हज जाने वाले हैं, तो पढ़े यह जरूरी खबर
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इस बार हज यात्रा के पहले हज कमेटी ऑफ इंडिया हज आवेदकों की आर्थिक स्थिति
सर्वे का यह प्रपत्र हज आवेदन फॉर्म के साथ ही संलग्न है। इसे भरे बिना हज का आवेदन स्वीकार नहीं होगा।
दरअसल
हज कमेटी ऑफ इंडिया ने इस बार हज आवेदन फॉर्म के पिछले भाग में एक प्रश्न
शामिल किया है।
इसमें आवेदकों से पूछा गया है कि क्या वे वर्तमान में ग्रीन
कैटेगरी जिसका खर्च 4500 सऊदी रियाल है, उससे अधिक कीमत वाली कैटेगरी में
जाना चाहते हैं।
राज्य हज कमेटी के सचिव सुल्तान अहमद बताते हैं कि अगर हज
आवेदक अधिक कीमत वाली कैटेगरी को टिक करेगा तो उसे श्रेणियों में से किसी
एक को चुनना होगा अन्यथा ग्रीन पर ही सही का निशान लगाना होगा।
हज
कमेटी ऑफ इंडिया के मुताबिक यह केवल सर्वे है। इसका असर ग्रीन व अजीजिया
कैटेगरी पर नहीं पड़ेगा।
वहीं जानकारों का मानना है कि अगले साल के हज
कार्यक्रम के मद्देनजर हज आवेदकों की आर्थिक स्थिति का जायजा लिया जा रहा
है।
राज्य हज कमेटी के पूर्व सदस्य मौलाना सैफ अब्बास का कहना है कि यह ठीक
नहीं है। हज कमेटी ऑफ इंडिया अगर कैटेगरी बदलना चाहती है तो सीधे बदलाव
करे।