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'लव जेहाद' पर फंसी सरकार, कोर्ट ने मांगा जवाब

Tue, 16 Sep 2014 01:08 AM IST
सुधीर कुशवाहा/अमर उजाला, लखनऊ
सुधीर कुशवाहा/अमर उजाला, लखनऊ Updated Tue, 16 Sep 2014 01:08 AM IST
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highcourt ask state govt about love jehad.

हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने ‘लव जेहाद’ शब्द को सांप्रदायिक बताकर इसके इस्तेमाल पर रोक लगाने के अनुरोध वाली एक जनहित याचिका पर उत्तर प्रदेश सरकार से जवाबी हलफनामा दाखिल करने के लिए कहा है।

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इसके लिए दो हफ्ते का समय भी दिया। हालांकि सरकार ने कोर्ट को बताया कि प्रदेश में लव जेहाद को कोई अस्तित्व नहीं है। और न ही इसके जरिये सूबे में धर्मांतरण जैसा कुछ भी हो रहा है।
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न्यायमूर्ति इम्तियाज मुर्तजा और न्यायमूर्ति श्रीनारायण शुक्ल की खंडपीड ने सोमवार को यह आदेश स्थानीय अधिवक्ता पंकज तिवारी की याचिका पर दिया।

'लव जेहाद' शब्द पर लगे रोक

highcourt ask state govt about love jehad.

याचिका में केंद्रीय मंत्री कलराज मिश्र और भाजपा सांसद योगी आदित्यनाथ को भी पक्षकार बनाकर इन्हें चुनाव प्रचार करने से रोकने की गुजारिश की गई है।

याची के अधिवक्ता सीबी पांडेय कहा कि ‘लव जेहाद’ शब्द के जरिये सांप्रदायिकता फैलाई जा रही है और समाज का ध्रुवीकरण किया जा रहा है। इससे देश के दो बड़े समुदायों के बीच कटुता बढ़ रही है।

इतना ही नहीं अकेले वर्ष 2013 में यूपी में सांप्रदायिक हिंसा की 247 घटनाएं हो चुकी हैं। लिहाजा इस शब्द के इस्तेमाल पर रोक लगाई जानी चाहिए।

वहीं राज्य सरकार के अपर महाधिवक्ता बुलबुल गोदियाल ने कोर्ट को बताया कि यूपी में ‘लव जेहाद’ का कोई अस्तित्व नहीं है और इसके जरिये सूबे में धर्मांतरण जैसा कुछ भी नहीं हो रहा है।

सरकार ने कोर्ट से मांगा समय

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राज्य सरकार के महाधिवक्ता ने कहा कि सूबे में ‘लव जेहाद’ को लेकर जिस मामले को मुद्दा बनाकर तूल दी गई, उसमें प्राथमिकता दर्ज कर तीन नामजद आरोपियों को जेल भेजा गया है। साथ ही पीड़िता के कलमबंद बयान भी दर्ज कराए गए हैं।

हालांकि अपर महाधिवक्ता ने मामले में जवाब दाखिल करने के लिए कोर्ट से और समय दिए जाने का अनुरोध किया। इस पर न्यायालय ने दो हफ्ते का समय दिया है। इसके बाद ही मामले में अगली सुनवाई होगी।

सांसद योगी के खिलाफ सीबीसीआईडी की जांच शुरू

अपर महाधिवक्ता ने कोर्ट को यह भी बताया कि भाजपा सांसद योगी आदित्यनाथ के खिलाफ सीबीसीआईडी की जांच शुरू हो गई है और कथित रूप से भड़काऊ भाषण वाली सीडी को जांच के लिए फोरेंसिक लैब दिल्ली भेजा गया है। जिसकी जांच रिपोर्ट अभी आनी है।

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