपये है। इतनी कम फीस में स्टूडेंट्स को बाहर कमरा नहीं मिल सकता। इसलिए दूर-दराज के स्टूडेंट हॉस्टल आवंटित कराने के लिए परेशान रहते हैं। विवि प्रशासन ने इसकी अनदेखी करते हुए पूरा छात्रावास खाली रखा हुआ है और विद्यार्थी छात्रावास आवंटित कराने के लिए परेशान घूम रहे हैं। छात्रों का आरोप है कि हर छात्रावास में भी कुछ कमरे खाली रखे गए हैं।
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मरम्मत के लिए खाली कराया
बीरबल साहनी छात्रावास को मरम्मत के लिए खाली कराया गया था। इसका आवंटन नहीं किया जा सका था। नये दाखिले होने पर इसके आवंटन पर विचार किया जाएगा।
प्रो. एनके पांडेय
प्रवक्ता, लविवि