फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   gang caught in fraud

बंद पॉलिसी का क्लेम दिलाने के नाम पर करोड़ों की ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश

Sun, 01 May 2022 02:06 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sun, 01 May 2022 02:06 AM IST
विज्ञापन
gang caught in fraud
लखनऊ। एजेंट कोड हटाने व बंद पॉलिसी का क्लेम दिलाने के नाम पर करोड़ों की ठगी करने वाले गिरोह का खुलासा एसटीएफ व कृष्णानगर पुलिस ने किया है। इस गिरोह के सदस्य आईआरडीए (इंश्योरेंस रेग्यूलेटरी एंड डवलपमेंट अथॉरिटी), आरबीआई, एलआईसी जीबीआईसी के अधिकारी बनकर इंश्योरेंस में बोनस, एजेंट हटवाने व बंद पॉलिसी का क्लेम दिलाने का झांसा देते थे। इसके बाद लोगों से लाखाें रुपये हड़प लेते थे। इस गिरोह के पास नौ सदस्यों को एटीएफ व कृष्णानगर पुलिस ने दिल्ली के कीर्तिनगर इलाके से दबोचा है। उनके पास से 26 लाख रुपये नकदी, कई अहम दस्तावेज, 10 हजार से अधिक लोगों के डाटा बरामद हुए हैं।
विज्ञापन

एसटीएफ के कार्यवाहक एसएसपी विशाल विक्रम सिंह के मुताबिक, कुछ दिन पहले कृष्णानगर में आशा मिश्रा नाम की महिला ने केस दर्ज कराया था जिसमें आरोप था कि आईआरडीए के अधिकारी बनकर इंश्योरेंस पॉलिसी में बोनस दिलाने, एजेंट कोड हटवाने और बंद पॉलिसी का क्लेम दिलाने के नाम पर ठगी की जा रही है। महिला का आरोप था कि उससे छह महीने में 22 लाख रुपये ठग लिए गए। लेकिन इसके बाद भी कोई फायदा नहीं हुआ। जानकारी होने पर के बाद एसटीएफ ने इस मामले में पड़ताल शुरू की। इस काम में एसटीएफ की साइबर क्राइम टीम ने नेटवर्क खंगालना शुरू किया। जिसमें दिल्ली के कई युवकों के नाम व नंबर सामने आये। इसी आधार पर पुलिस ने कुडंली खंगालनी शुरू की, तो 9 लोगों के इस गिरोह में शामिल होने की पुष्टि हो गई। इसके बाद कृष्णानगर इंस्पेक्टर आलोक राय, एसटीएफ के एसआई एसआई पंकज सिंह व मनोज सिंह के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया गया। संयुक्त टीम ने दिल्ली में दबिश दी। वहां से टीम ने 9 लोगों को गिरफ़तार किया।
विज्ञापन

गिरफ्तार आरोपी--
एसटीएफ और कृष्णानगर पुलिस ने ठगी के मामले में दिल्ली के आई 110, कीर्तिनगर फर्नीचर मार्केट दिल्ली पश्चिमी से मूलरूप से मेरठ के मुलसन और वर्तमान में गौतमबुद्घनगर के प्लूमेरिया गार्डेन स्टेट सेक्टर ओमीक्रान-3 निवासी देवेंद्र सिंह, फतेहपुर के रानी कालोनी निवासी मोहित कुमार, प्रतापगढ़ दयालपुर के रजनीश शुक्ला, बिहार बाघाखाण निवासी रोहित कुमार सिंह, पश्चिम बंगाल के मालदा स्थित नाला गोला निवासी गणेश, हरियाणा के रामनगर निवासी सुनील सैनी, फतेहपुर के आवास विकास कालोनी स्वदेश पाल सिंह, प्रतापगढ़ के जाजूपुर निवासी आनंद कुमार मिश्रा और जनकपुरी दक्षिण नई दिल्ली निवासी शोभित कुमार पांडेय को गिरफ्तार किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

आरोपियों के पास मिले सामान
एसटीएफ व कृष्णानगर पुलिस ने आरोपियों के पास से 97 मोबाइल, 8 कंप्यूटर व सीपीयू, 5 लैपटॉप, 3 प्रिन्टर, दो हार्ड डिस्क, 264 स्टेनो पैड, 170 रजिस्टर, 76 चेक बुक, 26 चेक, 32 मोहर, 4 सिम कार्ड, 6 आधार कार्ड, 16 डेविट कार्ड,18 क्रेडिट कार्ड, 6 डीएल, 14 पैनकार्ड, 2 मैट्रो कार्ड, 1 प्रिवलेज कार्ड, 1 आरसी, 28 हजार पेज अनाधिकृत डेटा, 1000 पेज अजकिस्म कागजात, 3 पासबुक, 3 लग्जरी चार पहिया वाहन और 26,04,300 रूपये नगदी बरामद हुआ है।
चोरी के डेटा से करते थे ठगी
एसटीएफ के अधिकारी के मुताबिक इस गिरोह के दिल्ली के एनसीआर में बिना कंपनी के वैधानिक नाम व पते का इस्तेमाल कर कॉल सेंटर खोला गया था। इसकी पुष्टि होने के बाद पुलिस टीम ने घेराबंदी शुरू की। पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने एक कॉल सेंटर खोला। यहां से कॉल करने के लिए कई नामी कंपनियों से डेटा चोरी कराई। इसी चोरी के डेटा में मिले मोबाइल नंबरों पर कॉल कर ठगी शुरू कर दी। काल कराकर भारत सरकार, आरबीआई, विभिन्न बैंक, भारतीय जीवन बीमा निगम व विभिन्न इंश्योरेंस कंपनियों का खुद को अधिकारी बताते थे। खुद की तैनाती मुख्यालय मुंबई में बताकर ग्राहक को विष्वास में लेते थे। बात करने का तरीका भी ऐसा होता था कि ग्राहक को लगे सम्बन्धित विभाग का ही अधिकारी है। उनकी अनावश्यक बीमा पालिसी कमीशन कमाने के लालच में करते है। एक ही व्यक्ति की व उसके परिवार की कई पालिसियाें नित नये नये बहाने बताकर करते रहते है।
ठगों ने ले रखा था कई कंपनियों के एजेंट कोड
प्रभारी निरीक्षक कृष्णानगर आलोक राय के मुताबिक इस गिरोह के सदस्यों ने लोगों को झांसे में रखने के लिए बीमा कंपनियों का एजेंट कोड ले रखा है। प्रत्येक पॉलिसी पर 50 से 70 प्रतिशत तक बीमा कंपनियां कमीशन देती है। इसी लिए यह एक गिरोह बनाकर आईआरडीएआई के द्वारा दिये निर्देशों का खुला उल्लंघन कर फर्जी कॉल सेंटर खोल लिया। अपनी असली पहचान छिपाकर विभिन्न संस्थानों, बैंकों व विभिन्न इन्श्योरेन्स कंपनियों का नाम लेकर यह बीमा पालिसी करते है। गिरोह के सरगना देवेन्द्र सिंह है।
पांच कंपनियों का कराया है रजिस्ट्रेशन
एसटीएफ की पूछताछ में सरगना देवेंद्र सिंह, सहयोगी आनंद मिश्रा, मोहित सिंह ने कुबूला किया ईडीओडीसीडी सॉल्यूशंस प्रा. लि. के अलावा चार पांच कंपनियां अपने कार्यालय के कर्मचारियों के नाम पर रजिस्टर्ड करा रखा है। जालसाजों ने ईडीओसीडी सॉल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड, कावेरी इनफॉर्मेटिक्स प्राइवेट लिमिटेड, पेपर कैंडी प्राइवेट लिमिटेड, केआईपीएल एडवाइजरी प्राइवेट लिमिटेड, विभाकर वेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड, सोलेंज इंफोसिस्टम प्राइवेट लिमिटेड व ऑफ रोल इम्प्लॉइज के लिए पॉलिसी प्लानेट नाम से रजिस्टर्ड कराए हैं। जालसाजों ने कुबूल किया है कि दिल्ली एनसीआर में 6 कॉल सेंटर संचालित करते हैं। जिसमें 600 कर्मचारी काम करते हैं। जिनके जरिए रोज 5000 से अधिक पॉलिसी बेची गई है। गिरोह 2018 से सक्रिय है।

नामी इंश्योरेंस कंपनियों के नाम पर करते थे ठगी
पुलिस के मुताबिक यह गिरोह भारती एक्सा, इंडिया फर्स्ट लाइफ, मैक्स लाइफ , आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल, लाइफ केयर हेल्थ, स्टार हेल्थ, एचडीएफसी एर्गो, एडलवाइज टोकियो व एचडीएफसी लाइफ के नाम पर लोगों से इंश्योरेंश कराते थे। पूछताछ में आरोपियों ने कुबूला कि हर पॉलिसी बेचने पर कंपनियाँ 70 प्रतिशत तक कमीशन देती हैं। कमीशन के लालच में मेरे द्वारा अपनी टीमों-कालसेंटरों के कर्मियों को इंसेंटिव का लालच देकर किसी भी तरीके से पालिसी कराने की पूरी छूट दी जाती है। कंपनियों के कमीशन का 35 प्रतिशत इडिओसीडी सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड पर व 35 प्रतिशत कमीशन हमारी मार्केटिंग कंपनियां केआईपीएल एडवाइजरी, विभाकर वेंचर व सोलेन्ज इंफोसिस्टम प्राइवेट लिमिटेड पर देती हैं। इडिओसीडी पर ही 70 प्रतिशत इसलिए नहीं लेते हैं क्योंकि यह आईआरडीएआई द्वारा दिए गए निर्देशों का उल्लंघन होगा। इसी काम के लिए मैंने केआईपीएल एडवाइजरी, विभाकर वेंचर, सोलेंज इंफोसिस्टम को रजिस्टर्ड कराया गया है। एसटीएफ के अधिकारियों के मुताबिक इस गिरोह के पास से मिले डेटा को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा जाएगा। उसकी रिपोर्ट आने केबाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed