फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Lucknow: Nine years old child died because of cardiac arrest.

Lucknow: स्कूल में खेलते समय नौ साल की बच्ची की मौत, डॉक्टर बोले- कार्डिएक अरेस्ट से गई जान

Fri, 13 Sep 2024 11:00 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ Published by: पंकज श्रीवास्‍तव Updated Fri, 13 Sep 2024 11:00 PM IST
सार

मानवी सिंह के प्ले ग्राउंड में गिरकर बेहोश होने की सूचना के बाद उसे आनन-फानन फातिमा अस्पताल पहुंचाया गया था। बच्ची के घरवाले उसे चंदन अस्पताल भी लेकर गए लेकिन डॉक्टरों ने कार्डियक अरेस्ट की वजह से उसकी मौत होने की बात बताई।

विज्ञापन
Lucknow: Nine years old child died because of cardiac arrest.
मृतक छात्रा व घर में मौजूद परिजन। - फोटो : amar ujala

विस्तार

राजधानी लखनऊ के महानगर स्थित मोंटफोर्ट स्कूल की कक्षा तीन की छात्रा मानवी सिंह की बृहस्पतिवार को खेलते समय मौत हो गई। स्कूल प्रशासन कहना है कि बच्ची प्ले ग्राउंड में खेल रही थी। इसी दौरान वह गिर पड़ी। घरवालों को सूचना देने के साथ ही उसे अस्पताल पहुंचाया गया। जहां डॉक्टरों ने कार्डियक अरेस्ट की वजह से उसकी मौत होने की बात कही।

विज्ञापन


स्कूल के प्रिंसिपल जीनू अब्राहम ने बताया कि कक्षा तीन की छात्रा मानवी सिंह के प्ले ग्राउंड में गिरकर बेहोश होने की सूचना के बाद उसे आनन-फानन फातिमा अस्पताल पहुंचाया गया था। बच्ची के घरवाले उसे चंदन अस्पताल भी लेकर गए लेकिन डॉक्टरों ने कार्डियक अरेस्ट की वजह से उसकी मौत होने की बात बताई। मामला पुलिस की जानकारी में भी आया लेकिन बच्ची के घरवालों ने किसी प्रकार की कार्रवाई न करने की बात कही है।

विज्ञापन


डॉक्टर बोले- बिना जांच कुछ भी कहना संभव नहीं
संजय गांधी पीजीआई के डॉक्टर संतोष कुमार यादव के मुताबिक महज नौ साल की उम्र में बिना किसी लक्षण के अचानक कार्डियक अरेस्ट होना संभव नहीं है। बच्ची को या तो पहले से बीमारी रही होगी या फिर मौत की कोई दूसरी वजह होगी। बगैर जांच कुछ भी कहना संभव नहीं है।

विज्ञापन
विज्ञापन

डॉ. संतोष के मुताबिक नौ साल की बच्ची की मौत होना बेहद दुखद है। हालांकि मौत के कारणों पर कुछ भी कहना सही नहीं होगा। लोगों में कार्डियक अरेस्ट को लेकर तमाम भ्रांतियां हैं। उन्हें लगता है कि अचानक कार्डियक अरेस्ट होने से मौत हो जाती है। अगर किसी को इतनी बड़ी बीमारी है तो फिर उसका कोई न कोई लक्षण जरूर होगा। हमें उन पर ध्यान देना चाहिए। यह हो सकता है कि बच्चे को जन्म से ही कोई दिल की बीमारी हो, जांच न होने की वजह से अभिभावकों को इसकी जानकारी न हो। हालांकि इसके कोई न कोई लक्षण जरूर रहे होंगे।

बच्चे में ये लक्षण हों तो कराएं जांच
- बच्चे के हाथ-पैर नीले पड़ रहे हों।
- खेलते समय बच्चे के होंठ नीले पड़ना।
- बच्चे के हाथ-पैर या फिर नाखून में सूजन रहती हो।
- रोते समय बच्चे की सांस उखड़ जाती हो और बेहोशी की स्थिति बन जाती हो।
- उकडू बैठने पर सांस लेने में समस्या होना।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed