मनी लॉन्ड्रिंग : पूर्व मंत्री गायत्री प्रजापति के लखनऊ समेत सात ठिकानों पर छानबीन, 11 लाख के पुराने नोट मिले
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प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मनी लॉन्ड्रिंग में बड़ी कार्रवाई करते हुए जेल में बंद पूर्व खनन मंत्री गायत्री प्रजापति के सात ठिकानों पर छापा मारा। ईडी की टीम ने लखनऊ में गायत्री के बेटे कार्यालय में, कानपुर में उनके चार्टर्ड अकाउंटेंट के यहां और अमेठी में उसके ड्राइवर के यहां छानबीन की। सूत्रों के अनुसार निदेशालय की टीम को अहम दस्तावेज मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है। लखनऊ में 11 लाख के पुराने नोट और 5 लाख मूल्य के सादे स्टैंप पेपर भी बरामद हुए हैं।
ईडी के अफसरों के मुताबिक अभी तक की पड़ताल में गायत्री के बेटे की कई मुखौटा कंपनियां सामने आई हैं। इन कंपनियों में काली कमाई को सफेद करने की कोशिश की गई। इनमें से एक कंपनी के द्वारा लखनऊ में सौ करोड़ से अधिक की 110 एकड़ जमीन खरीदे जाने भी जानकारी है। ईडी ने पूर्व मंत्री के खिलाफ 4 अगस्त, 2019 को धनशोधन रोकथाम अधिनियम, 2002 के तहत मामला दर्ज किया था। आय से अधिक संपत्ति में गायत्री का बड़ा बेटा अनिल भी जेल में बंद है।
कहां-कहां कार्रवाई
लखनऊ : 80 से अधिक संपत्तियों के दस्तावेज मिले
लखनऊ में गायत्री के बेटे अनिल व अनुराग के गोमतीनगर, विभूतिखंड में ओमेक्स स्थित कार्यालय और बिजनौर रोड स्थित कार्यालय में छापा मारा गया। साथ ही, हैवलॉक रोड स्थित आवास पर भी कार्रवाई हुई। यहां से 11 लाख के पुराने नोट और 1.5 लाख रुपये के नए नोट बरामद किया गया। 80 से अधिक संपत्तियों के दस्तावेज मिले हैं।
अमेठी : 8 घंटे खंगाला मंत्री व ड्राइवर का घर
ईडी ने अमेठी में गायत्री के आवास विकास कॉलोनी स्थित घर और उसके ड्राइवर रामराज यादव उर्फ छोटू के टिकरी गांव स्थित घर पर करीब 8 घंटे तक एक साथ कार्रवाई की। प्रयागराज से पहुंची टीम कई बैग में कागजात भरकर अपने साथ ले गई। अफसरों के अनुसार ड्राइवर के पास भी 200 करोड़ की प्रॉपर्टी होने की जानकारी सामने आई है।
कानपुर : सीए के यहां कार्रवाई
गायत्री की अवैध कमाई को सफेद करने में मदद करने वाले कानपुर में चार्टर्ड अकांटेंट के यहां छापा मारा गया। कई दस्तावेज जब्त किए गए।
दुष्कर्म समेत कई मामलों में आरोपी है गायत्री
दुष्कर्म व धोखाधड़ी में लखनऊ जेल में बंद गायत्री पर कई आरोप हैं। वर्ष 2012 व 2016 के बीच खनन पट्टों के आवंटन में गड़बड़ की सीबीआई जांच चल रही है। सीबीआई ने 22 ठिकानों पर छापा मारकर गायत्री की कई बेनामी संपत्तियों का खुलासा किया था। हमीरपुर खनन घोटाले में ईडी भी मनी लॉन्ड्रिंग में जांच कर रही है। ईडी पूर्व मंत्री की संपत्तियों को जब्त करने की तैयारी भी कर रही है। विजिलेंस भी आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक संपत्ति की जांच कर रही है।