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मायावती आज लखनऊ में, भाजपा विधायक की टिप्पणी को मुद्दा बना सकती है बसपा
Mon, 21 Jan 2019 08:30 AM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Mon, 21 Jan 2019 08:30 AM IST
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बसपा सुप्रीमो मायावती आज लखनऊ आ रही हैं। सपा-बसपा गठबंधन को लेकर जोन इंचार्जों को जरूरी दिशानिर्देश देने के लिए वह जल्दी ही बैठक बुला सकती हैं। बसपा भाजपा विधायक साधना सिंह के बयान को मुद्दा बना सकती है।
बसपा के राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्र की प्रतिक्रिया व पार्टी के मुख्य जोनल इंचार्ज की ओर से विधायक के खिलाफ एफआईआर के लिए तहरीर दिए जाने से इसका संकेत मिल गया है।
मायावती 15 जनवरी को जन्मदिन मनाने के बाद शाम को दिल्ली चली गई थीं। छह दिन बाद वह फिर लौट रही हैं। यहां वह सपा और बसपा गठबंधन को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने के लिए मुख्य जोनल इंचार्जों की जल्दी ही बैठक बुला सकती हैं।
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इसके बाद जोनल इंचार्ज अपने-अपने प्रभार वाले जिलों में पार्टी कार्यकर्ताओं तक बसपा मुखिया का संदेश पहुंचाएंगे। इसके अलावा लोकसभा चुनाव के लिए सपा और बसपा के बीच सीटें फाइनल न होने की वजह से दोनों ही पार्टियों के काडर में असमंजस की स्थिति है।
माना जा रहा है कि बसपा अध्यक्ष के आने के बाद सीटों का पेंच भी सुलझाया जाएगा। गठबंधन के बाद दोनों दलों के नेताओं की मंडल स्तरीय साझा रैलियों की योजना की भी बात सामने आई थी। इन रैलियों के कार्यक्रम भी तय किए जाने की संभावना है।
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बसपा के राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्र की प्रतिक्रिया व पार्टी के मुख्य जोनल इंचार्ज की ओर से विधायक के खिलाफ एफआईआर के लिए तहरीर दिए जाने से इसका संकेत मिल गया है।
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मायावती 15 जनवरी को जन्मदिन मनाने के बाद शाम को दिल्ली चली गई थीं। छह दिन बाद वह फिर लौट रही हैं। यहां वह सपा और बसपा गठबंधन को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने के लिए मुख्य जोनल इंचार्जों की जल्दी ही बैठक बुला सकती हैं।
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इसके बाद जोनल इंचार्ज अपने-अपने प्रभार वाले जिलों में पार्टी कार्यकर्ताओं तक बसपा मुखिया का संदेश पहुंचाएंगे। इसके अलावा लोकसभा चुनाव के लिए सपा और बसपा के बीच सीटें फाइनल न होने की वजह से दोनों ही पार्टियों के काडर में असमंजस की स्थिति है।
माना जा रहा है कि बसपा अध्यक्ष के आने के बाद सीटों का पेंच भी सुलझाया जाएगा। गठबंधन के बाद दोनों दलों के नेताओं की मंडल स्तरीय साझा रैलियों की योजना की भी बात सामने आई थी। इन रैलियों के कार्यक्रम भी तय किए जाने की संभावना है।