भाजपा सवालों का जवाब देने में नाकाम इसलिए विशेष सत्र बुलाकर बीच में खत्म करती है: सपा नेता
यूपी विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी ने कहा कि भाजपा विपक्ष के सवालों का जवाब देने में सक्षम नहीं है इसलिए बार-बार विधानसभा का विशेष सत्र बुलाकर इसे बीच में ही खत्म कर भाग जाती है। पिछली बार चार दिन का सत्र था पर प्रश्नकाल में ही सारा बजट पास करवा लिया जो कि असंवैधानिक है। वर्ष 2017 में विधानसभा के सभी सत्र कुल 23 दिन, 2018 में 25 दिन और वर्ष 2019 में भी सिर्फ 23 दिन ही सदन की कार्यवाही हो सकी। जिसमें गांधी जयंती पर बुलाया गया विशेष सत्र भी शामिल है।
नेता प्रतिपक्ष लखनऊ में प्रेस वार्ता में मीडियाकर्मियों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने नागरिकता कानून और एनआरसी के विरोध में हुए प्रदर्शनों के खिलाफ दमनकारी नीति अपनाई। भाजपा के लोग गांधी की बात करते हैं पर लोकतंत्र का गला घोंटते हैं। प्रदेश सरकार पूरी तरह नाकाम है और कानून व्यवस्था खस्ताहाल है। अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने भी दुनिया में महिलाओं के साथ अपराध व बलात्कार के मामले में भारत को पांचवे और यूपी को पहले नंबर पर रखा है।
राम गोविंद चौधरी ने कहा कि भाजपा अपनी असफलता छिपाने के लिए नागरिकता कानून और एनआरसी लेकर आई है। सपा ने इसका विरोध किया। हमारा धरना प्रदर्शन शांतिपूर्ण था। हमारा विश्वास अहिंसा, समानता और धर्मनिरपेक्षता में हैं। प्रदेश में जो भी दंगा हुआ वह भाजपा व आरएसएस की देन है। उन्होंने कहा कि जामिया मिलिया इस्लामिया, अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय और नदवा को छोड़ दें तो देश के अन्य शिक्षण संस्थानों के जितने भी छात्र प्रदर्शन में उतरे वह सभी हिंदू हैं।
'सपा सरकार आई तो निराधार गिरफ्तारियों के मुकदमें वापस लेंगे'
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि नागरिकता कानून के विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों पर फर्जी मुकदमे थोपे गए। 2022 में हमारी सरकार बनी तो मुकदमें वापस लिए जाएंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बदला लेने की बात करते हैं। आजादी का संघर्ष हुआ तो अंग्रेजों ने भी रिकवरी नहीं की। ये सरकार अंग्रेजों से भी बढ़कर है।
राम गोविंद चौधरी ने कहा कि ये सरकार शिक्षामित्र, अनुदेशक और लेखपाल सभी के खिलाफ है। उनकी आवाज को कुचला जा रहा है। महंगाई बढ़ रही है। अर्थव्यवस्था बर्बाद हो गई है। रोज पेट्रोल के दाम बढ़ाए जा रहे हैं। अब रेलवे का किराया बढ़ाया गया है। इन सबसे ध्यान हटाने के लिए भाजपा व आरएसएस के लोग दंगा फसाद करवा रहे हैं।