{"_id":"63a9af2f37e0cf0b816df417","slug":"government-got-permission-to-implement-new-policy-in-the-recruitment-of-sports-coaches-high-court-ordered","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP News : खेल प्रशिक्षकों की भर्ती में सरकार को नई नीति लागू करने की मिली छूट, हाईकोर्ट ने दिया आदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP News : खेल प्रशिक्षकों की भर्ती में सरकार को नई नीति लागू करने की मिली छूट, हाईकोर्ट ने दिया आदेश
Mon, 26 Dec 2022 07:57 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
संवाद न्यूज एजेंसी, अमर उजाला, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Mon, 26 Dec 2022 07:57 PM IST
सार
सरकारी वकील ने कहा था कि इस अंतरिम आदेश की वजह से राज्य सरकार 21 सितंबर 2020 की नई नीति पूरी तरह से लागू नहीं कर पा रही है। इसके मद्देनजर सरकारी वकील ने अंतरिम आदेश को संशोधित करने का आग्रह किया, जिससे सरकार नई नीति पर अमल कर सके।
विज्ञापन
लखनऊ हाईकोर्ट
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने खेल प्रशिक्षकों की भर्ती के मामले में राज्य सरकार को 21 सितंबर 2020 की नई नीति लागू करने की छूट दे दी है। इसके तहत जेम पोर्टल के माध्यम से खेल प्रशिक्षकों को नियुक्त किया जाना है। न्यायमूर्ति आलोक माथुर की एकल पीठ ने यह आदेश विकास यादव समेत अन्य अंशकालिक खेल प्रशिक्षकों की याचिका पर दिया।
विज्ञापन
कोर्ट ने याचिका के लंबित रहने के दौरान याचियों को सभी लाभों के साथ अंशकालिक खेल प्रशिक्षकों के रूप में कार्यरत रखने का आदेश दिया है। कहा कि नियुक्ति संबंधी पारित किया जाने वाला कोई आदेश इस न्यायालय के अंतिम आदेशों के अधीन होगा। अदालत ने याचिका को अंतिम निस्तारण के लिए फरवरी के दूसरे सप्ताह में सूचीबद्ध करने को कहा है।
विज्ञापन
गौरतलब है कि याचियों ने खेल प्रशिक्षकों की नियुक्ति संबंधी 21 सितंबर 2020 की नीति को चुनौती दी है। इसमें कहा गया है कि सरकार नई नीति के तहत जेम पोर्टल के माध्यम से खेल प्रशिक्षकों को नियुक्त करना चाहती है। ऐसे में याची अंशकालिक खेल प्रशिक्षकों के हित प्रभावित होंगे। ऐसे में उन्हें वर्ष 2019 के शासनादेश के तहत नवीनीकरण का एक मौका दिया जाना चाहिए। पर, ऐसा न करके सरकार ने 21 सितंबर 2020 के आदेश और 21 जनवरी 2021 के विज्ञापन के जरिए अंशकालिक खेल प्रशिक्षकों के पद भरने के लिए आवेदन मांगा है। याचियों ने आशंका जताई थी कि इससे काफी समय से कार्यरत याचियों को काम से हटा दिया जाएगा। कोर्ट ने मामले में 1 जुलाई 2021 को अंतरिम आदेश दिया था कि याचिकाकर्ता अंशकालिक खेल प्रशिक्षकों को मामले की अगली सुनवाई तक कार्यरत रखा जाए।
विज्ञापन
उधर, सरकारी वकील ने कहा था कि इस अंतरिम आदेश की वजह से राज्य सरकार 21 सितंबर 2020 की नई नीति पूरी तरह से लागू नहीं कर पा रही है। इसके मद्देनजर सरकारी वकील ने अंतरिम आदेश को संशोधित करने का आग्रह किया, जिससे सरकार नई नीति पर अमल कर सके।