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लावारिस लाशों के वारिस मो. शरीफ बीमार, पद्मश्री के लिए नामित हुए पर अभी तक नहीं मिला अवार्ड

Sun, 21 Feb 2021 09:52 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अयोध्या
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अयोध्या Published by: ishwar ashish Updated Sun, 21 Feb 2021 09:52 PM IST
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Mohd Sahrif of Ayodhya falls ill.
मो. शरीफ - फोटो : amar ujala

पद्मश्री के लिए नामित लावारिस लाशों के वारिस शरीफ चाचा इन दिनों बीमार हैं। पिछले पांच दिनों से उनकी तबीयत ज्यादा खराब चल रही है। इलाज में आर्थिक तंगी भी बाधक बन रही है। उनकी बीमारी की सूचना के बाद जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अफसरों ने उनके घर पहुंचकर दवा और इलाज की व्यवस्था करवाई। पद्मश्री के लिए नामित होने के बावजूद देश में कोरोना के चलते अब तक उन्हें यह अवार्ड नहीं मिल सका है।

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पद्मश्री मोहम्मद शरीफ की उम्र इस समय 85 साल है। वह लगभग 28 वर्षों से लावारिस लाशों का अंतिम संस्कार करने के लिए जाने जाते हैं। यह बीड़ा उन्होंने अपने बड़े बेटे मोहम्मद रईस की हादसे में 28 वर्ष पहले मौत के बाद उठाया था। उनके बेटे के शव का अंतिम संस्कार पुलिस ने लावारिस जान कर दिया था। उसके बाद से शरीफ चाचा हर लावारिस लाश का अंतिम संस्कार उसके धर्म के अनुसार करते चले आ रहे हैं। इनके इस सामाजिक जीवन को देखते हुए केंद्र की मोदी सरकार ने वर्ष 2019 में पद्मश्री एवार्ड देने की घोषणा की थी लेकिन वर्ष 2020 में कोरोना काल की वजह से इनको पद्मश्री का अवार्ड नहीं मिल सका।
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उनके बीमार होने की सूचना पर डीएम अनुज कुमार झा के निर्देश पर एडीएम सिटी वैभव शर्मा और जिला अस्पताल की एक टीम उनके घर गई। जिला अस्पताल के डॉ. वीरेंद्र वर्मा का कहना है कि मो. शरीफ के पेट में सूजन है, उनका बेहतर इलाज किया जा रहा है।

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पद्मश्री शरीफ चाचा ने सरकार से मांगा घर और पेंशन

पद्मश्री मोहम्मद शरीफ चाचा का कहना है कि पिछले पांच दिन से तबीयत ज्यादा खराब है। ठंड की वजह से सीने में दर्द है। अभी तक पद्मश्री अवार्ड नहीं मिला है। इतनी ही सूचना है कि मेरा नाम पद्मश्री अवार्ड के लिए आया है। उनकी ख्वाहिश है कि उनको सरकार की ओर से कोई घर मिल जाए और पेंशन बांध दी जाए। उनके बेटे मोहम्मद अशरफ का कहना है कि पिछले पांच माह से अब्बू की तबीयत ठीक नहीं है। किसी तरह इलाज करवाया जा रहा है। रहने के लिए भी खुद का घर नहीं है। एक छोटा सा घर किराए पर लिया है। जिसमें परिवार के 20 सदस्य रहते हैं।

हालचाल लेने पहुंचे पूर्व मंत्री
पदमश्री मोहम्मद शरीफ की बीमारी की खबर पर पूर्व मंत्री तेज नारायण पांडे उनका हालचाल लेने उनके आवास पहुंचे और आर्थिक मदद प्रदान की। पूर्व मंत्री ने कहा की शरीफ साहब को पूरा देश जानता है। वह अब तक 25 हजार से ज्यादा लावारिस लाशों का अंतिम संस्कार कर चुके हैं। पद्मश्री मो. शरीफ  साहब आज  बेड पर हैं। अफसोस है पद्मश्री से सम्मानित बुजुर्ग का यह सरकार हालचाल भी नहीं ले रही है। सबका साथ सबका विकास का नारा देने वाली सरकार भेदभाव कर रही है। पूर्व मंत्री ने आगे भी मदद का भरोसा दिलाया।

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