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‘मेरी मौत के लिए अफसर व बड़े बाबू जिम्मेदार, इन दोनों का काला चिट्ठा सूटकेस में बंद है’

Thu, 19 Jan 2017 10:57 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Thu, 19 Jan 2017 10:57 AM IST
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clerk committed suicide in lucknow
‌‌प‌िछली साल होली पर पत्नी के साथ उत्तम - फोटो : amar ujala

लखनऊ के गाजीपुर थाना क्षेत्र में मुंशी पुलिया सेक्टर 21 में बुधवार सुबह ग्रामीण अभियंत्रण सेवा में तैनात बाबू उत्तमचंद्र ने महकमे के अधिकारियों पर प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए फांसी लगाकर जान दे दी। 

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उनका शव मकान की दूसरी मंजिल पर स्थित किचन में लटका पाया गया। परिवारीजन उन्हें लेकर लोहिया अस्पताल पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। अस्पताल में ही पुलिस ने कपड़ों की तलाशी ली, जिसमें बड़े बाबू राजेश श्रीवास्तव और अधिकारी रियाज पर प्रताड़ना का आरोप का सुसाइड नोट मिलने से हड़कंप मच गया। 
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उत्तमचंद्र ने सुसाइड नोट में दोनों अधिकारियों का काला चिट्ठा अपने कमरे में रखे सूटकेस में बंद होने की जानकारी दी है। पुलिस ने सुसाइड नोट और सूटकेस में रखे कागजात जब्त कर लिए हैं।
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उत्तमचंद्र के बेटे आनंद ने बताया कि आरोपी बाबू राजेश श्रीवास्तव और अधिकारी रियाज इस वक्त बाराबंकी में तैनात हैं। 

उत्तमचंद्र भी पहले बाराबंकी में ही तैनात थे। वर्ष 2013 में उसका ट्रांसफर बहराइच हो गया। इसके बाद भी राजेश और रियाज उसके पिता के खिलाफ साजिशें रच रहे थे। उन पर टेंडर में गड़बड़ियां करने और घोटालों में शामिल होने के आरोप लगाए जा रहे थे।

आधी रात को करते थे फोन

clerk committed suicide in lucknow
डेमो प‌िक - फोटो : getty
आधी रात को रियाज और राजेश फोन करके परेशान करते थे। इससे उत्तमचंद्र कुछ महीने से डिप्रेशन में आ गए थे। मंगलवार रात वह ठीक से सोये भी नहीं। सुबह सात बजे ही उठकर उन्होंने पत्नी से कहा कि छत पर टहलने जा रहे हैं। डेढ़ घंटे तक नीचे न आने पर पत्नी ने उन्हें आवाज लगाई। 

कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली तो पत्नी छत पर पहुंचीं। उत्तमचंद्र कहीं नहीं दिखे तो वह उन्हें ढूंढ़ते हुए किचन में चली गईं। भीतर का नजारा देखते ही उनकी चीख निकल गई। उत्तमचंद्र फंदे से लटके हुए थे। 

शोर सुनकर बेटे आनंद, आशुतोष, आशीष व अरुण सहित अन्य परिवारीजन आ गए। फंदा काटकर उन्हें लोहिया अस्पताल ले जाया गया जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। इंस्पेक्टर दीपक दुबे ने बताया कि उत्तमचंद्र के बड़े सत्यप्रकाश की तरफ से राजेश और रियाज के खिलाफ एफआईआर दर्ज करके छानबीन की जा रही है।

मेरी मौत के जिम्मेदार राजेश और रियाज

clerk committed suicide in lucknow
डेमो प‌िक

उत्तमचंद्र ने सुसाइड नोट में लिखा ‘मैं विभाग के बड़े बाबू राजेश श्रीवास्तव व अफसर रियाज की प्रताड़ना से तंग आकर खुदकुशी कर रहा हूं। मेरी मौत के लिए ये दोनों ही जिम्मेदार हैं। इन दोनों का काला चिट्ठा सूटकेस में बंद है।’

बेटे आशुतोष ने बताया कि पिता एक खुशदिल इंसान थे। घर पर हों या बाहर, वह हमेशा लोगों से हंसकर मिला करते थे। लेकिन कुछ हफ्तों से उनके चेहरे पर तनाव नजर आ रहा था। 

उन्होंने परिवारीजनों के साथ उठना-बैठना और हंसना-बोलना भी बंद कर दिया था। परिवारीजनों ने कई बार पूछा लेकिन वह कुछ बताते नहीं थे। कई रात उन्होंने जागकर गुजारीं। रात को अक्सर फोन कॉल्स आती लेकिन वह कोई भी कॉल रिसीव नहीं करते थे। 

बेटा बोला, ईमानदार थे पिता
आशुतोष ने बताया कि उनके पिता ईमानदार थे। शक है विभाग में हुए घोटाले में बड़े बाबू समेत अफसर शामिल होंगे। ऐसे में मामले को दबाने के लिए पिता पर दबाव डाल रहे होंगे।

सौ पन्ने की मिली फाइल
इंस्पेक्टर दीपक दुबे ने बताया कि छानबीन में सूटकेस में कई अहम दस्तावेज मिले हैं। सौ पन्ने की एक फाइल मिली है। अभी तक इस फाइल का अध्ययन नहीं किया गया है। विभागीय अधिकारियों व विशेषज्ञों से राय लेने के बाद राजफाश होगा। वहीं, एक टीम को भेजकर बड़े बाबू राजेश व रियाज से भी पूछताछ की जाएगी।
 

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