योगी सरकार ने हाथरस मामले की जांच सीबीआई से कराने की सिफारिश की
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उत्तर प्रदेश सरकार हाथरस कांड की जांच सीबीआई से कराने की सिफारिश करेगी। मुख्यमंत्री योगी ने अधिकारियों को इस बात के आदेश दे दिए है। सीएम ने यह फैसला अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी और डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी के हाथरस से लौटने के बाद लिया गया है।
मुख्यमंत्री श्री @myogiadityanath जी ने सम्पूर्ण हाथरस प्रकरण की जांच सीबीआई से कराए जाने के आदेश दिए हैं।
— CM Office, GoUP (@CMOfficeUP) October 3, 2020विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसकी जानकारी ट्वीट कर के दी है। सीबीआई उन तमाम पहलुओं की जांच करेगी जो 14 सितंबर से अब तक सामने आए हैं। हालांकि पीडि़त परिजनों की ओर से इस मामले में सीबीआई की जांच के बजाय सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच कराए जाने की मांग की थी। लेकिन अपर मुख्य सचिव गृह और डीजीपी ने लौट कर मुख्यमंत्री को पूरी बात बताई जिसके मुख्यमंत्री ने पूरा मामला सीबीआई को देने का निर्णय लिया।
हाथरस की दुर्भाग्यपूर्ण घटना और जुड़े सभी बिंदुओं की गहन पड़ताल के उद्देश्य से यूपी सरकार इस प्रकरण की विवेचना केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) के माध्यम से कराने की संस्तुति कर रही है। इस घटना के लिए जिम्मेदार सभी लोगों को कठोरतम सजा दिलाने के लिए हम संकल्पबद्ध हैं : यूपी CM pic.twitter.com/TRmNcZBuoh
— ANI_HindiNews (@AHindinews) October 3, 2020
इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर प्रदेश के दोनों वरिष्ठ अधिकारी अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी और डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी हाथरस गए थे। हाथरस में दोनों अधिकारियों ने पीडि़त परिवार से मुलाकात की थी और उनकी मांग व समस्याओं के बारे में सुना था। अब इस पूरे मामले को सीबीआई के सुपुर्द करने का फैसला किया गया है। अभी तक इस मामले की जांच मुख्यमंत्री के निर्देश पर सचिव गृह की अध्यक्षता में गठित एसआईटी कर रही है। एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट के आधार पर वहां के पांच पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों को निलंबित किया जा चुका है।