फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   fifty percent of kidney patient are suffer from malnutrition.

50 फीसदी किडनी पेशेंट्स की मौत कुपोषण की वजह से

Mon, 24 Nov 2014 10:47 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Mon, 24 Nov 2014 10:47 AM IST
विज्ञापन
fifty percent of kidney patient are suffer from malnutrition.

गुर्दा रोगियों को लंबे जीवन के लिए इलाज के साथ ही अच्छे खान-पान की जरूरत भी होती है। खाना-पीना कम कर देने के कारण मरीज कुपोषण का शिकार हो जाता है।

विज्ञापन


जिससे उसे अन्य बीमरियां भी घेर लेती हैं। इसलिए जरूरी है कि गुर्दा रोगी कार्बोहाइड्रेट और प्रोटीन युक्त भोजन ज्यादा लें।

संजय गांधी पीजीआई में रविवार को आयोजित सोसाइटी ऑफ रीनल न्यूट्रिशन एंड मेटाबोलिज्म के अधिवेशन में सर गंगाराम अस्पताल दिल्ली के न्यूट्रीशनिस्ट डॉ. एके भल्ला ने ये जानकारी दी। वो इस सोसाइटी के अध्यक्ष भी हैं।
विज्ञापन


डॉ. एके भल्ला ने बताया कि अधिकतर मरीज अपने आप खाना-पीना कम कर देते हैं। इससे उन्हें कमजोरी आ जाती है। इसी कारण गुर्दे की बीमारी के 50 फीसदी मरीजों की मौत का कारण कुपोषण बनता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने बताया कि किडनी के मरीजों को 60 फीसदी कार्बोहाइड्रेट, 30 फीसदी प्रोटीन व 10 से 20 फीसदी फैट लेना चाहिए। अधिक प्रोटीन युक्त आहार ही नहीं लेना चाहिए।

पानी पीने का रखें ध्यान

fifty percent of kidney patient are suffer from malnutrition.

बीएचयू के नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. जयप्रकाश ने बताया कि लोगों में धारणा है कि अधिक पानी पीने से गुर्दे खराब नहीं होते हैं। रोज केवल इतना पानी पीना चाहिए, जिससे रोज कम से कम दो लीटर पेशाब हो।

इसके लिए 2.5 लीटर पानी पीना ही काफी है। जब प्यास लगे तभी पानी पीना चाहिए। उन्होंने बताया कि किडनी खराब होने पर हीमो या पेरीटोलियल डायलसिस पर व्यक्ति को रखा जाता है।

इस दौरान शरीर से पोषक व खनिज तत्वों की कमी हो जाती है। गुर्दा रोगियों को कम पोटैशियम युक्त आहार लेना चाहिए।

एसजीपीजीआई गुर्दा रोग विशेषज्ञ डॉ. नारायण प्रसाद ने बताया कि गुर्दा रोगी जब तक अस्पताल पहुंचते हैं उनमें 50 फीसदी मरीज शारीरिक रूप से कमजोर हो कर आते हैं।

इन मरीजों किडनी की परेशानी के 1.5 से 2 लाख नए मामले हर साल बढ़ रहे है। किडनी परेशानी बढ़ने का कारण डायबिटीज, उच्च रक्तचाप, पेन किलर और फास्ट फूड है।

किडनी पेशेंट्स को सर्दियों में 2 से 2.5 लीटर पानी पीना चाहिए। गर्मियों में 3 से 4 लीटर पानी पीना चाहिए। गुर्दा रोगी खानपान के लिए डायटीशियन से सलाह जरूर लें। खाने में प्रोटीन का ध्यान रखें।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed