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यूपी: ऑनलाइन शॉपिंग करने वालों के लिए बुरी खबर

Thu, 29 Oct 2015 03:57 PM IST
Updated Thu, 29 Oct 2015 03:57 PM IST
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online shoppers cant order costier product in up

इस दिवाली पर अगर आप ऑनलाइन कंपनियों से पांच हजार रुपये से अधिक कीमत का कोई सामान मंगवाना चाहते हैं तो हो सकता है कि आप ऑर्डर ही न कर पाएं। क्योंकि प्रमुख ई-कॉमर्स कंपनियों ने यूपी के अपने सेलर व गोदाम में स्टाक नहीं होने पर पांच हजार से अधिक के उत्पाद दूसरे प्रांतों से उपलब्ध कराना बंद कर दिया है।

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इसके पीछे वाणिज्य कर विभाग द्वारा वैट को लेकर की जा रही सख्ती को वजह बताया जा रहा है।बुधवार को लखनऊ आए फ्लिपकार्ट के वाइस प्रेसिडेंट (बिजनेस डवलपमेंट) आदर्श मेनन ने बताया कि यूपी में वाणिज्य कर विभाग ने दूसरे प्रांत से पांच हजार रुपये से अधिक के उत्पाद लाकर यहां डिलीवर करने पर वैट लगा दिया है।
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लिहाजा सूबे में बने गोदामों में सामान उपलब्ध नहीं है तो दूसरे राज्यों में बने गोदामों से सामान लाकर यहां डिलीवरी नहीं दी जा रही है। हालांकि आदर्श ने बताया कि यहां पहले कंपनी का सिर्फ डासना में एक गोदाम था और हाल ही दादरी में नया गोदाम बनाया गया है।
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उन्होंने दावा किया कि यूपी में उत्पादों की उपलब्धता पहले बेहतर हुई है। पर, ऑनलाइन रिसर्च में वस्तुस्थिति ठीक इसके उलट है। फ्लिपकार्ट के साथ-साथ स्नैपडील और अमेजन इंडिया भी पांच हजार रुपये से अधिक कीमत के ज्यादातर उत्पादों की यूपी में डिलीवरी से इन्कार कर रही है।

इस संबंध में अमेजन इंडिया को ईमेल किया गया, लेकिन वे जवाब नहीं दे सके कि यूपी में 5 हजार रुपये से अधिक के उत्पाद क्यों नहीं डिलीवर किए जा रहे हैं।
आदर्श मेनन, वाइस प्रेसिडेंट, फ्लिपकार्ट

ऑनलाइन कंपनियों को यूपी में आ रही है ये समस्या

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जब कंपनियां किसी दूसरे राज्य से यूपी में सामान बेचने के लिए भेज रही हैं तो वहां वह टैक्स चुका रही हैं। ऐसे में प्रदेश में फिर से उसी उत्पाद पर टैक्स देना कंपनियों को अखर रहा है। इसकी वजह से उनके उत्पाद का मूल्य बढ़ जा रहा है, जो ग्राहक स्वीकार नहीं करेंगे।

वहीं ऑनलाइन प्रदर्शन के समय वे एक ही उत्पाद का अलग-अलग राज्यों के लिए अलग-अलग मूल्य दिखा नहीं सकते। इन हालात में कंपनियों ने तय किया कि वे यूपी में 5 हजार से अधिक का सामान ही नहीं भेजेंगी। दूसरी ओर सूबे में ई-कॉमर्स कंपनियों के गिनती के गोदाम हैं, यहां से निकले उत्पाद पर एक दफा ही वैट लगेगा। लेकिन संख्या में कम होने की वजह से यहां आए उत्पाद तुरंत खत्म हो जाते हैं।

फ्लिपकार्ट ने स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था की वजह से उसने यूपी में महंगे उत्पादों की डिलीवरी पर रोक नहीं लगाई है। आदर्श मेनन ने कहा कि डिलीवरी के समय लूटपाट या पत्थरों की डिलीवरी की जो खबरें आती हैं, उनसे उनके बिजनेस प्रोसेस पर कोई असर नहीं हो सकता।

आदर्श मेनन ने बताया कि यूपी में हर चौथे महीने फ्लिपकार्ट की सेल दो गुनी हो रही है। कंपनी यहां ‘फ्लिपकार्ट कनेक्ट’ अभियान के तहत लोगों में ऑनलाइन शॉपिंग को लेकर जागरूकता बढ़ाएगी। कंपनी यूपी में फेस्टिवल सीजन को देखते हुए जल्द नए ऑफर्स लेकर आएगी।


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