{"_id":"62e2757a42461f31db0709fb","slug":"electricity-employees-will-have-to-pay-power-bills-on-domestic-price","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP: बिजलीकर्मियों पर भी लागू होंगी घरेलू उपभोक्ता की दरें, अब नहीं कर सकेंगे सुविधाओं का दुरुपयोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: बिजलीकर्मियों पर भी लागू होंगी घरेलू उपभोक्ता की दरें, अब नहीं कर सकेंगे सुविधाओं का दुरुपयोग
Thu, 28 Jul 2022 05:09 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Thu, 28 Jul 2022 05:09 PM IST
सार
बिजली विभाग के कर्मचारियों को भी घरेलू दरों पर बिजली का बिल देना होगा। अगर उन्होंने रियायत का दुरुपयोग करने की कोशिश की तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : पिक्साबे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर प्रदेश में रियायती बिजली का इस्तेमाल कर रहे विभागीय अधिकारियों-कर्मचारियों के लिए घरेलू उपभोक्ताओं की दरें लागू होंगी। राज्य विद्युत नियामक आयोग की ओर से जारी 2022-23 के टैरिफ आर्डर में विभागीय कर्मियों को घरेलू उपभोक्ता की श्रेणी में रखा गया है। हालांकि आयोग ने विभागीय कर्मियों की अलग श्रेणी 2016-17 में ही समाप्त कर दी थी, लेकिन छह साल बाद भी न तो इनके यहां मीटर लग सके और न ही घरेलू उपभोक्ताओं के लिए तय दरों पर वसूली हो पा रही है।
विज्ञापन
नियामक आयोग ने अब कड़ा रुख अपनाते हुए बिजली कंपनियों को 31 मार्च 2023 तक सभी विभागीय कर्मियों व पेंशनरों के यहां मीटर लगाकर आम उपभोक्ताओं की तरह बिलिंग करने के निर्देश दिए हैं। मीटर लगने तक रियायती बिजली की सुविधा का दुरुपयोग मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन
अगर इस बार आयोग अपने आदेश पर अमल कराने में कामयाब रहता है तो बिजली कर्मचारी व पेंशनर्स ज्यादा दिन तक रियायती दर पर असीमित बिजली का इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे। वहीं रियायती बिजली का इस्तेमाल करने वालों को हलफनामा देना होगा कि वह इसका केवल अपने लिए घरेलू इस्तेमाल कर रहे हैं। किसी कार्मिक का तबादला होने पर उसे नए तैनाती स्थल पर हलफनामा देना होगा कि उसका दूसरी जगह कनेक्शन नहीं है। अभी विभागीय कर्मियों व पेंशनर्स की बिजली पर हर साल 450 करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च हो रहे हैं।
विज्ञापन
86 हजार कर्मचारी व पेंशनर्स को मिल रही सुविधा
मौजूदा समय में रियायती बिजली की सुविधा प्राप्त करने वाले बिजलीकर्मियों व पेंशनरों की संख्या करीब 86 हजार है। अलग श्रेणी समाप्त किए जाने से पहले अलग-अलग स्तर के विभागीय कर्मियों व पेंशनर्स के लिए 160 रुपये से लेकर 600 रुपये प्रतिमाह फिक्स चार्ज तय था। इसके अलावा गर्मियों में एसी के लिए 600 रुपये प्रति एसी के हिसाब से भुगतान का प्रावधान था।