69000 शिक्षक भर्ती: शिक्षा विभाग के कर्मचारियों को बंधक बनाने के मामले में 100 पर मुकदमा
बेसिक शिक्षा निदेशालय के प्रशासनिक अधिकारी की तहरीर पर प्रदर्शनकारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। 61 प्रदर्शनकारी शांति भंग के आरोप में जेल भेजे गए।
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महानगर के निशातगंज स्थित बेसिक शिक्षा निदेशालय में बृहस्पतिवार को घुसे प्रदर्शनकारियों ने कई घंटे तक हंगामा किया। जहां कर्मचारियों को बंधक बना लिया गया। जानकारी होने पर पहुंची पुलिस से भी कहासुनी व धक्का-मुक्की हुई। पुलिस ने इस मामले में 61 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार कर लिया। वहीं देर रात को 80 - 100 प्रदर्शनकारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
प्रभारी निरीक्षक महानगर प्रदीप सिंह के मुताबिक बेसिक शिक्षा निदेशालय के प्रशासनिक अधिकारी संजय कुमार शुक्ला ने 80 से 100 अज्ञात प्रदर्शनकारियों के खिलाफ महानगर थाने में बंधक बनाने, बलवा, सरकारी काम में बाधक बनने, धमकी देने व सेवेन सीएल एक्ट सहित कई संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस के मुताबिक मुकदमा दर्ज करने के बाद वीडियो व फोटो के आधार पर आरोपियों को चिह्नित किया जा रहा है। एसीपी महानगर सैय्यद अब्बास के मुताबिक हंगामे व प्रदर्शन में शामिल 61 प्रदर्शनकारियों को निदेशालय से गिरफ्तार किया गया जिनके खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई करते हुए उन्हें जेल भेज दिया गया। शुक्रवार को निदेशालय में भारी सुरक्षा के इंतजाम किये गये थे।
यह है मामला
69000 शिक्षक भर्ती मामले में आरक्षण घोटाले का आरोप लगाते हुए लंबे समय से प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थी बृहस्पतिवार की दोपहर बेसिक शिक्षा निदेशालय में घुस गए और वहां के कर्मचारियों को बंधक बना लिया। ये लोग वहां पर अलग-अलग कमरों में जाकर बैठ गए व नारेबाजी करने लगे।
करीब सात घंटे तक प्रदर्शन कर रहे लोगों ने निदेशालय में हंगामा किया और वहां के लोगों को बंधक बनाए रखा। आठ बजे भारी पुलिस बल ने 61 प्रदर्शनकारियों को निदेशालय से गिरफ्तार करते हुए पूरे भवन को खाली कराया। इस दौरान एक युवक ने अपने हाथ पर ब्लेड से वारकर खुद को घायल भी कर लिया था।