फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   interview of richa chaddha.

अधूरी रह गई 'तमंचे' की हीरोइन की ख्वाहिश

Sat, 11 Oct 2014 12:43 PM IST
नीरज अम्बुज/अमर उजाला, लखनऊ
नीरज अम्बुज/अमर उजाला, लखनऊ Updated Sat, 11 Oct 2014 12:43 PM IST
विज्ञापन
interview of richa chaddha.

अभिनेत्री ऋचा चड्ढा ने कहा कि यूं तो हर रोल चैलेंजिंग होता है, पर फिल्म ‘तमंचे’ में बॉडी लैंग्वेज और डिक्शन पर बहुत मेहनत करनी पड़ी। इस फिल्म में वे एक अनाथ लड़की बाबू के किरदार में हैं, जो बचपन में ही आपराधिक माहौल में धकेल दी जाती है।

विज्ञापन


ऋचा शुक्रवार को रिलीज हुई फिल्म ‘तमंचे’ के प्रमोशन के लिए अभिनेता निखिल द्विवेदी के साथ लखनऊ पहुंची थीं। इस दौरान दोनों कलाकारों ने अमर उजाला से बातचीत की। पेश हैं प्रमुख अंश:
विज्ञापन


कैसा किरदार निभाने की ख्वाहिश है?
-गैंग्स ऑफ वासेपुर, ओए लकी लकी ओए, रामलीला, फुकरे...आदि फिल्मों में अलग-अलग व रोचक किरदार निभाने के मौके मिले। अब हॉलीवुड में बनने वाली म्यूजिकल फिल्मों की तरह किरदार करने की ख्वाहिश है, जहां एक्टर खुद गाना गाए, केवल लिप्सिंग न करे।
विज्ञापन
विज्ञापन

टीवी पर काम करने के लिए वक्त नहीं

interview of richa chaddha.

आपके पसंदीदा निर्देशक कौन हैं और क्यों?
-सुधीर मिश्र जीनियस हैं। उनके साथ काम करना प्रिंसिपल के साथ काम करने जैसा है, जबकि अनुराग कश्यप, संजय लीला भंसाली, दिवाकर बनर्जी, मुगदीप सिंह लांबा टीचर सरीखे हैं।

सुधीर मिश्र की फिल्म ‘और देवदास’ में पारो का किरदार निभा रहीं अभिनेत्री ऋचा बताती हैं, मेरी मां शादी से पहले लंबे अरसे तक लखनऊ में रहीं। मेरे तमाम दोस्त यहां रहते हैं। ‘और देवदास’ की शूटिंग के दौरान यहां से चिकन की खरीदारी के साथ ही खूब मस्ती की, पर इमामबाड़ा देखने की हसरत अधूरी रह गई।

टीवी के बारे में क्या विचार है?
-मैंने धारावाहिक ‘24’ के एक एपिसोड में रोल निभाया है। चूंकि, टीवी के लिए 40 से 50 हफ्तों का कमिटमेंट करना पड़ता है। इसलिए फिलहाल छोटे पर्दे के लिए मेरे पास वक्त नहीं है। हां, ‘24’ में अनिल कपूर जैसा रोल मिलेगा तो जरूर करूंगी।

बदल रहा है माहौल

interview of richa chaddha.

लंबे अरसे तक पंजाबी कलाकार उत्तर प्रदेश, राजस्थान, बिहार के टैलेंट को डॉमिनेट करते रहे, लेकिन अब माहौल बदल रहा है। यूपी की पृष्ठभूमि पर फिल्में बन रही हैं और यहां शूटिंग का सिलसिला भी तेजी से बढ़ा है। यह कहना है ‘तमंचे’ में मुन्ना मिश्र का किरदार निभाने वाले अभिनेता निखिल द्विवेदी का।

स्मृतियों को टटोलते हुए कहते हैं कि ‘आखिरी रास्ता’ के प्रीमियर के लिए अमिताभ बच्चन लखनऊ आने वाले थे। इसको लेकर पूरे शहर में उत्साह था। आज हर दूसरे दिन कोई न कोई फिल्मी कलाकार लखनऊ आ रहा है। यह है असली बदलाव।

अच्छी फिल्म को मिलेंगे दर्शक

शुक्रवार को ही रिलीज हुई रजनीश दुग्गल अभिनीत ‘स्पार्क’ व अनुपम खेर की ‘21 तोपों की सलामी’ से अपनी फिल्म की तुलना के सवाल पर निखिल कहते हैं, जो फिल्म अच्छी होगी, उसे दर्शक मिलेंगे। निखिल बताते हैं कि फिल्म ‘तमंचे’ में गोलियों के अलावा रोमांस व ड्रामा का बेहतरीन कॉम्बिनेशन है।

अबू सलेम का किरदार निभाएंगे निखिल
आगामी प्रोजेक्ट्स के बारे में उन्होंने बताया कि अबू सलेम के किरदार पर आधारित बायोपिक ‘कैप्टन’ की शूटिंग जल्द शुरू होने वाली है, जिसमें मुख्य भूमिका में नजर आएंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed