फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   infected blood found in lucknow blood banks

हो जाएं सावधान यूपी के ब्लड बैंक बांट रहे हैं जानलेवा खून

Sun, 09 Aug 2015 03:39 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Sun, 09 Aug 2015 03:39 PM IST
विज्ञापन
infected blood found in lucknow blood banks

निजी ब्लड बैंक से लिया गया खून मरीज की जान बचाने की जगह जानलेवा बीमारियों का कारण बन रहा है। यह एड्स, हेपेटाइटिस बी-सी, मलेरिया, अवैध संबंधों से होने वाली बीमारियों का कारण बन सकता है।

विज्ञापन


ये खुलासा स्वयं खाद्य एवं औषधि प्रशासन(एफडीए) ने कोहली व शेखर अस्पताल के ब्लड बैंकों पर की गई छापेमारी के बाद किया था। कुछ साल पहले छापेमारी के दौरान पता चला था कि ब्लड बैंक संचालकों ने नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए रक्त की जांच एलाइजा पद्धति की जगह रैपिड किट से की थी।
विज्ञापन


इससे खून की जांच नहीं हो पाती है। इस मामले में एफएसडीए ने कोहली ब्लड बैंक की चौक और शेखर हॉस्पिटल एंड ब्लड बैंक को नोटिस भी भेजी थी।

एफएसडीए ने चौक स्थित इसी कोहली ब्लड बैंक में छापेमारी में पता चला था कि कागजों में ही रक्त की जांच हो रही थी। रिकार्ड के अनुसार खून में एचआईवी, मलेरिया, हेपेटाइटिस व अन्य जांचें हो चुकी थीं लेकिन जब जांच टीम ने ब्लड बैग की जांच की तो छह यूनिट रक्त को बिना टेस्ट के ही आपूर्ति के लिए जारी कर दिया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

ब्लड बैंक से ब्लड लेना सुरक्षित

infected blood found in lucknow blood banks

यहीं नहीं कोहली ब्लड बैंक से एक यूनिट रक्त इलाहाबाद के नर्सिंगहोम में भेज गया था जबकि वहां कोल्ड चेन उपलब्ध नहीं थी। वहीं शेखर हॉस्पिटल एंड ब्लड बैंक में प्रोसेसिंग शुल्क 850 रुपये यूनिट की जगह 13 सौ रुपये मरीजों से वसूले जाने का खुलासा हुआ था।

ब्लड बैंक में बिना जांच के ब्लड बैग रखे थे। ब्लीडिंग रूम में इमरजेंसी मेडिसिन की व्यवस्था भी नहीं मिली थी। इसी के बाद अस्पताल प्रशासन को नोटिस जारी कर दी गई थी।

नियमानुसार ब्लड बैंकों को एलाइजा पद्धति से ही रक्त की जांच करनी चाहिए। इस जांच में तीन से चार घंटे लगते हैं। रैपिड टेस्ट से जानलेवा संक्रमण का पता नहीं चलता है। अब न्यूक्लिक एसिड टेस्ट से जांच की जा रही है। इसलिए सरकारी ब्लड बैंक से ही रक्त लेना सुरक्षित होता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed