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Lucknow News: आठ उपकेंद्र और बनेंगे, मिलेगी बेहतर बिजली
Tue, 05 Mar 2024 12:55 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Tue, 05 Mar 2024 12:55 AM IST
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रायबरेली। जिले में बिजली उपभोक्ताओं को भरपूर बिजली मिले, इसके लिए आठ नए विद्युत उपकेंद्रों का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इन उपकेंद्रों के बनने से जिले में उपकेंद्रों की संख्या 62 हो जाएगी। इससे पांच लाख उपभोक्ताओं को भरपूर बिजली मिलेगी।
इन विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण रिवैंप डिस्टीब्यूशन सेक्टर स्कीम (आरडीएसएस) से कराया जाएगा। उपकेंद्रों के बनने से करीब पांच लाख उपभोक्ताओं को बिजली संकट से राहत मिलेगी। मौजूदा समय में जिले 54 विद्युत उपकेंद्र हैं। इन उपकेंद्रों से निकले फीडरों की लंबाई बहुत ज्यादा है। इससे गर्मी और बरसात के दिनों में उपकेंद्र ओवरलोड हो जाते हैं।
फीडरों की लंबाई अधिक होने पर फॉल्ट भी अधिक होते हैं। इस समस्या को देखते हुए जिले में आठ नए विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण कराया जाएगा। इनके बनने से न सिर्फ फीडरों की लंबाई कम होगी, बल्कि फॉल्ट भी कम होंगे और भरपूर बिजली मिलेगी।
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यहां बनेंगे विद्युत उपकेंद्र
विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण के लिए उन स्थानों का चयन किया गया है, जहां पर दो विद्युत उपकेंद्रों के बीच की दूरी अधिक है। बीच में उपकेंद्र निर्माण के लिए स्थल का चयन किया गया। प्रयागपुर, थुलरई, अंबारा पश्चिम, रायपुर महेरी, राजघाट, पुरवा पिंडौर, गंगागंज और मऊगर्वी में विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण कराया जाएगा। सभी विद्युत उपकेंद्रों में पांच-पांच एमवीए के दो ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे।
आठ नए विद्युत उपकेंद्रों के निर्माण के प्रस्ताव तैयार कर भेज दिया गया है। इनके निर्माण में करीब 48 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इनके बनने से बिजली आपूर्ति पहले से और बेहतर हो जाएगी।
-रामकुमार, अधीक्षण अभियंता विद्युत मंडल द्वितीय
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इन विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण रिवैंप डिस्टीब्यूशन सेक्टर स्कीम (आरडीएसएस) से कराया जाएगा। उपकेंद्रों के बनने से करीब पांच लाख उपभोक्ताओं को बिजली संकट से राहत मिलेगी। मौजूदा समय में जिले 54 विद्युत उपकेंद्र हैं। इन उपकेंद्रों से निकले फीडरों की लंबाई बहुत ज्यादा है। इससे गर्मी और बरसात के दिनों में उपकेंद्र ओवरलोड हो जाते हैं।
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फीडरों की लंबाई अधिक होने पर फॉल्ट भी अधिक होते हैं। इस समस्या को देखते हुए जिले में आठ नए विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण कराया जाएगा। इनके बनने से न सिर्फ फीडरों की लंबाई कम होगी, बल्कि फॉल्ट भी कम होंगे और भरपूर बिजली मिलेगी।
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यहां बनेंगे विद्युत उपकेंद्र
विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण के लिए उन स्थानों का चयन किया गया है, जहां पर दो विद्युत उपकेंद्रों के बीच की दूरी अधिक है। बीच में उपकेंद्र निर्माण के लिए स्थल का चयन किया गया। प्रयागपुर, थुलरई, अंबारा पश्चिम, रायपुर महेरी, राजघाट, पुरवा पिंडौर, गंगागंज और मऊगर्वी में विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण कराया जाएगा। सभी विद्युत उपकेंद्रों में पांच-पांच एमवीए के दो ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे।
आठ नए विद्युत उपकेंद्रों के निर्माण के प्रस्ताव तैयार कर भेज दिया गया है। इनके निर्माण में करीब 48 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इनके बनने से बिजली आपूर्ति पहले से और बेहतर हो जाएगी।
-रामकुमार, अधीक्षण अभियंता विद्युत मंडल द्वितीय