मुख्यमंत्री योगी बोले, प्रियंका का राजनीति में आना राहुल के फेल होने का प्रमाण, भाजपा को होगा फायदा
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यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में भाजपा सरकार के दो साल होने व आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर अमर उजाला से खुलकर बातचीत की। उन्होंने गठबंधन व प्रियंका गांधी वाड्रा के राजनीति में आने सहित कई सवालों के जवाब दिए। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से राजेंद्र सिंह की सीधी बात-
सवाल- आपकी सरकार तीसरे साल में प्रवेश करने जा रही है। इसकी शुरुआत आम चुनाव की कड़ी परीक्षा से होने जा रही है, आप कितने तैयार हैं?
जवाब- यूपी जिस पहचान का हकदार था, 24 महीनों में हम उसे वह पहचान दिलाने में सफल रहे हैं। पहले चरण में हमने किसानों, गरीबों, मजदूरों, दलितों, वंचितों, अति पिछड़ों और महिला कल्याण के मोर्चे पर युद्ध स्तर पर काम किया। प्रदेश में इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास, एक्सप्रेस-वे, जिला मुख्यालयों को फोर लेन, तहसील व ब्लॉकों को टू लेन सड़कों से जोड़ने का खाका तैयार किया।
सवाल- इंवेस्टर्स समिट को एक साल हो गया, एक शिलान्यास समारोह हो चुका है, दूसरा 8 मार्च को कानपुर में होने जा रहा है, धरातल पर कितना निवेश उतार पाए हैं?
जवाब- इंवेस्टर्स समिट को हमने बेहतर अवसर के रूप में बदला है। पहले प्रदेश में अराजकता, गुंडागर्दी व लूट-खसोट थी। हमने सुरक्षा का बेहतर वातावरण बनाया। पहले लालफीताशाही हावी थी, इसे रोका है। हमने एयर कनेक्टिविटी को बेहतर किया। पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर काम शुरू हो गया है।
बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे पर जल्द काम शुरू होगा। मेरठ से प्रयागराज के बीच गंगा एक्सप्रेस वे का सर्वे प्रारंभ होने जा रहा है। पुलिस के आधुनिकीकरण और अवस्थापना सुविधाओं के लिए काम किया है। इन सब बातों का परिणाम सामने है। यह प्रदेश के विकास, रोजगार व नौकरी की संभावनाओं का अभियान है।
क्या सपा-बसपा को मानते हैं चुनौती?
सवाल- प्रधानमंत्री मोदी का यूपी पर पूरा फोकस है, वह लगातार प्रदेश में आ रहे हैं, अमित शाह व आपके भी ताबड़तोड़ दौरे हो रहे हैं। क्या सपा-बसपा गठबंधन को चुनौती मान रहे हैं ?
जवाब- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भाजपा के शीर्ष नेता हैं। स्वाभाविक है, उनके मार्गदर्शन में भाजपा कार्यकर्ता कार्य कर रहा है। साढ़े चार साल में केंद्र सरकार ने बिना भेदभाव के हर तबके के लिए योजनाएं शुरू कीं हैं। इससे हर क्षेत्र को प्रधानमंत्री के दौरे की अपेक्षा है। सरकार और संगठन उस पर आगे बढ़ रहे हैं। जहां तक सपा-बसपा गठबंधन का प्रश्न है, यह पहले ही फेल हो चुका है। गठबंधन के दोनों दलों के नेताओं में मची भगदड़ इसे साबित करती है। जनता इसे खारिज कर चुकी है। जनता ने दोनों दलों को तीन-तीन बार सरकार चलाने का अवसर दिया। उन्होंने जो तबाही मचाई, जनता उसे भूली नहीं है।
सवाल- प्रियंका गांधी वाड्रा के सक्रिय राजनीति में आने का प्रदेश की सियासत पर क्या असर देखते हैं?
जवाब- प्रियंका कांग्रेस की नेता हैं। उनका राजनीति में आना राहुल गांधी के नाकाम होने का प्रमाण है। कांग्रेस नेताओं को राहुल पर विश्वास नहीं था। उनके फेल होने पर ही कांग्रेस ने प्रियंका को आगे किया है। उनका सक्रिय राजनीति में आना भाजपा के हित में रहेगा।
'कुंभ ने दी यूपी को नई पहचान'
सवाल- कुंभ में श्रद्धालुओं की तादाद भी काफी बढ़ी है, लेकिन विपक्षी दल भ्रष्टाचार के आरोप लगा रहे हैं?
जवाब- भव्य और दिव्य कुंभ की परिकल्पना प्रधानमंत्री के स्वच्छ भारत मिशन और स्मार्ट सिटी योजना से प्रेरित है। कुंभ ने यूपी को नई पहचान दी है। उत्तर प्रदेश को लेकर बनी धारणा को बदलने का मौका दिया। जहां तक विपक्ष का सवाल है वह कुंभ जैसे अवसर का दुरुपयोग कर रहा है। उनका लूट-खसोट और आस्था से खिलवाड़ का इतिहास रहा है। उनके समय में कुंभ आस्था से खिलवाड़, भगदड़ व अराजकता का अड्डा बन गए थे।
आजादी के बाद हुए पहले कुंभ के समय कांग्रेस की सरकार थी। उस कुंभ में 40 लाख श्रद्धालु आए थे और 800 लोगों की भगदड़ में मौत हो गई थी। सपा सरकार ने 2013 में कुंभ के आयोजन को हल्केपन में लिया था। तब 36 लोगों की मौत हुई थी। इस बार अभी तक 22 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु कुंभ में आ चुके हैं। ईश्वर की कृपा से कुंभ मेला पूरी तरह शांतिपूर्ण रहा।
'अपराधियों व गुंदागर्दी के खिलाफ हमने सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए'
सवाल- अपराध की हाल में कुछ घटनाएं हुईं, राजधानी में डबल मर्डर, बांदा में व्यापारी के जुड़वां बेटों की लाश मिली। कानून व्यवस्था में किस स्तर पर कमी महसूस करते हैं?
जवाब- लखनऊ में हुए दोहरे हत्याकांड और बांदा में व्यापारी पुत्रों की हत्या दुर्भाग्यपूर्ण है। व्यापारी यूपी के रहने वाले हैं लेकिन यह घटना मध्य प्रदेश की है। यह मध्य प्रदेश के शासन-प्रशासन व पुलिस की अकर्मण्यता का दुष्परिणाम है।
अपहरण मध्य प्रदेश में हुआ, फिरौती वहां वसूली गई। मध्य प्रदेश पुलिस ने हमारी पुलिस से जो मदद मांगी, वह उपलब्ध कराई गई। हमने संगठित अपराध व माफिया के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। अपराधियों, गुंदागर्दी के खिलाफ हमने सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।